पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में ईरान और अमेरिका के बीच चल रही बातचीत फेल हो गई है. अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने कहा कि ईरान ने अमेरिका की शर्तें मानने से इनकार कर दिया है. उन्होंने कहा कि यह ईरान के लिए ज्यादा बुरी खबर है, न कि अमेरिका के लिए. उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने यह भी कहा कि अमेरिका ने अपना फाइनल और बेस्ट ऑफर ईरान को दे दिया है. अब देखना यह होगा कि ईरान यह ऑफर स्वीकार करता है या नहीं.
इस्लामाबाद में ईरान-US की बातचीत फेल, जेडी वेंस बोले- 'ईरान ने हमारी शर्तें नहीं मानी, हम अमेरिका लौट रहे'
Iran-US Islamabad Talks Failed: अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance ने कहा कि अमेरिका ने अपना फाइनल और बेस्ट ऑफर ईरान को दे दिया है. अब देखना यह होगा कि ईरान यह ऑफर स्वीकार करता है या नहीं. जेडी वेंस अमेरिका के लिए रवाना हो गए हैं.


शनिवार, 11 अप्रैल को अमेरिका और ईरानी डेलीगेशन के बीच बातचीत शुरू हुई. वाइस प्रेसिडेंट जेडी वेंस ने नेगोशिएशन में अमेरिका की तरफ से लीड किया, जबकि ईरानी पार्लियामेंट के स्पीकर मोहम्मद बाकिर कालीबाफ ने ईरानी तरफ से लीड किया. कई राउंड की बातचीत के बाद जेडी वेंस ने रविवार, 12 अप्रैल की सुबह एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की. पत्रकारों से बात करते हुए जेडी वेंस ने कहा,
"हम पिछले 21 घंटे से इस बातचीत में लगे हुए हैं और हमने ईरानियों के साथ कई अहम बातचीत की है. यह अच्छी खबर है. बुरी खबर यह है कि हम किसी समझौते पर नहीं पहुंच पाए हैं. मुझे लगता है कि यह ईरान के लिए ज्यादा बुरी खबर है, न कि अमेरिका के लिए. इसलिए, हम किसी समझौते पर पहुंचे बिना अमेरिका वापस जा रहे हैं... उन्होंने हमारी शर्तें मानने से मना कर दिया है."
उन्होंने इस बातचीत को आयोजित कराने के लिए पाकिस्तान का भी शुक्रिया अदा किया. वेंस ने कहा,
“बातचीत में जो भी कमियां रहीं, वे पाकिस्तानियों की वजह से नहीं थीं. उन्होंने बहुत बढ़िया काम किया और सच में हमारी और ईरानियों की मदद करने की कोशिश की ताकि हम दोनों के बीच की खाई भर सके और किसी समझौते पर पहुंच सकें.”
जेडी वेंस इस्लामाबाद से अमेरिका के लिए रवाना हो गए हैं. दोनों देशों के बीच कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई. इसमें स्ट्रेट ऑफ होर्मुज, परमाणु कार्यक्रम, युद्ध का मुआवजा, ईरान की सीज संपत्ति छोड़ना और पश्चिम एशिया में जंग पूरी तरह खत्म करना शामिल है. जेडी वेंस के बयान से पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ समझौता हो या न हो, लेकिन जीत अमेरिका की ही होगी.
परमाणु हथियार को लेकर ‘फंसी’ बातचीत
उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने बताया कि अमेरिका के लिए सबसे बड़ा मुद्दा ईरान को न्यूक्लियर हथियार बनाने से रोकना है. उन्होंने कहा कि ईरान ने अमेरिका को अपना न्यूक्लियर एनरिचमेंट प्रोग्राम रोकने या परमाणु हथियार न बनाने को लेकर कोई ठोस कमिटमेंट नहीं दिया. यही बातचीत के पटरी से उतरने का सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट माना जा रहा है.
जेडी वेंस ने यह भी बताया कि पाकिस्तान आने से पहले राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने उनसे कहा था कि अच्छी नीयत के साथ इस्लामाबाद जाएं. वेंस ने दावा किया कि उन्होंने इस्लामाबाद में ईरानी डेलीगेशन के साथ अच्छी और साफ नीयत के साथ बात की.
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