मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल की सड़कों पर गुरुवार (23 सितंबर) को वकीलों का गुस्सा देखने को मिला. वकील वाटर टैंकर पर चढ़ गए. सड़क पर चक्काजाम किया. करीब 8 घंटे तक पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन चलता रहा. वजह थी एक वकील की पिटाई जिसका आरोप एक थाना प्रभारी समेत 2 पुलिसकर्मियों पर है.
वकील की पिटाई मामले ने पकड़ा तूल, भोपाल में भारी बवाल, 3 पुलिसकर्मियों पर FIR दर्ज
भोपाल में एक वकील की पिटाई के मामले में 3 पुलिसकर्मियों के खिलाफ FIR दर्ज कर ली गई है. शहर के एक वकील का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने उनकी पिटाई की, जिसके बाद शहर के वकीलों ने बड़ा प्रदर्शन किया. चक्काजाम तक की नौबत आ गई.

मामला बढ़ा तो जहांगीराबाद थाना प्रभारी समेत 2 पुलिसकर्मियों को लाइन हाज़िर किया गया. लेकिन वकील FIR पर अड़े रहे. आखिरकार देर रात पुलिस ने थाना प्रभारी और दो पुलिसकर्मियों के खिलाफ FIR दर्ज कर ली. लेकिन पुलिस ने वकील राकेश रावल के खिलाफ भी केस दर्ज किया है.
पूरा मामला भोपाल के जहांगीराबाद थाना क्षेत्र का है. हुआ ये कि 22 सितंबर की रात वकील राकेश रावल और पुलिसकर्मियों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हुई थी. राकेश रावल का कहना है कि गणेश प्रतिमा विसर्जन के लिए रास्ता बंद होने की वजह से उनकी गाड़ी रोकी गई थी. पुलिस ने उन्हें एक दूसरे रास्ते से जाने को कहा.
राकेश के मुताबिक, उनकी गाड़ी में पेट्रोल नहीं था. इसलिए उन्होंने वहां मौजूद पुलिसकर्मियों से कहा कि उन्हें उसी रास्ते से जाना होगा क्योंकि पेट्रोल पंप उधर ही पड़ता है. इसी दौरान विवाद शुरू हो गया. राकेश रावल के मुताबिक, ACP रैंक के अधिकारी ने उनके साथ बदसलूकी की और पुलिस राकेश रावल को थाने लेकर आई.
राकेश ने आरोप लगाया है कि पुलिसकर्मियों ने उन्हें गंदी-गंदी गालियां दीं. इसके बाद उनके साथ मारपीट की गई. मारपीट के चलते राकेश रावल को कई चोटें भी आईं. सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में उनके पैरों पर चोट के निशान और कपड़ों पर कीचड़ दिखाई दिए. हालांकि, पुलिस का आरोप है कि विवाद के दौरान राकेश रावल ने एक ट्रैफिक पुलिसकर्मी के साथ बदसलूकी की थी.
इसी के बाद बड़ी संख्या में वकील जहांगीराबाद थाने पहुंच गए. करीब 50 वकीलों ने मंगलवार देर रात से 23 सितंबर तड़के तक थाने के बाहर प्रदर्शन किया. वकीलों ने पुलिसकर्मियों के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग की. सीनियर पुलिस ऑफिसर्स ने प्रदर्शन कर रहे वकीलों को समझाने की कोशिश की. लेकिन वकील अपनी मांग पर अड़े रहे.
वकीलों ने सड़क पर बस, कई कार और एक वाटर टैंकर खड़ा कर दिया, जिससे ट्रैफिक बुरी तरह प्रभावित हुआ. पुलिस को वाहनों का रूट डायवर्ट करना पड़ा. प्रदर्शन की वजह से जिला अदालत का कामकाज भी पूरे दिन प्रभावित रहा. प्रदर्शन के दौरान कुछ वकील वाटर टैंकर पर भी चढ़ गए और नारेबाजी की.
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पुलिसकर्मियों पर हुआ एक्शन, FIR दर्जआजतक से जुड़े धर्मेंद्र साहू की जानकारी के मुताबिक, प्रदर्शन के बीच वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए जहांगीराबाद थाना प्रभारी राजन सिंह अहिरवार, कांस्टेबल यश लखेरा और कांस्टेबल रामस्वरूप को लाइन अटैच किया. ये कार्रवाई DCP जोन-1 अखिल पटेल ने की थी.
लेकिन वकील FIR की मांग पर अड़े रहे. पुलिस के मुताबिक, मौके पर पहुंचे हनुमानगंज ACP राकेश बघेल ने वकीलों को समझाने की कोशिश की. आरोप है कि इस दौरान उनके साथ धक्का-मुक्की हुई और प्रदर्शनकारियों ने उनकी गाड़ी पलटने की कोशिश भी की. इसके बाद देर रात पुलिस ने तीनों पुलिसकर्मियों के खिलाफ मारपीट और बदसलूकी के आरोपों में FIR दर्ज की.
भोपाल के एडिशनल कमिश्नर ऑफ पुलिस शैलेंद्र सिंह चौहान के मुताबिक, FIR दर्ज होने के बाद वकीलों ने अपना प्रदर्शन खत्म कर दिया. दूसरी तरफ, वकील राकेश रावल के खिलाफ भी पुलिस ने मामला दर्ज किया है. एक ट्रैफिक पुलिस कांस्टेबल ने राकेश रावल के खिलाफ FIR दर्ज कराई. आरोप है कि राकेश ने ड्यूटी के दौरान पुलिसकर्मी से अभद्रता की, ट्रैफिक रोकने में बाधा डाली और उसे धमकी दी.
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