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अर्थात: लॉकडाउन में हमारे साथ कहां गड़बड़ी हुई?

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे-

– आशावादी पूर्वाग्रह कैसे शारीरिक और आर्थिक रूप से नियंत्रण करता है?

– GST भारत की आर्थिक क्रांति है, ये बस एक मनोभ्रम है?

– आशावादी पूर्वाग्रह आपके के लिए खतरनाक है?

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अर्थात: लॉकडाउन में हमारे साथ कहां गड़बड़ी हुई?

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे-

– आशावादी पूर्वाग्रह कैसे शारीरिक और आर्थिक रूप से नियंत्रण करता है?

– GST भारत की आर्थिक क्रांति है, ये बस एक मनोभ्रम है?

– आशावादी पूर्वाग्रह आपके के लिए खतरनाक है?

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अर्थात: कोरोना के बाद भारतीय अर्थव्यवस्था में मंदी के लिए मध्यम वर्ग ज़िम्मेदार है?

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे- – मिडिल क्लास के कारण अर्थव्यवस्था का स्वरूप बदलेगा? – कोविड-19 के पहले मध्यम वर्ग की स्थिति क्या थी? – कोविड के बाद लोगों के वित्तीय व्यवहारों में क्या बदलाव आएगा? पिछले हफ्ते का अर्थात देखने के लिए यहां क्लिक करें    

अर्थात: कोरोना के बाद भारतीय अर्थव्यवस्था में मंदी के लिए मध्यम वर्ग ज़िम्मेदार है?

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे- – मिडिल क्लास के कारण अर्थव्यवस्था का स्वरूप बदलेगा? – कोविड-19 के पहले मध्यम वर्ग की स्थिति क्या थी? – कोविड के बाद लोगों के वित्तीय व्यवहारों में क्या बदलाव आएगा? पिछले हफ्ते का अर्थात देखने के लिए यहां क्लिक करें    
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अर्थात: देश में कोरोना और लॉकडाउन ने कितनों को बेरोजगार किया?

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे-

– कोरोना महामारी से देश में गरीबी और बेकारी का स्तर क्या है? – क्या कोविड के पहले ही बेकारी की स्थिति देखी गई थी? – कोविड के पहले और उसके दौरान स्व-रोजगार में क्या अंतर दिखाई दिया? पिछले हफ्ते का अर्थात देखने के लिए यहां क्लिक करें    

अर्थात: देश में कोरोना और लॉकडाउन ने कितनों को बेरोजगार किया?

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे-

– कोरोना महामारी से देश में गरीबी और बेकारी का स्तर क्या है? – क्या कोविड के पहले ही बेकारी की स्थिति देखी गई थी? – कोविड के पहले और उसके दौरान स्व-रोजगार में क्या अंतर दिखाई दिया? पिछले हफ्ते का अर्थात देखने के लिए यहां क्लिक करें    
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अर्थात: चीन का भारत के राजनीतिक दलों में पैठ आर्थिक रूप से चिन्ता का विषय क्यों है?

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे-

– बेल्ट एंड रोड इनिशिएटिव क्या है, जिससे भारत ने अलग होने का फैसला किया था.

– चीनी कम्पनियां दूसरे देशों में जाकर किस तरह वहां की सरकारों को प्रभावित करती हैं?

– 2012 के बाद चीन ने अपनी सरकारी कम्पनियों को ज्यादा मजबूत क्यों बनाया?

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अर्थात: चीन का भारत के राजनीतिक दलों में पैठ आर्थिक रूप से चिन्ता का विषय क्यों है?

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे-

– बेल्ट एंड रोड इनिशिएटिव क्या है, जिससे भारत ने अलग होने का फैसला किया था.

– चीनी कम्पनियां दूसरे देशों में जाकर किस तरह वहां की सरकारों को प्रभावित करती हैं?

– 2012 के बाद चीन ने अपनी सरकारी कम्पनियों को ज्यादा मजबूत क्यों बनाया?

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अर्थात: अन्य देशों में चीनी टेलीकॉम कंपनियों पर बैन, पर भारत में क्यों नहीं?

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे- – 2014 के पहले चीनी कंपनियों पर बैन था, पर बाद में उसका विस्तार बड़े पैमाने पर हुआ – देश चीनी कंपनियों को निवेश करने की इजाजत क्यों दे रहा है? – सुरक्षा संबंधी मामलों की बीच ऐसा क्या हुआ कि चीनी कंपनियां भारत घरों में छा गईं? पिछले हफ्ते का अर्थात देखने के लिए यहां क्लिक करें    

अर्थात: अन्य देशों में चीनी टेलीकॉम कंपनियों पर बैन, पर भारत में क्यों नहीं?

