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निर्मला सीतारामण के ऑफिस से जरूरी कागज-पत्ता लीक हुए, अरेस्ट हुआ बंदा कौन है?

वित्त मंत्रालय के कर्मचारी को हर सीक्रेट जानकारी की मुंह मांगी कीमत मिल रही थी

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जासूस निकला वित्त मंत्रालय का कर्मचारी (फोटो-आजतक)

वित्त मंत्रालय में काम करने वाले एक शख्स को जासूसी करने के आरोप में अरेस्ट किया गया है (Man Leaked Secret Information). बुधवार, 18 जनवरी को दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने इस जासूसी नेटवर्क का भंडाफोड़ किया. पुलिस ने बताया कि आरोपी पैसों के बदले दूसरे देशों को मंत्रालय से जुड़ी जानकारी देता था. ऐसी जानकारी जो भारत के लिहाज से संवेदनशील है.

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इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, आरोपी का नाम सुमित है. वो वित्त मंत्रालय में संविदा कर्मचारी है और डेटा एंट्री ऑपरेटर के रूप में काम करता है.

वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने अखबार को बताया-

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हमें पता चला है कि सुमित जासूसी गतिविधियों में शामिल था. वो काफी समय से अपने सहयोगियों को संवेदनशील जानकारी लीक कर रहा था. वो 1-2 साल से मंत्रालय में काम कर रहा है. धीरे-धारे उसने कनेक्शन बनाए और अपने सहयोगियों को जानकारी लीक की.

अपराध शाखा के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा-

आरोपी के सभी सहयोगी विदेश में रहते हैं. उन लोगों को कुछ विभागों के बारे में सीक्रेट जानकारी और डेटा चाहिए था. सुमित पूरी जानकारी फोन के जरिए शेयर करता था. इस काम के लिए सुमित को पैसे मिल रहे थे.

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17 जनवरी को क्राइम ब्रांच ने आरोपी सुमित के खिलाफ ऑफिशियल सीक्रेट एक्ट की धारा 3 (जासूसी के लिए दंड) और 9 (प्रयास, उकसाने) के तहत मामला दर्ज किया.

कैसे पकड़ा गया?

पुलिस ने इंडियन एक्सप्रेस को बताया-

हमें गुप्त जानकारी मिली कि एक कर्मचारी पैसे के लिए सीक्रेट जानकारी लीक कर रहा था. धीरे-धीरे लीड डेवलप की गई और सुमित की पहचान कर ली गई. जांच में सुमित के पास एक मोबाइल फोन मिला. उसमें सहयोगियों के साथ साझा किए गए दस्तावेज मिले.

पुलिस अब आरोपी से जुड़े उन सभी सहयोगियों की पहचान करने की कोशिश में जुट गई है.

ऑफिशियल सीक्रेट एक्ट 1923 क्या है?

ऑफिशियल सीक्रेट एक्ट 1923 सरकारी कर्मचारियों और सामान्य नागरिकों पर भी लागू होता है. ये कानून राष्ट्रीय सुरक्षा और जासूसी के मुद्दों पर अधिकारियों द्वारा सूचना को गोपनीय रखने के लिए लाया गया था. कानून के तहत जो भी शख्स जासूसी या देशद्रोह वाली गतिविधियों में शामिल होगा या कोई ऐसा काम करेगा जो देश की अस्मिता को चोट पहुंचाए तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी. 

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