IPL 2022 अब अपने निर्णायक पड़ाव पर पहुंच गया. करीब दो महीने से चल रहे इस टूर्नामेंट के लीग मुकाबले अब समाप्त हो चुके हैं. 10 टीम्स के इस टूर्नामेंट से छह टीम्स अपना बोरिया-बिस्तर समेटकर वापस लौट चुकी हैं. अब बाकी बची चार टीम्स खिताबी मुकाबले में पहुंचने के लिए जोर आजमा रही हैं. और इसकी शुरुआत होगी क्वॉलिफायर मुकाबले के साथ.
जब 'मैन इन फॉर्म' जॉस बटलर के हत्थे चढ़े थे अल्जारी जोसेफ!
मंगलवार, 24 मई 2022 को कोलकाता के ईडन गार्डन्स मैदान पर पहला क्वॉलिफायर खेला जाएगा. आमने-सामने होंगी लीग स्टेज की टॉपर गुजरात टाइटंस और पहले सीज़न की विजेता राजस्थान रॉयल्स. इस मुकाबले को जीतने वाली टीम सीधा फाइनल में पहुंच जाएगी. जबकि हारने वाली टीम को एक और चांस मिलेगा.


मंगलवार, 24 मई 2022 को कोलकाता के ईडन गार्डन्स मैदान पर पहला क्वॉलिफायर खेला जाएगा. आमने-सामने होंगी लीग स्टेज की टॉपर गुजरात टाइटंस और पहले सीज़न की विजेता राजस्थान रॉयल्स. इस मुकाबले को जीतने वाली टीम सीधा फाइनल में पहुंच जाएगी. जबकि हारने वाली टीम को एक और चांस मिलेगा.
गुजरात टाइटंस 14 में से 10 लीग मुकाबले जीतकर पहले स्थान पर रही थी. गुजरात ने कुल 20 अंक हासिल किए. वहीं राजस्थान की टीम इतने ही मुकाबलों में से नौ में जीत हासिल कर दूसरे नंबर पर रही थी. राजस्थान के इतने ही मुकाबलों में कुल 18 अंक रहे. इस सीजन दोनों टीम्स लीग मुकाबले में भिड़ चुकी हैं. हार्दिक पंड्या की नाबाद 87 रन की कप्तानी पारी के दम पर गुजरात ने इस मैच को 37 रन से जीता था.
बात गुजरात की करें तो इनके लिए कहना होगा- 'डेब्यू हो तो ऐसा'. हार्दिक की अगुवाई में इस टीम ने क्या गजब का खेल दिखाया है. नीलामी के बाद किसी ने भी टीम से इस तरह के प्रदर्शन की उम्मीद नहीं की होगी. लेकिन टीम ने अपने प्रदर्शन से सारे सवालों के जवाब दे दिए हैं. चाहे वो बल्लेबाज़ी हो या गेंदबाज़ी या फिर फील्डिंग, टीम ने हर डिपार्टमेंट में बेहतरीन खेल दिखाया है. खुद कप्तान पंड्या के लिए ये सीज़न अब तक काफी यादगार रहा है.
बात बल्लेबाज़ी की करें तो शुभमन गिल और हार्दिक पंड्या के नाम 400 से ज्यादा रन हैं. शुभमन हालांकि पिछले दो मुकाबले में नाकाम रहे हैं लेकिन दूसरे ओपनर ऋद्धिमान साहा ने इस दौरान उनकी कमी महसूस नहीं होने दी है. नौ मैचों में तीन अर्धशतक समेत उनके नाम कुल 312 रन हैं.
इस दौरान उनका औसत 39 और स्ट्राइक रेट 124.80 का रहा है. मिडल ऑर्डर में पंड्या का साथ निभाया है डेविड मिलर ने. मिलर के नाम 381 रन हैं. मिलर ने ये रन 54.43 की औसत और 136.07 की स्ट्राइक रेट से बनाए हैं. जबकि राहुल तेवतिया और राशिद खान ने फिनिशर की भूमिका को बखूबी अदा किया है. दोनों ने गेंदबाजों को कूटने में कोई कसर नहीं छोड़ी है.