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अर्थात: चीन की इस कंपनी ने भारत के 50 फीसदी कंस्ट्रक्शन मार्केट पर कब्जा कर लिया!

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे-

– मेक इन इंडिया अभियान का सबसे ज्यादा लाभ चीन को मिला!

– 2014 के पहले चीनी कंपनियां भारत में केवल निर्यात करता था और अब सीधे निवेश कर रहा

– चीन की एक कंपनी, जिसका भारत के 50 फीसदी कंस्ट्रक्शन मार्केट पर कब्जा हुआ

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– मेक इन इंडिया अभियान का सबसे ज्यादा लाभ चीन को मिला!

– 2014 के पहले चीनी कंपनियां भारत में केवल निर्यात करता था और अब सीधे निवेश कर रहा

– चीन की एक कंपनी, जिसका भारत के 50 फीसदी कंस्ट्रक्शन मार्केट पर कब्जा हुआ

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अर्थात: क्या कोरोना वायरस के संकट में 'कल्याणकारी राज्य' असफल हो गए?

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे- – कल्याणकारी राज्य क्या है? – वह कौन-सी चार-पांच चीजें हैं, जिनकी कोरोना संकट में सरकार से सबसे ज्यादा अपेक्षा थी? – कल्याणकारी राज्य को नापने के लिए सबसे पहला पैमाना स्वास्थ्य संबंधी सुविधाएं हैं! पिछले हफ्ते का अर्थात देखने के लिए यहां क्लिक करें    

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अर्थात: कोरोना महामारी के बाद भारतीय बाजार की स्थिति क्या होगी?

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– क्यों कोरोना के बाद का माहौल भारतीय बाज़ारों में प्रतिस्पर्धा के लिए खतरनाक है?

– कोरोना महामारी के पहले भी देश की कंपनियों कि स्थिति में सही नहीं थी!

– देश में कौन-सी स्टार्टअप कंपनियां बंद होने जा रही हैं?

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अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे-

– क्यों कोरोना के बाद का माहौल भारतीय बाज़ारों में प्रतिस्पर्धा के लिए खतरनाक है?

– कोरोना महामारी के पहले भी देश की कंपनियों कि स्थिति में सही नहीं थी!

– देश में कौन-सी स्टार्टअप कंपनियां बंद होने जा रही हैं?

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अर्थात: भारत के अधिकतर स्टार्टअप कंपनियों में चीन ने एक साल में 1.4 बिलियन डॉलर का निवेश किया?

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे-

– चीन ने भारत की किन कंपनियों में एक साल के अंदर 4 बिलियन डॉलर का निवेश किया?

– रोजमर्रा में इस्तेमाल होने वाले एप्लीकेशन में चीन के चार तकनीकि निवेशकों की पूंजी लगी है

– चीन अब भारत में इलेक्ट्रिक वेहिकल्स में निवेश की तैयारी कर रही हैं?

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– चीन ने भारत की किन कंपनियों में एक साल के अंदर 4 बिलियन डॉलर का निवेश किया?

– रोजमर्रा में इस्तेमाल होने वाले एप्लीकेशन में चीन के चार तकनीकि निवेशकों की पूंजी लगी है

– चीन अब भारत में इलेक्ट्रिक वेहिकल्स में निवेश की तैयारी कर रही हैं?

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अर्थात: सरकार के 20 लाख करोड़ के राहत पैकेज में रोजगार के लिए कुछ नहीं है!

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे- – कोरोना महामारी से 11-12 करोड़ लोगों की नौकरी जा सकती है? – सरकार के 20 लाख करोड़ रुपये के पैकेज से भारतीय अर्थव्यवस्था में सुधार नहीं आएगा? – लॉकडाउन के बाद भारत में क्या होगा? पिछले हफ्ते का अर्थात देखने के लिए यहां क्लिक करें    

अर्थात: सरकार के 20 लाख करोड़ के राहत पैकेज में रोजगार के लिए कुछ नहीं है!

अर्थात. दी लल्लनटॉप की स्पेशल वीकली सीरीज. जिसमें हम बात करते हैं देश की अर्थव्यवस्था के बारे में. हमारे साथ होते हैं इंडिया टुडे हिंदी के एडिटर अंशुमान तिवारी. इस हफ्ते के अर्थात में हम बात करेंगे- – कोरोना महामारी से 11-12 करोड़ लोगों की नौकरी जा सकती है? – सरकार के 20 लाख करोड़ रुपये के पैकेज से भारतीय अर्थव्यवस्था में सुधार नहीं आएगा? – लॉकडाउन के बाद भारत में क्या होगा? पिछले हफ्ते का अर्थात देखने के लिए यहां क्लिक करें