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बेंगलुरु: पीएम मोदी के स्वागत के लिए करोड़ों की सड़क बनाई, 2 दिन बाद ही कहीं उखड़ गई, कहीं धंस गई

ये जानकारी सामने आने के बाद बेंगलुरु नगर निगम की काफी आलोचना हुई. सीएम बसवराज बोम्मई ने मामले में जांच के आदेश दिए हैं.

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बेंगलुरु नगर निगम द्वारा बनाई गई नई सड़क की हालत (फोटो- TV9 कन्नड़/ANI)

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हाल में कर्नाटक के दो दिन के दौरे पर गए थे. बेंगलुरु नगर निगम ने पीएम के स्वागत के लिए काफी तैयारी की. सड़कों को दुरुस्त किया गया. इस पर करीब 23 करोड़ रुपये खर्च किए गए. लेकिन प्रधानमंत्री के दौरे के दो दिन बाद ही सड़क की हालत खराब नजर आई. कहीं पर सड़क धंस गई तो कहीं सड़क पर इस्तेमाल किया गया अलकतरा (जिसे डांबर या कोल तार भी कहते हैं) हाथ से उखड़ने लगा. सड़कों की ऐसी तस्वीरें सामने आने के बाद बेंगलुरु नगर निगम की काफी आलोचना हो रही है.

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कहां पर बनी है सड़क?

प्रधानमंत्री के दौरे से ठीक पहले बेंगलुरु में 14 किलोमीटर लंबी सड़क को ठीक किया गया. इसी के तहत जनाना भारती मेन रोड पर भी पिचिंग (अलकतरा और गिट्टी मिलाकर बिछाना) की गई. ये सड़क 3.6 किलोमीटर लंबी है जो बेंगलुरु यूनिवर्सिटी कैंपस में आती है. इसे 6 करोड़ की लागत से बनाया गया था. प्रधानमंत्री मोदी इसी रास्ते से डॉ भीमराव अंबेडकर स्कूल ऑफ इकनॉमिक्स (BASE) यूनिवर्सिटी के नए कैंपस का उद्घाटन करने पहुंचे थे. लेकिन एक रात की बारिश के बाद ही ये सड़क अब धंस गई है.

अंग्रेजी वेबसाइट द न्यूज मिनट की रिपोर्ट के मुताबिक, बेंगलुरु नगर निगम के चीफ कमिश्नर तुषार गिरिनाथ ने स्वीकार किया है कि नई की नई सड़क खराब हुई है. हालांकि उन्होंने कहा कि भारी बारिश के कारण सड़क के एक हिस्से को नुकसान हुआ है. कमिश्नर ने कहा कि ये कहना सही नहीं है कि पूरी सड़क ही खराब हो गई है.

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‘5 दिन पहले शुरू हुआ था काम’

TV9 कन्नड़ ने एक वीडियो जारी किया है. इसमें सड़क की हालत ऐसी दिख रही है कि उसके रिपोर्टर हाथ से आसानी से उखाड़ रहे हैं. पीएम मोदी के दौरे को लेकर बेंगलुरु के दूसरे इलाकों में भी सड़कें ठीक की गई थीं.

बेंगलुरु नगर निगम के अधिकारी ने खुद स्वीकार किया सड़क इतने कम समय में बनाई गई कि क्वालिटी का ध्यान नहीं रखा गया. एक अधिकारी ने इंडियन एक्सप्रेस को बताया, 

"प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर सड़क बनाई गई थी. ये काम उनके कार्यक्रम से सिर्फ 5 दिन पहले शुरू हुआ. सभी को जरूरत थी कि जब प्रधानमंत्री आएं तो सड़क अच्छी स्थिति में दिखे."

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काफी आलोचना के बाद बेंगलुरु नगर निगम ने घटिया सामान के इस्तेमाल को लेकर तीन इंजीनियर को कारण बताओ नोटिस जारी किया है. इससे पहले सीएम बसवराज बोम्मई ने मामले में जांच और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने का आदेश दिया था. कर्नाटक सीएम की तरफ से ये भी कहा गया था कि शुरुआती जांच में पता चला कि पानी के पाइप में लीकेज की वजह से ऐसा हुआ है.

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