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'नीतीश के लिए 9 हत्याएं...', अनंत सिंह ने बयान से पलटी मारी, क्या सफाई दी?

बिहार के मोकामा से जेडीयू विधायक अनंत सिंह ने पहले दावा किया कि नीतीश कुमार का साथ देने के लिए उन्होंने 9 लोगों की हत्या करवाई थी. विवाद बढ़ने पर उन्होंने सफाई दी कि उनकी बात गलत समझी गई है.

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अनंत सिंह ने अपने बयान पर सफाई दी है. (फोटो- India Today)

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  • मोकामा विधायक अनंत सिंह ने कहा कि उन्होंने अपने 9 साथियों की हत्या दिल्ली के नेता नीतीश कुमार के समर्थन में होने की बात कही, जिसे बाद में उन्होंने स्पष्ट किया कि यह उनकी हत्या का दावा नहीं था।
  • यह विवाद जेडीयू द्वारा नीरज कुमार को एमएलसी उम्मीदवार बनाए जाने के फैसले के बाद उत्पन्न हुआ, जिस पर अनंत सिंह ने पार्टी के निर्णय और नीरज के योगदान पर सवाल उठाए।
  • अनंत सिंह के बयान के बाद उन्होंने सफाई दी और कहा कि उन्होंने यह बताने के लिए यह बातें कही कि नीतीश कुमार के पक्ष में समर्थन देने के दौरान उन्हें 9 साथियों की मौत का सामना करना पड़ा, विवाद के बाद प्रतिक्रिया आई।

नीतीश कुमार के लिए अपने त्याग के बारे में बताते हुए मोकामा विधायक अनंत सिंह ज्यादा बह गए. बोल दिया कि उन्होंने नीतीश के लिए 9 हत्याएं करवाईं. सुबह के इस बयान पर वो शाम होते-होते पलट भी गए. सफाई देते हुए उन्होंने कहा कि उनकी बात को गलत तरीके से समझा गया. वह 9 लोगों की हत्या करवाने का दावा नहीं कर रहे थे, बल्कि नीतीश कुमार का साथ देने के दौरान अपने 9 साथियों की हत्या होने की बात कर रहे थे. 

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क्या मामला है

ये विवाद जेडीयू की ओर से नीरज कुमार को एमएलसी उम्मीदवार बनाए जाने के बाद शुरू हुआ. जेडीयू के नेता और मोकामा के विधायक अनंत सिंह ने पार्टी के इस फैसले की आलोचना की. उन्होंने आरोप लगाया कि नीरज कुमार पहले उनका विरोध कर चुके हैं. अनंत सिंह ने पार्टी के लिए नीरज के योगदान पर सवाल उठाते हुए कहा कि जितनी कुर्बानी नीतीश और जेडीयू के लिए उन्होंने की है, उतनी नीरज कुमार ने नहीं की. यही बताते हुए अनंत सिंह ने दावा किया कि जिस समय नीतीश कुमार कुछ नहीं थे. इधर-उधर घूमते रहते थे. तब उनका साथ देने के लिए अपने 9 साथियों का मर्डर करवाए.

उनके इसी बात पर विवाद शुरू हो गया. बात बढ़ने पर अनंत सिंह ने सफाई भी दी. 

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अनंत सिंह ने कहा कि पहले लालू और नीतीश कुमार एक साथ थे लेकिन बाद में जब दोनों अलग हुए तो वो नीतीश कुमार के साथ आ गए. लालू यादव का साथ छोड़ने की कीमत उन्हें अपने 9 साथियों की मौत से चुकानी पड़ी. उन्होंने यह भी दावा किया कि उस दौरान उन पर गोली चलाई गई थी. अनंत सिंह ने बताया कि इसी दौर में उनके पिता की भी हार्ट अटैक से मौत हो गई थी.
अनंत सिंह के मुताबिक, नीतीश कुमार से एक मुलाकात के कुछ ही दिनों बाद ये हत्याएं हुई थीं. लालू प्रसाद यादव ने उन्हें नीतीश कुमार से मिलने जाने से मना किया था, लेकिन इसके बावजूद वह उनसे मिलने गए. नीतीश कुमार को चांदी के सिक्कों से तौलवाया.

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अनंत सिंह ने कहा कि वह इन घटनाओं का जिक्र यह बताने के लिए कर रहे थे कि नीतीश कुमार का समर्थन करने के लिए उन्हें कितनी कुर्बानियां देनी पड़ीं. उन्होंने दोहराया कि उनकी बात को गलत तरीके से पेश किया गया और उन्होंने ये दावा नहीं किया था कि उन्होंने 9 लोगों की हत्या करवाई. बल्कि वो ये कह रहे थे कि नीतीश के लिए उन्हें अपने 9 लोगों की कुर्बानी देनी पड़ी थी. 

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