The Lallantop
Logo

रविंदर कौर सचदेवा: देश के सभी प्राइमरी स्कूलों को ऐसी टीचर मिल जाए तो उनकी तस्वीर बदल जाएगी

हरियाणा के एक प्राइमरी स्कूल की टीचर रविंदर कौर बताती हैं कि वहां पढ़ाना कितना 'यूनीक चैलेंज' है.

Advertisement
मुझे वे आंखें दुनिया की सबसे ख़ूबसूरत आंखें लगती हैं जब हर दिन स्कूल कैंपस में कदम रखते ही कोई बच्चा भाग कर मेरी ओर आता है और बड़ी सहजता से मुझसे चिपट जाता है. जब परीक्षाएं समाप्त होने की ख़ुशी में कक्षा कक्ष में ही पार्टी रखकर ज्यॉमेट्री बॉक्स (स्मार्टफोन की तरह) लेकर डांस के वीडियो बनाए जाते हैं, और फोटो खींचे जाते हैं. उसी ज्यॉमेट्री बॉक्स में दो-तीन बटन दबाकर वे झूठ-मूठ के वीडियो मेरे फ़ोन में सेंड किये जाते हैं. जब होली की कविता पढ़ाने पर बच्चे चाक लेकर दीवारों पर पिचकारी और होली खेलते बच्चे बच्चियां उकेर देते हैं तो मुझे वो किसी बड़े इंटरनेशनल स्कूल में दिए गए किसी प्रोजेक्ट से भी ज़्यादा सुंदर नज़र आता है. जहां बच्चों की आंखों में टीचर के लिए डर नहीं प्रेम नज़र आए, तो मुझे मेरे पढ़ाने का आईडिया यूनीक ही लगता है.

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement
Advertisement
Advertisement