The Lallantop

अग्निपथ प्रदर्शन: तेलंगाना के सिकंदराबाद में पुलिस फायरिंग में एक की मौत, 14 घायल

पुलिस का कहना है कि प्रदर्शनकारियों ने पत्थरबाजी की और ट्रेन की बोगियों में आग लगा दी, जिससे रेलवे का काफी नुकसान हुआ है.

Advertisement
post-main-image
सिकंदराबाद स्टेशन पर प्रदर्शन और ट्रेन में लगाई गई आग. (वीडियोग्रैब: ट्विटर)

तेलंगाना के सिकंदराबाद रेलवे स्टेशन पर 'अग्निपथ योजना' के विरोध में प्रदर्शन के दौरान एक व्यक्ति की मौत हो गई. वहीं कम से कम 14 लोग घायल हुए हैं. भीड़ को नियंत्रित करने की कोशिश में पुलिस की फायरिंग में ये नुकसान हुआ.

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement

इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, वारंगल के रहने वाले स्थानीय निवासी दामोदर नामक व्यक्ति की मौत हुई है. वहीं 14 घायलों में से एक की स्थिति काफी गंभीर है. घायलों को सिकंदराबाद स्थित गांधी अस्पताल ले जाया गया है.

हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, 

Advertisement

'जब लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले छोड़े जाने के बावजूद भीड़ काबू में नहीं आई तो जनरल रेलवे पुलिस (जीआरपी) को मजबूरी में गोली चलानी पड़ी.'

रिपोर्ट के मुताबिक जीआरपी ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए कथित तौर पर 17 राउंड गोलियां चलाईं. इस दौरान दो पुलिस कॉन्स्टेबल भी घायल हो गए. रेलवे डीजी संदीपा शांडिल्य और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया.

पुलिस का कहना है कि प्रदर्शनकारियों ने पत्थरबाजी की और ट्रेन की बोगियों में आग लगा दी, जिससे रेलवे का काफी नुकसान हुआ है.

Advertisement

रिपोर्ट के मुताबिक भीड़ ने रेलवे स्टेशन के बाहर खड़ी राज्य सड़क परिवहन निगम की बसों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया. वहीं दक्षिण-मध्य रेलवे विभाग को स्टेशन पर आने वाली सभी ट्रेनों को तत्काल रोकना पड़ा.

पुलिस के अनुसार, सैकड़ों प्रदर्शनकारियों ने रेलवे स्टेशन पर धावा बोला और प्लेटफॉर्म नंबर 1 और 2 के स्टॉल्स तथा ऑफिसों को लाठी-डंडों से क्षतिग्रस्त कर दिया. उन्होंने खड़ी ट्रेनों पर पथराव किया. इसके चलते कुछ यात्री घायल भी हुए हैं.

बाद में, प्रदर्शनकारियों ने कोलकाता जाने वाली ईस्ट कोस्ट एक्सप्रेस की दो बोगियों में आग लगा दी, जो स्टेशन से निकल रही थी. उन्होंने अजंता एक्सप्रेस और मल्टी-मॉडल ट्रांसपोर्ट सिस्टम (एमएमटीएस) ट्रेनों की कुछ बोगियों को भी आग के हवाले कर दिया.

प्रदर्शनकारियों ने रेलवे के सामानों को भी पटरियों पर फेंक दिया और उनमें आग लगा दी. इस दौरान ट्रैक पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया. पांच दमकल गाड़ियों को स्टेशन और उसके परिसर में लगी आग पर काबू पाने में दो घंटे से अधिक का समय लगा.
 

Advertisement