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खाने में छिपकली गिर जाए और उसे कोई खा ले तो क्या होगा?

तमिलनाडु में एक सरकारी स्कूल के मिड-डे मील में छिपकली मिली. इसे खाने के बाद स्कूल में पढ़ने वाले 44 बच्चों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है. घटना 10 मार्च की है.

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भर्ती 44 बच्चों में 31 लड़के और 13 लड़कियां हैं.

तमिलनाडु में एक सरकारी स्कूल के मिड-डे मील में छिपकली मिली. इसे खाने के बाद स्कूल में पढ़ने वाले 44 बच्चों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है. घटना 10 मार्च की है. 

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घटना कोयंबटूर शहर के एक कॉरपोरेशन मिडिल स्कूल है. यहां 10 मार्च को क्लास 4, 5 और 6 के बच्चे दोपहर का खाना खा रहे थे. तभी एक बच्चे को अपनी प्लेट में परोसे गए खाने में मरी हुई छिपकली दिखी. उसने तुरंत स्टाफ को जानकारी दी. इसके बाद सभी बच्चों से तुरंत खाना वापस ले लिया गया. लेकिन कई बच्चों ने खाना शुरू कर दिया था. जिसके बाद उन्हें उबकाई आने लगी.

बच्चों को तुरंत एंबुलेंस से डिस्ट्रिक्ट गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल में इलाज के लिए भेजा गया. कोयंबटूर कॉरपोरेशन के कमिश्नर एम. शिवगुरु प्रभाकरन ने बताया कि जैसे ही खाने में छिपकली मिलने की जानकारी मिली, तुरंत खाना रोक दिया गया. पहले 11 बच्चों को हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया. लेकिन बाद में संख्या बढ़कर 44 हो गई. 

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इनमें 31 लड़के और 13 लड़कियां शामिल हैं. सभी अंडर ऑब्ज़रवेशन हैं. अभी तक किसी की हालत बिगड़ने की जानकारी नहीं मिली है. मामले की जांच के लिए इनक्वायरी बिठा दी गई है. 

ये पहला मामला नहीं है जब मिड-डे मील में छिपकली मिली है. देश भर में प्राइमरी स्कूलों में इस तरह की अनेकों घटनाएं हो चुकी हैं. 

अब सवाल ये कि अगर खाने में छिपकली गिर जाए और ऐसा खाना कोई खा ले तो क्या होगा? ये हमें बताया नारायणा हॉस्पिटल, जयपुर में गैस्ट्रोएंटरोलॉजी डिपार्टमेंट के सीनियर कंसल्टेंट, डॉक्टर अमित कुमार सांघी ने. 

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dr amit kumar sanghi
डॉ. अमित कुमार सांघी, सीनियर कंसल्टेंट, गैस्ट्रोएंटरोलॉजी, नारायणा हॉस्पिटल, जयपुर

डॉक्टर अमित कहते हैं कि घरों में पाई जाने वाली छिपकलियां आमतौर पर ज़हरीली नहीं होतीं. लेकिन वो अक्सर दीवारों, नालियों और गंदी जगहों पर घूमती हैं. इससे उनके शरीर में कई तरह के बैक्टीरिया पहुंच जाते हैं. जैसे साल्मोनेला. फिर जब कोई छिपकली खाने में गिरती है. तब ये बैक्टीरिया और बाकी गंदगी खाने में मिल जाती है. इससे उल्टी-उबकाई, पेट दर्द और दस्त जैसी दिक्कतें हो सकती हैं. 

कई बार छिपकली खाने में अपनी ड्रॉपिंग्स यानी मल छोड़ देती है. इसमें भी बैक्टीरिया होते हैं. जो खाने को दूषित कर देते हैं. इसलिए अगर कभी खाने में छिपकली गिर जाए, तो वो खाना तुरंत फेंक देना चाहिए. 

lizard fallen in midday meal
सभी बच्चों का अस्पताल में इलाज चल रहा है 

अगर किसी ने गलती से ऐसा खाना खा लिया है. जिसमें छिपकली गिरी थी, और अब लगातार उल्टियां आ रही हैं. तेज़ दस्त लग गए हैं. बुखार आ गया है. बहुत कमज़ोरी लग रही है या चक्कर आ रहे हैं. तब तुरंत डॉक्टर से मिलना चाहिए. लक्षणों के हिसाब से इलाज होगा.

दवा खाने के साथ-साथ आप कुछ चीज़ें घर पर भी कर सकते हैं. जैसे हल्का खाना खाना. खूब पानी पीना. ORS का घोल पीना. और कुछ वक्त के लिए तला-भुना खाने से परहेज़ करना. 

(यहां बताई गई बातें, इलाज के तरीके और खुराक की जो सलाह दी जाती है, वो विशेषज्ञों के अनुभव पर आधारित है. किसी भी सलाह को अमल में लाने से पहले अपने डॉक्टर से ज़रूर पूछें. दी लल्लनटॉप आपको अपने आप दवाइयां लेने की सलाह नहीं देता.)

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