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हैदराबाद में दो थैलियों के अंदर इंसानी मांस के सात टुकड़े मिले

चूड़ी, बिछिया और पेट में 8 महीने का बच्चा...

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पुलिस को जब लाश मिली, तो वो सात टुकड़ों में थी. दो अलग थैलियों में. जिनमें आटा-चावल लेकर आते हैं, उन्हीं थैलियों में. ये लाश एक औरत की थी और औरत के पेट में आठ महीने का बच्चा था.
लंबाई: पांच फुट चार इंच कद-काठी: सामान्य, न ज्यादा मोटी न ज्यादा पतली उम्र: तकरीबन 30 साल चेहरा: गोल रंग: गोरा मरुन रंग का कुर्ता, लाल रंग का पजामा. पैर के अंगूठे में चांदी की बिछिया. मरुन रंग की मैचिंग चूड़ियां. हाथ की एक उंगली में तांबे की अंगूठी. और पेट में आठ महीने का बच्चा. 
ये किसी गुमशुदा की पहचान नहीं है. ये एक लाश का ब्योरा है. सात टुकड़ों में मिली है ये लाश. किसी ने पहले उसे मारा. फिर उसके टुकड़े किए. फिर उसे नीले रंग के पैकेट में लपेटा. फिर उसे चावल की थैली में रखकर फेंक दिया. इन्हें दो अलग-अलग थैलियों में भरकर फेंका गया था. रात के वक्त. सुबह जब नगर निगम के कर्मचारी कचरा उठाने आए, तो उन्हें लाश के टुकड़ों से भरे थैले मिले. पूरा इलाका सहमा हुआ है.
पुलिस हैदराबाद के डॉक्टरों और गायनेकोलॉजिस्ट्स से बात कर रही है. इस उम्मीद में कि शायद चेकअप के लिए ये महिला किसी डॉक्टर के पास गई हो.
पुलिस हैदराबाद के डॉक्टरों और गायनेकोलॉजिस्ट्स से बात कर रही है. इस उम्मीद में कि शायद चेकअप के लिए ये महिला किसी डॉक्टर के पास गई हो.

लाश सड़ने लगी, तो टुकड़े-टुकड़े करके फेंक दिया औरत को पहले ही मार डाला गया था. तीन-चार दिन तक उसकी लाश को सड़ाया गया. शायद मारने वाला लाश छुपाने की कोशिश कर रहा था. फिर जब लाश सड़ने लगी होगी, तो बदबू आने लगी होगी. पकड़े जाने के डर से उसने लाश के टुकड़े-टुकड़े करके उसे थैलियों में भरा और ठिकाने लगा दिया. इस ब्योरे से मन दुखी हुआ हो, तो थोड़ा सब्र कीजिए. इस लाश की सबसे उदास करने वाली बात है उसका प्रेगनेंट होना. उसके पेट में आठ महीने का बच्चा था. औरत मरी, बच्चा भी मरा.
शायद UP-बिहार की रहने वाली थी हैदराबाद पुलिस का कहना है कि ये औरत लोकल नहीं लग रही. हो सकता है कि हिंदी पट्टी की रही हो. या फिर ओडिशा, झारखंड या फिर छत्तीसगढ़ जैसे आदिवासी इलाकों की हो. पुलिस तफ्तीश में जुटी है. शहर के सारे डॉक्टरों और गायनेकोलॉजिस्ट्स से बात की जा रही है. चूंकि औरत प्रेगनेंट थी, तो हो सकता है कि किसी डॉक्टर के पास गई हो. मकान मालिकों से बात की जा रही हो. कि शायद कहीं किसी के मकान में रहती हो. शायद किसी ने देखा हो कहीं उसे. शायद कोई हो जो उसे जानता हो. मगर पुलिस को अभी तक कोई ऐसा नहीं मिला है जो इस लाश की खबर दे सके.


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