The Lallantop

शोएब अख्तर ने गांगुली को 'तगड़ा' बताते हुए कहा, 'इनके आगे ICC की नहीं चलने वाली'

चार दिन का टेस्ट रोकने के लिए शोएब अख्तर को गांगुली से उम्मीद

Advertisement
post-main-image
बीसीसीआई प्रेसिडेंट सौरव गांगुली और शोएब अख्तर की तस्वीर. फोटो: Facebook
T20 और वनडे क्रिकेट की कामयाबी के बाद टेस्ट क्रिकेट को लेकर कई सवाल खड़े किए जाते रहे हैं. टेस्ट क्रिकेट का रोमांच बरकरार रखने के लिए आईसीसी ने डे-नाइट टेस्ट भी शुरू किया. आईसीसी ने टेस्ट चैम्पियनशिप की शुरुआत की. लेकिन अब टेस्ट क्रिकेट में एक और बदलाव किए जाने की चर्चा तेज है. कहा जा रहा है कि टेस्ट क्रिकेट को अब पांच दिन की जगह सिर्फ चार दिन का किया जाना चाहिए. हालांकि इस प्रपोज़ल को क्रिकेट जगत के कई दिग्गज़ों ने सिरे से खारिज कर दिया है. इस मामले में अब पाकिस्तान के पूर्व स्टार शोएब अख्तर ने भारतीय बोर्ड और खिलाड़ियों की तारीफ करते हुए इस संभावित बदलाव का विरोध करने की अपील की है. शोएब अख्तर का कहना है कि चार दिवसीय टेस्ट मैच की थ्योरी एशियन टीमों को परेशान करने के लिए है. लेकिन सौरव गांगुली या बीसीसीआई के रहते ऐसा नहीं होने वाला. शोएब ने कहा,
''BCCI के होते हुए ICC की हिम्मत नहीं है कि वो इस रूल को इम्पलिमेंट करा ले. सौरव गांगुली यहां (एशिया) के बीसीसीआई के प्रेसिडेंट भी हैं. वो समझदार आदमी हैं, तगड़े आदमी हैं. उनको क्रिकेट के बारे में पता है. वो इस तरह की फालतू चीज़ों में नहीं पड़ेंगे. वो कभी नहीं चाहेंगे कि टेस्ट क्रिकेट खत्म हो, क्योंकि वो टेस्ट क्रिकेट से प्यार करते हैं. टेस्ट क्रिकेट में हिन्दुस्तान आगे आए, ये उनकी कोशिश है. और मैं ये भी बता दूं कि बिना बीसीसीआई की परमिशन के आईसीसी इसे इम्पिलमेंट नहीं करवा सकता. जब तक समझदार क्रिकेटर खड़े हैं, वो इसे इम्पलिमेंट नहीं करा सकते.''
इसके अलावा शोएब अख्तर ने टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली को भी दबंग खिलाड़ी बताया. साथ ही उनके चार दिवसीय टेस्ट के विरोध वाले बयान का समर्थन किया. उन्होंने सचिन तेंदुलकर के उस बयान का भी समर्थन किया, जो उन्होंने चार दिवसीय क्रिकेट के खिलाफ दिया था. इसके अलावा शोएब ने ये भी कहा कि वे चाहते हैं कि पाकिस्तान, श्रीलंका और हिन्दुस्तान के भी और लोग आगे आएं और इसका विरोध करें. शोएब अख्तर का पूरा वीडियो: 

  IND vs SL के पहले T20 में विराट कोहली, रोहित शर्मा से आगे निकलेंगे!

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement