दुनिया में लोग रिकार्ड्स बनाने के लिए जिंदगी भर प्रैक्टिस करते हैं. पर कुछ ऐसे भाग्यशाली भी होते हैं, जिनका नाम पैदा होते ही रिकॉर्ड्स में शामिल हो जाता है. ऐसी ही एक रिकॉर्डधारी बच्ची का जन्म 23 मई को कर्नाटकमें हुआ. जन्म के वक्त उसका वजन 6.8 किलो था. उसकी मां का नाम नंदिनी है. जिसकी उम्र 19 साल है.
नॉर्मल बच्चे से दुगना है वजन
पैदा होने के वक्त एक नॉर्मल बच्चे का वजन 3.4 किलो के करीब होता है. इस बच्ची का वजन नार्मल से दोगुना है.
बच्ची को देखने पहुंचे हेल्थ ऑफिसर

बच्ची के वजन की खबर सुनकर स्थानीय हेल्थ ऑफिसर खुद बच्ची को देखने पहुंचे. स्थानीय हेल्थ ऑफिसर का कहना है, मैंने अपने 25 साल के करियर में कभी इतना बड़ा बच्चा नहीं देखा. ये चमत्कार है. मुझे लगता है ये भारत कि ही नहीं दुनिया की भी सबसे वजनी बच्ची होगी. ये भगवान का खूबसूरत तोहफा है. और पूरी तरह स्वस्थ है.
डायबिटीज का शक था

उसकी मां नंदिनी का वजन भी 94 किलो और लंबाई 5 फुट 9 इंच है. पहले डॉक्टर बच्ची का वजन देखकर लगा था कि हो सकता है, उसकी मां को डायबिटीज हो. क्योंकि ऐसा होने पर अक्सर बच्चों का वजन बढ़ जाता है. पर मां की जांच में वो पूरी तरह से स्वस्थ है.
पूरी तरह स्वस्थ हैं मां- बेटी
बच्ची की डिलीवरी कराने वाली डॉक्टर पूर्णिमा मनु कहती हैं, हम सब के लिए ये बच्ची बड़ा सरप्राइज है. ऑपरेशन में आधा घंटा लगा. पर ऑपरेशन में कोई रिस्क नहीं था. उसको बढ़े हुए शुगर लेवल या थायराइड की भी कोई समस्या नहीं है. उसकी सांसें भी नॉर्मल हैं. उसकी मां पहले भी रेगुलर हेल्थ-चेकअप के लिए आती रही है. और कभी कोई समस्या नहीं मिली. मां और बेटी दोनों ही स्वस्थ हैं. एक बार हम पूरी तरह से बच्ची के स्वास्थ्य की जांच कर लें. फिर उन्हें घर जाने दिया जा सकता है.
भारत की सबसे भारी बच्ची
उसके वर्ल्ड रिकॉर्ड को लेकर अभी संशय है. पर ये पक्का है कि नंदिनी की बच्ची भारत में जन्मी अब तक की सबसे वजनी बच्ची है. पिछले साल नवंबर में फिरदौस खातून ने 6.7 किलो की बच्ची को जन्म दिया था. जो अब तक भारत की सबसे वजनी बच्ची थी.
वर्ल्ड रिकॉर्ड को लेकर संशय
गिनीज बुक में दर्ज अब तक की सबसे भारी बच्ची अन्ना हैनिंग बेट्स थी. जिसका वजन जन्म के वक्त करीब 8.2 किलो था. उसका जन्म 1846 में हुआ था. उसका वजन करीब 10 किलो था. पर जन्म से कुछ देर बाद ही उसकी मां की मौत हो गई. स्वस्थ मां से पैदा हुआ अब तक का सबसे भारी बच्चा इटली का है. जिसका जन्म 1955 में हुआ. उसका वजन 10.2 किलो था. गिनीज बुक लड़के और लड़की की पैदाइश का अलग-अलग रिकॉर्ड नहीं रखता है.
जल्द होगी डिस्चार्ज
बहरहाल अभी बच्ची को निओनेटल इंटेंसिव केयर यूनिट में रखा गया है. ताकि घर भेजने से पहले उसकी पूरी जांच की जा सके.