The Lallantop

विदेशी महिला का रेप-मर्डर किया था, अब दोषी जिंदगी भर जेल में रहेगा, आठ साल बाद मिला न्याय

Foreign Tourist Rape Murder Case: रेप-मर्डर के लिए 25,000 रुपये और सबूत मिटाने के लिए 10,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया है. क्या है पूरा मामला?

Advertisement
post-main-image
आयरिश-ब्रिटिश महिला के साथ रेप-मर्डर केस में कोर्ट का फ़ैसला आ गया है. (प्रतीकात्मक तस्वीर - PTI)

गोवा में एक आयरिश-ब्रिटिश महिला के रेप-मर्डर के दोषी को उम्र क़ैद की सज़ा सुनाई गई है. उस पर रेप-मर्डर के लिए 25,000 रुपये और सबूत मिटाने के लिए 10,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया है (Goa Rape-Murder Convict Jailed For Life). आठ साल पहले रेप-मर्डर की ये घटना हुई थी, जब महिला गोवा छुट्टियां मनाने आई थीं. पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में ब्रेन हेमरेज और गला घोंटने की बात सामने आई थी.

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement

गोवा की डिस्ट्रिक्ट एवं सेशन जज क्षमा जोशी ने 17 फ़रवरी को ये सज़ा सुनाई है. विक्रम वर्मा मामले में विक्टिम के वकील थे. अब विक्रम वर्मा ने बताया कि दोषी को सबूत नष्ट करने के लिए भी दो साल की कैद की सज़ा काटनी होगी. अदालत ने फैसला सुनाया है कि दोनों सज़ाएं एक साथ चलेंगी.

बता दें, आरोपी विकट भगत को 14 फ़रवरी को दोषी ठहराया गया था. विकट भगत को दोषी ठहराये जाने के बाद पीड़िता की मां ने इस मामले की जांच करने वाले अधिकारी के पास जाकर उन्हें धन्यवाद दिया था. साथ ही, उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा था,

Advertisement

हम खुश हैं कि हमारी बेटी की आवाज़ सुनी गई. ये उसे वापस नहीं ला सकता. लेकिन हम खुश हैं कि आरोपी को दोषी ठहराया गया.

मामला क्या है?

विक्टिम महिला साल 2017 में गोवा घूमने आई थीं. वो आयरलैंड के डोनेगल काउंटी शहर के बुनक्राना की रहने वाली थीं. उन्होंने अपनी पढ़ाई लिवरपूल जॉन मूर्स यूनिवर्सिटी से की थी. फ़रवरी 2017 में वो अपने दोस्तों के साथ बैकपैकर के तौर पर गोवा छुट्टियां मनाने आईं. बैकपैकर उन यात्रियों को कहा जाता है, जो सीमित बजट में, हल्के बैकपैक के साथ घूमने निकलते हैं. इस दौरान उनके पास ब्रिटिश पासपोर्ट था.

13 मार्च 2017 की रात वो पालोलेम बीच के पास एक होली पार्टी में शामिल हुई थीं. अगले दिन उनकी बॉडी एक खेत में मिली. पुलिस को उनकी बॉडी खून से लथपथ मिली. उनके सिर और चेहरे पर चोट के निशान थे. गोवा पुलिस ने मामले की जांच की. जांच के बाद विकट भगत को गिरफ़्तार किया गया. विकट उसी इलाक़े का रहने वाला था. उस पर पहले से चोरी, मारपीट और डकैती के मामले चल रहे थे.

Advertisement

ये भी पढ़ें - मां रेप के आरोपी के साथ चली गई, बेटे से पिता का दुःख ना देखा गया, शख्स की जान ले ली!

इसी मामले में 14 फ़रवरी के दिन सेशन कोर्ट में फ़ैसला सुनाया गया. इस फ़ैसले में विकट भगत को IPC की धाराओं 302 (हत्या), 376 (बलात्कार), 394 (डकैती) और 201 (सबूत नष्ट करना) के तहत दोषी ठहराया गया.

कोर्ट में क्या हुआ?

सजा पर बहस के दौरान विक्टम के परिवारवालों ने दोषी को ‘अधिकतम सज़ा’ देने की मांग की. सरकारी वकील ने कहा कि आरोपी के प्रति कोई नरमी नहीं बरती जानी चाहिए. ताकि एक मिसाल बन सके. वहीं, बचाव पक्ष ने अदालत से सज़ा के मामले में नरमी बरतने की अपील की थी.

वीडियो: पत्नी से बिना सहमति यौन संबंध रेप नहीं, हाईकोर्ट ने आरोपी पति को किया बरी

Advertisement