2. चुनने की वजह - यहां से कांग्रेस कैंडिडेट अमितेश शुक्ल, शुक्ल ब्रदर्स वाले शुक्ल परिवार के वारिस हैं.
3. चैलेंजर कौन - भाजपा के संतोष उपाध्याय.
संतोष उपाध्याय4. ट्रिविया
> राजिम शुक्ल परिवार की पारंपरिक सीट मानी जाती थी.
> अमितेष शुक्ल के दादा रविशंकर शुक्ल अविभाजित मध्यप्रदेश के पहले सीएम थे. रविशंकर के बेटे और अमितेष के पिता श्यामा चरण शुक्ल अविभाजित मध्यप्रदेश के तीन बार सीएम बने. वो राजिम से विधायकी लड़ते थे. जब छत्तीसगढ़ अलग राज्य बना, श्यामा चरण शुक्ल सीएम पद के दावेदार थे. लेकिन पद गया जोगी को. अमितेष को जोगी सरकार में मंत्री बनाया गया था.
5. मुद्दे / फैक्टर
> छत्तीसगढ़ के त्रिवेणी संगम कहलाने वाले राजिम में पानी की कमी थी. श्यामाचरण शुक्ल डीपी मिश्र कैबिनेट में सिंचाई मंत्री हुए तो उन्होंने इलाके में नहरें खुदवाईं. तो देहाती इलाके में लोग शुक्ल परिवार को याद रखते हैं. लेकिन भाजपा का प्रचार रहा कि अमितेष बाहरी हैं. क्योंकि उनका घर 40 किलोमीटर दूर रायपुर में है.
> भाजपा कैंडिडेट संतोष उपाध्याय राजिम में ही रहते हैं. अमितेष चूंकि दो बार चुनाव हार चुके थे, इसलिए ये बहुत ज़रूरी था कि वो ये चुनाव जीतें. और वैसा होता नज़र भी आ रहा है.
अमितेष शुक्ल6. पिछला नतीजा -
संतोष उपाध्याय ( बीजेपी) - 69625
अमितेश शुक्ल ( कांग्रेस) - 67184
7. इस बार का नतीजा -
अमितेश शुक्ल 58, 132 वोट से जीत गए हैं.

राजिम के अंतिम नतीजे
Video देखें:
राजिम का सातवीं सदी का बना राजीव लोचन मंदिर देखिए -





















