दिल्ली में Vision IAS नाम की कोचिंग के स्टूडेंट्स सड़कों पर हैं. Vision IAS, UPSC की तैयारी कराने वाला एक कोचिंग संस्थान है. ये कोचिंग सेंटर दिल्ली के करोल बाग में है. 28 जुलाई को मैनेजमेंट और स्टूडेंट्स के बीच दिनभर बवाल हुआ. पुलिस को भी आना पड़ा. स्टूडेंट्स की मांग है, या तो ऑनलाइन क्लासेज़ शुरू करो या फिर रिफंड करो. आरोप है कि महीनों से फैकल्टी को सैलरी नहीं मिली है. इसलिए क्लासेस बंद पड़ी हैं.
Vision IAS बंद? टीचर्स को महीनों से नहीं मिली सैलरी, छात्र धरने पर बैठे
Vision IAS Coaching में जो टीचर्स सालों से पढ़ा रहे थे, उन्हें भी बिना नोटिस के निकाल दिया गया. बाकी टीचर्स को भी कई महीनों से सैलरी नहीं दी जा रही है. एक वीडियो में कोचिंग के डायरेक्टर स्टूडेंट्स से वादा करते नज़र आए कि कुछ दिनों में क्लासेज़ पहले की तरह शुरू हो जाएंगी. लेकिन फिर भी छात्र अपनी मांगों पर अड़े हैं.

स्टूडेंट्स देश के अलग-अलग कोनों से आकर दिल्ली में कोचिंग के लिए एडमिशन लेते हैं. किराया, ट्रांसपोर्ट और खाने-पीने में हर महीने हज़ारों रुपए खर्च करते हैं. लेकिन जब कोचिंग पहुंचते हैं तो पता चलता है कि क्लासेज़ नहीं चलेंगी. आरोप है कि ये सिलसिला पिछले कई महीनों से चल रहा है.
बिना नोटिस टीचर्स को निकाल दियासोशल मीडिया पर कई वीडियोज़ सामने आए जहां स्टूडेंट्स विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं. एक वीडियो में कोचिंग डायरेक्टर अजय सिंह और को-फाउंडर अनूप सिंह भी नज़र आ रहे हैं. दोनों को स्टूडेंट्स घेर कर खड़े हैं. रिफंड की मांग की जा रही है. पुलिस किसी तरह दोनों को बचाकर अपने साथ ले जाती है. दावा किया जा रहा है कि जो टीचर्स सालों से कोचिंग में पढ़ा रहे थे, उन्हें भी बिना नोटिस के निकाल दिया गया. बाकी टीचर्स को भी कई महीनों से सैलरी नहीं दी जा रही है. एक वीडियो में कोचिंग के डायरेक्टर स्टूडेंट्स से वादा करते नज़र आए कि कुछ दिनों में क्लासेज़ पहले की तरह शुरू हो जाएंगी. लेकिन फिर भी छात्र अपनी मांगों पर अड़े हैं.
द प्रिंट की रिपोर्ट के मुताबिक, कोचिंग के एक फैकल्टी ने नाम ना बताने की शर्त पर बताया,
‘क्लास ठीक से नहीं चल रही थीं और टीचर इंस्टीट्यूट छोड़कर जा रहे थे. क्योंकि एडमिनिस्ट्रेशन ने महीनों से सैलरी नहीं दी थी. स्टूडेंट्स ने क्लास के अनियमित होने को लेकर विरोध करना शुरू कर दिया. प्रोटेस्ट में लगभग 500 स्टूडेंट्स मौजूद थे. को-फाउंडर अनूप सिंह वहां पहुंचे और उन्होंने स्टूडेंट्स को मनाने की कोशिश की, लेकिन छात्र नहीं माने. अजय सिंह सिर्फ़ झूठे वादे कर रहे थे. बाद में उन्हें पुलिस स्टेशन ले जाया गया. आखिर में, फैकल्टी को छात्रों से वादा करना पड़ा कि शनिवार (1 अगस्त) से क्लास शुरू हो जाएंगी.’
फैकल्टी मेंबर ने आगे बताया,
'समस्या ये है कि वो कर्मचारियों को सैलरी नहीं दे रहे हैं और कोई भी मुफ्त में काम नहीं करना चाहता. कुछ लोगों को तो आठ महीनों से सैलरी नहीं मिली है. कुछ लोगों ने लेबर कोर्ट में भी इसकी शिकायत की है, लेकिन उन्होंने पैसे के दम पर स्थिति को संभाल लिया है.
नौकरी से निकाला, सैलरी तक नहीं दीआरोप है कि कई टीचर्स ऐसे भी हैं जिन्हें नौकरी से भी निकाला जा चुका है और सैलरी भी नहीं दी गई. स्टूडेंट्स का तो नुकसान हो ही रहा है. साथ में नौकरी करने वाले टीचर्स भी घाटे में हैं. वैसे रिपोर्ट के मुताबिक, फैकल्टी ने वादा किया है कि जल्द ही क्लास शुरू की जाएंगी. लेकिन इसका कोई कंफर्मेशन नहीं है.

(यह भी पढें: CJP प्रोटेस्ट में विदेशी फंडिंग... पैलेट गन चली? हर दावे और नैरेटिव का पूरा सच यहां जानें)
कोचिंग संस्थान ने क्या कहा?इस पूरे मामले पर कोचिंग संस्थान का पक्ष भी सामने आया है. विजन IAS ने अपना पक्ष रखते हुए एक्स पर लिखा,
‘Vision IAS पूरी तरह से काम कर रहा है. एकेडमिक प्रोग्राम और स्टूडेंट सपोर्ट सर्विस भी जारी हैं. एकेडमिक गतिविधियों के पूरी तरह बंद होने या रुकने की बातें अफवाह हैं. हम स्टूडेंट्स की चिंताओं को समझते हैं और उन्हें हल करने के लिए प्रतिबद्ध हैं. बैच के हिसाब से अपडेट और शिकायतों के समाधान से जुड़ी जानकारी Vision IAS के ऑफिशियल कम्युनिकेशन चैनल्स के ज़रिए दी जाएंगी. हम पारदर्शिता, जवाबदेही, एकेडमिक सर्विस को जारी रखने और हर स्टूडेंट के एकेडमिक हितों के लिए प्रतिबद्ध हैं.’
कोचिंग ने क्लासेज़ और सैलरी का आश्वासन दिया है. लेकिन स्टूडेंट्स अपनी मांगों को लेकर क्लीयर हैं कि या तो ऑफलाइन क्लास तुरंत शुरू करो या रिफंड दो.
वीडियो: दी लल्लनटॉप शो: दिल्ली में लाठीचार्ज पर सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा?









