तमिलनाडु के तिरुवल्लूर जिले में एक कंपनी में अमोनिया गैस के रिसाव का मामला सामने आया है. हादसे में कम से कम 65 से ज्यादा लोगों के प्रभावित होने की खबर है. पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, हादसे की शिकार हुई 7 महिलाओं की इलाज के दौरान मौत हो गई. घटना की सूचना मिलने के बाद राहत बचाव दल की टीमें रेस्क्यू का काम कर रही हैं.
तमिलनाडु में बड़ा हादसा, अमोनिया गैस लीक होने से 7 महिलाओं की मौत
Tamil Nadu के Tiruvallur जिले में स्थित एक कंपनी में अमोनिया गैस के रिसाव से बड़ा हादसा हो गया. घटना में अब तक 7 महिलाओं के मौत की खबर सामने आई है. घटनास्थल पर राहत कार्य जारी है.


गैस रिसाव का यह हादसा रविवार, 21 जून को पेरियापलायम के कनिगईपैर में सेंट पीटर पॉल सीफूड प्रोसेसिंग एंड एक्सपोर्ट कंपनी का है. इंडिया टुडे से जुड़े प्रमोद की रिपोर्ट के मुताबिक, घटना की सूचना मिलने के बाद सभी वर्करों को इलाज के लिए पास के वेल्स प्राइवेट मेडिकल कॉलेज और वेंकटेश्वर प्राइवेट मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल पहुंचाया गया. कथित तौर पर हादसे में 6 लोग बेहोश पाए गए और उनकी हालत अभी भी गंभीर है. 2 लोगों के नाक से खून बहने की भी बातें सामने आई हैं.
रिपोर्ट के मुताबिक, चेन्नई से NDRF के 30 जवानों की रेस्क्यू टीम पर्सनल प्रोटेक्टिव इक्विपमेंट (PPE), गैस का पता लगाने वाले डिवाइस और खास CBRN रेस्क्यू इक्विपमेंट के साथ मौके पर पहुंची है. द हिंदू की रिपोर्ट के मुताबिक, तिरुवल्लूर की DM एस कविता ने बताया कि हादसे के बाद कुल 67 लोगों को स्थानीय अस्पतालों में पहुंचाया गया. 46 पीड़ितों का इलाज वेल्स अस्पताल और 21 का वेंकटेश्वर अस्पताल में किया जा रहा है. हादसे में गंभीर रूप से घायल 9 मरीजों को चेन्नई के सरकारी स्टेनली मेडिकल कॉलेज अस्पताल के लिए रवाना कर दिया गया है. पीड़ितों का इलाज कर रहे डॉक्टर ने बताया,
प्रभावितों में युवा ज्यादाहमने कुल 44 मरीजों को एडमिट किया है, जिसमें से 43 महिलाएं और 1 पुरुष शामिल है. इनमें से हमने 15 से 16 को मरीजों को इंट्यूबेट किया है, जबकि, 11 अन्य मरीज वेंटिलेटर सपोर्ट पर हैं. सभी उत्तर भारत के प्रवासी मजदूर हैं.
डॉक्टर ने आगे बताया कि अमोनिया गैस के रिसाव से प्रभावित हुए लोगों में युवाओं की संख्या ज्यादा है. इनमें ज्यादातर करीब 24-25 साल की महिलाएं शामिल हैं. मुख्यमंत्री जोसेफ विजय ने घटना का संज्ञान लिया है. उन्होंने हादसे की जांच के लिए एक टीम बना दी है, जिसमें औद्योगिक सुरक्षा और स्वास्थ्य निदेशक और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सदस्य और सार्वजनिक स्वास्थ्य के अतिरिक्त निदेशक शामिल हैं. टीम को 24 घंटे के भीतर अंतरिम रिपोर्ट और अगले 3 दिनों में फाइनल रिपोर्ट सौंपने के लिए कहा गया है.
हादसे पर तमिलनाडु के राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर हादसे पर कहा कि झींगा प्रोसेसिंग फैक्टरी में अमोनिया गैस लीक की घटना से मुझे गहरा दुख हुआ है. घटना में कई लोगों की जान चली गई और कई कर्मचारी घायल हो गए. आर्लेकर ने कहा,
इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना में अपने प्रियजन को खोने वाले परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं. मैं प्रार्थना करता हूं कि उन्हें इस मुश्किल समय में हिम्मत और हौसला मिले. मैं उन सभी लोगों के जल्द ठीक होने की भी प्रार्थना करता हूं जिनका इलाज चल रहा है और उनके अच्छे स्वास्थ्य की कामना करता हूं.

जिले की DM ने खुद घटनास्थल का दौरा किया और मरीजों से अस्पताल में पीड़ितों से मुलाकात भी की.
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