Submit your post

Follow Us

सेना ने कहा, बेहद घटिया गोला-बारूद सप्लाई होने के चलते हादसों में जवान घायल हो रहे हैं

19.02 K
शेयर्स

सेना को ‘बेहद घटिया’ गोला-बारूद सप्लाई किए जाने के आरोप लग रहे हैं. आरोप है कि इसके चलते युद्धक टैंकों, तोपों और एयर डिफेंस गनों से होने वाले हादसे बढ़ रहे हैं. गोला-बारूद सरकारी ऑर्डनेंस फैक्ट्रियों की ओर से सप्लाई किए जा रहे हैं. हालात की गंभीरता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि सेना ने रक्षा मंत्रालय से इस मामले में फौरन दखल देने की गुजारिश की है.

बिजनेस स्टैंडर्ड की एक रिपोर्ट के मुताबिक सेना ने ये मसला रक्षा उत्पादन सचिव अजय कुमार के सामने उठाया है. और कहा है कि गुजरे कुछ सालों के दौरान सेना के प्रमुख हथियारों की पूरी रेंज को नुकसान पहुंच रहा है. इसकी वजह सिर्फ और सिर्फ खऱाब किस्म के गोला-बारूद हैं.

रक्षा मंत्रालय ने इस पूरे मामले में क्या किया?
बिजनेस स्टैंडर्ड अखबार ने सूत्रों के हवाले से लिखा है कि रक्षा मंत्रालय ने इस मामले की जांच-पड़ताल कराई है. और इसमें सेना के आरोप करीब-करीब सही पाए गए हैं. जांच में पाया गया है कि ऑर्डनेंस फैक्ट्री बोर्ड OFB गोला-बारूद की क्वालिटी को लेकर सतर्क नहीं रहा है. इसीलिए खराब किस्म के गोला-बारूद के इस्तेमाल से हादसे होते रहे हैं.

ऑर्डनेंस फैक्ट्री बोर्ड देश भर में 41 आर्डनेंस फैक्ट्रियों का संचालन करता है. इसका सारा कामकाज रक्षा मंत्रालय के रक्षा उत्पादन विभाग देखता है. OFB का साल का टर्नओवर करीब 19,000 करोड़ रुपए का है. OFB 12 लाख सैनिकों वाली भारतीय सेना को गोला-बारूद की सप्लाई करने का मुख्य स्रोत है.

और क्या कहा सेना ने अपनी रिपोर्ट में?
टाइम्स ऑफ इंडिया अखबार की एक रिपोर्ट के मुताबिक ऑर्डनेंस फैक्ट्री बोर्ड के गोला-बारूद की क्वॉलिटी में गिरावट से देश की युद्ध क्षमताओं पर गहरा असर पड़ता है. सेना की इस शिकायत पर रक्षा उत्पादन सचिव कुमार ने सेना से दूसरे समस्याओं का भी ब्योरा मांगा है. 15 पेज के एक नोट में सेना ने बेहद गंभीर समस्याएं सामने रखी हैं. मसलन-

1-105 एमएम की इंडियन फील्ड गन, 105 एमएम लाइट फील्ड गन, 130 एमएम एमए1 मीडियम गन और 40 एमएम एल-70 एयर डिफेंस गन से लगातार हादसे हो रहे हैं.
2-टी-72, टी-90 और अर्जुन टैंक की तोपों के साथ भी नियमित तौर पर दुर्घटनाएं सामने आ रही हैं.
3-खराब क्वॉलिटी के गोला-बारूद के कुछ केस 155 एमएम की बोफोर्स तोपों के मामले में भी सामने आए हैं.
4-ऑर्डनेंस फैक्ट्री बोर्ड इस समस्या को सुलझाने के लिए गंभीर नहीं है. इस वजह सेना ने अपने कुछ लॉन्ग रेंज के गोला-बारूद की फायरिंग रोक दी है.
5-सेना ने उन घटनाओं का भी ब्योरा दिया, जिसमें उसके अफसर खराब गोला बारूद के चलते घायल हो गए थे.

ऑर्डनेंस फैक्ट्री बोर्ड का क्या कहना है?
बिजनेस स्टैंडर्ड के मुताबिक OFB ने इस पूरे मामले पर सफाई दी है. उसने कहा है कि

‘सेना को गोला-बारूद की सप्लाई क्वॉलिटी कंट्रोल डिपार्टमेंट डायरेक्टरेट जनरल ऑफ क्वॉलिटी एश्योरेंस यानी DGQA से जांच कराने के बाद की जाती है. अलग-अलग लैब में सभी प्रोडक्ट की जांच की जाती है. कई तरह के टेस्ट होने के बाद ही गोला-बारूद सेना को सप्लाई किए जाते हैं. वो गोला-बारूद बनाने से लेकर उसे भेजने तक के लिए ही जिम्मेदार है. उसे इस बात की कोई जानकारी नहीं है कि सेना कैसे उसका रखरखाव करती है. उसे कहां रखती है और रखरखाव के हालात कैसे हैं.’


वीडियोः ‘जब सभासद के टिकट के लिए तरस गए थे योगी आदित्यनाथ तो बनाई हिंदू युवा वाहिनी’

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें

टॉप खबर

वो आदमी, जिसने पद्म श्री, पद्म भूषण और पद्म विभूषण ठुकरा दिया था

उस्ताद विलायत ख़ान का सितार और उनकी बातें.

विधानसभा में पॉर्न देखते पकड़ाए थे, BJP ने उपमुख्यमंत्री बना दिया

और BJP ने देश में पॉर्न पर प्रतिबंध लगाया हुआ है.

आईफोन होने से इतनी बड़ी दिक्कत आएगी, ब्रिटेन में रहने वालों ने नहीं सोचा होगा

मामला ब्रेग्जिट से जुड़ा है. लोग फॉर्म नहीं भर पा रहे.

पूर्व CBI जज ने कहा, ज़मानत के लिए भाजपा नेता ने की थी 40 करोड़ की पेशकश

और अब भाजपा के "कुबेर" गहरा फंस चुके हैं.

आशीर्वाद मांगने पहुंचे खट्टर, आदमी ने खुद को आग लगा ली

दो बार मुख्यमंत्री से मिला, फिर भी नहीं लगी नौकरी.

नेटफ्लिक्स पर आने वाली शाहरुख़ की 'बार्ड ऑफ़ ब्लड' में कश्मीर क्यूं खचेर रहा है पाकिस्तान?

पाकिस्तानी आर्मी के प्रवक्ता के बयान पर सोशल मीडिया कहने लगा 'पीछे तो देखो'.

केरल बाढ़ के हीरो आईएएस कन्नन गोपीनाथन ने कश्मीर मसले पर नौकरी छोड़ते हुए ये बातें कही हैं

नौकरी छोड़ दी. अब न कोई सेविंग्स है, न ही रहने को अपना ख़ुद का घर.

धरती पर क्राइम तो रोज़ होते हैं, लेकिन पहली बार अंतरिक्ष में हुए क्राइम की खबर आई है

अंतरिक्ष में रहते क्राइम करने की बात चौंकाती है.

अरुण जेटली नहीं रहे, यूएई से पीएम मोदी ने कुछ यूं किया याद

गौतम गंभीर ने जेटली को पिता तुल्य बताया.

रफाल के अलावा फ्रांस से और क्या-क्या लाने वाले हैं पीएम मोदी?

इस बड़े मुद्दे पर भारत की तगड़ी मदद करने वाला है फ्रांस.