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बिटिया को सदमे से बचाने के लिए नेहरू ने नहीं की दूसरी शादी

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देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने आधुनिक भारत की नींव रखी. लेकिन उनका निजी जीवन भारी उथल-पुथल वाला रहा.

नेहरू की पत्नी कमला का देहांत 1936 में हो गया था. इसके बाद नेहरू का नाम कई महिलाओं से जोड़ा गया. इनमें देश के आखिरी वाइसरॉय की पत्नी एडविना माउंबेटेन भी थीं. वे दोस्त थे, करीब थे, ये बात सब जानते थे. लेकिन दावा किया जाता रहा कि उनके बीच दोस्ती से बढ़कर भी कुछ था. दावा तो यह भी है कि जिन्ना भी एडविना पर जान छिड़कते थे और तीनों के बीच ‘लव ट्राएंगल’ जैसा कुछ था.

Nehru edwina
एडविना संग नेहरू. फोटो: Henri Cartier-Bresson

एडविना के अलावा भारत की नाइटेंगेल कही जाने वाली सरोजिनी नायडू की बेटी पद्मजा नायडू से भी नेहरू के ‘खास’ रिश्ते रहे.

अपनी मां की मौत के बाद इंदिरा गांधी बहुत दुखी रहने लगी थीं. बताते हैं कि नेहरू ने पद्मजा से इसीलिए शादी नहीं की ताकि इंदिरा को और मानसिक कष्ट न हो. यह बात खुद नेहरू की बहन विजयलक्ष्मी पंडित ने इंदिरा की करीबी दोस्त पुपुल जयकर को बताई थी.

Nehru with Indira

पुपुल जयकर ने इंदिरा की बायोग्राफी में लिखा है, ‘मां की मौत के बाद उन्होंने इर्द-गिर्द ऐसा परदा खींच लिया जिसके पीछे वे अपना दर्द छिपा सकें और दुनिया से ओट ले सकें.’

पुपुल लिखती हैं,

‘आधी सदी बाद मैंने विजयलक्ष्मी पंडित से नेहरू और पद्मजा के संबंधों के बारे में पूछा. उनका जवाब था, ‘तुम्हें क्या पता नहीं पुपुल कि वे वर्षों तक साथ रहे?’ यह पूछने पर कि उन्होंने पद्मजा से शादी क्यों नहीं की, उन्होंने जवाब दिया, ‘उन्हें लगा कि इंदु पहले ही बहुत सदमा झेल चुकी है, वे उसे और चोट नहीं पहुंचाना चाहते थे.’

नेहरू ने बाद में पद्मजा को बंगाल का राज्यपाल बना दिया था. वैसे खुसफुसाहट तो यह भी है कि पद्मजा की तस्वीरें नेहरू के कमरे में पाई गई थी, जिन्हें इंदिरा ने निकालकर फेंक दिया था. इस बात को लेकर बाप-बेटी में तनाव भी हुआ था. पता नहीं, यह बात कितनी सच है.


ये स्टोरी ‘दी लल्लनटॉप’ के लिए कुलदीप सरदार ने की थी.


वीडियो देखें:

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