उत्तरप्रदेश के कानपुर में एक किसान रहते हैं शैलेंद्र निषाद नाम के. गेंदे के फूलों की खेती करते हैं. रोज़ एक ही चीज़ से परेशान रहते थे. रात को कोई उनके खेत से गेंदे के फूल चुराकर ले जाता था. एक दिन उन्होंने सोचा कि चोर को पकड़कर उसकी पिटाई करेंगे और फिर पुलिस के हवाले कर देंगे. इसलिए खेत में डंडा लेकर छुप गए. लेकिन जब उन्होंने असली चोर का चेहरा देखा तो बस देखते ही रह गए. चोर कोई और नहीं बकरियां थीं. लेकिन निषाद साहब भी जिद्दी थे, बकरियों को लेकर थाने पहुंच गए, तहरीर लिखवाने.
किसान ने रात में खेत पहुंचकर पकड़ा ऐसा चोर की पुलिस भी दंग रह गई
कानपुर के एक किसान के फूल रोज़ कोई खेत से चुरा लेता था. तो उसने फैसला लिया कि चोर को पकड़ेगा, धुलाई करेगा, फिर थाने ले जाएगा.


आजतक से जुड़े रंजय सिंह की रिपोर्ट के मुताबिक ये वाकया कानपुर के भीतरगांव इलाके के गौरी काकरा गांव का है. शैलेंद्र गेंदे के फूलों की खेती करते हैं और फिर फूलों को शहर बेचने जाते हैं. शैलेंद्र को लगता था कि उनके खेतों से कोई फूल चुराकर ले जाता है, इसलिए उन्होंने आसपास के लोगों से पूछा. लेकिन उन्हें कोई जानकारी नहीं मिल पाई. इसी के चलते 2 अक्टूबर को उन्होंने फैसला लिया कि वो शहर नहीं जाएंगे.
जानकारी के मुताबिक शैलेंद्र लाठी लेकर खुद ही खेत की रखवाली करने लग गए. शाम को उन्होंने देखा कि 4-5 बकरियां चुपचाप आकर उनके खेत में घुसती हैं और फूल चरने लगती हैं. शैलेंद्र ने सभी बकरियों को पकड़ने की कोशिश की लेकिन वो सिर्फ़ दो ही बकरियों को पकड़ पाए. दोनों को पकड़कर शैलेंद्र ने उनको ऑटो में बैठाया और सीधे पुलिस स्टेशन लेकर आ गए.

पहले तो थाने में बकरियों को देखकर पुलिस चौंक गई. लेकिन शैलेंद्र को सुना गया. उन्होंने पुलिस को बताया,
“बकरियों की वजह से मेरा बहुत नुकसान हुआ है. इन्होंने मेरे खेत से फूल खाए हैं. इनके मालिक इनपर घ्यान नहीं देते हैं. आप बताइए क्या किया जाए?”
पुलिस को पता चला कि बकरियां गांव में रहने वाली एक लड़की की हैं. जो अक्सर बीमार रहती है, इसलिए अपनी बकरियों को खुला छोड़ देती है. पुलिस ने लड़की को चेतावनी देकर उसकी बकरियों को छोड़ दिया.
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