गेंदबाजी की बात करें तो शमी की अगुवाई में इस टीम ने विरोधी टीम्स को खासा परेशान किया है. शमी के नाम कुल 18 विकेट हैं. उन्होंने पावरप्ले में टीम को खूब विकेट्स दिलाए हैं. पावरप्ले में उनके नाम 11 विकेट हैं, जो टूर्नामेंट में जॉइंट-हाइएस्ट है. वहीं राशिद खान के नाम कुल 18 विकेट हैं. इस दौरान उनकी इकॉनमी सात से कम की रही है. इनके अलावा लॉकी फर्ग्युसन के नाम 12 और यश दयाल के नाम नौ विकेट हैं.
वहीं राजस्थान का अभियान भी अब तक बेहतरीन रहा है. जॉस बटलर की अगुवाई में बल्लेबाजों ने बेहतरीन काम किया है. 629 रन के साथ बटलर के सर ऑरेंज कैप सजी है. हालांकि पिछले कुछ मैच में वो नाकाम रहे हैं. इन मुकाबलों में उनके बल्ले से एक भी फिफ्टी नहीं आई है. वहीं आखिरी 3 मुकाबलों में वो दहाई का आंकड़ा भी नहीं छू पाए हैं.
और इस बीच उनकी इस फॉर्म की भरपाई कर रहे हैं युवा यशस्वी जयसवाल. यशस्वी ने पिछले कुछ मुकाबलों में बेहतरीन प्रदर्शन किया है. वहीं मिडल ऑर्डर में कप्तान सैमसन, पडिक्कल और हेटमायर ने कई मौकों पर टीम को जीत दिलाई है. वहीं आर अश्विन ने गेंदबाजी के साथ बल्लेबाजी में भी उपयोगी पारियां खेली है.
गेंदबाजी की बात करें तो यह टीम की सबसे मजबूत कड़ी है. चाहे वो स्पिनर हों या पेसर्स, दोनों ने ही धमाल मचाया है. 26 विकेट के साथ चहल के सर पर्पल कैप है. वहीं प्रसिद्ध कृष्णा के नाम 15, ट्रेंट बोल्ट के नाम 13 विकेट और रविचंद्रन अश्विन के नाम 11 विकेट हैं. जबकि युवा कुलदीप सेन ने भी सात विकेट अपनी झोली में डाले हैं.
Buttler vs Alzarri Josephअब उस सेगमेंट का टाइम है जिसमें हम आपको सुनाते हैं इन दोनों टीम्स के खिलाड़ियों से जुड़ा एक क़िस्सा. 13 अप्रैल 2019. वानखेडे स्टेडियम में आमने-सामने थी मुंबई और राजस्थान की टीम्स. मुकाबले में राजस्थान के कप्तान अजिंक्य रहाणे ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाज़ी का फैसला किया. लेकिन ये फैसला जल्द ही गलत साबित होता दिखा.
रोहित शर्मा और डि कॉक ने पहले विकेट के लिए महज 10.5 ओवर्स में 96 रन जोड़ दिया. इसके बाद रोहित आउट हो गए लेकिन डि कॉक ने एक छोर से शानदार बल्लेबाज़ी जारी रखी. और टीम का स्कोर पांच विकेट खोकर 187 रन तक पहुंचा दिया. डि कॉक ने इस मैच में 52 गेंदों पर 81 रन की धुआंधार पारी खेली.
बड़े लक्ष्य का पीछा करने उतरी राजस्थान को रहाणे और बटलर ने बेहतरीन शुरुआत दिलाई. दोनों ने मिलकर पहले विकेट के लिए 60 रन जोड़े. इसके बाद बटलर ने सैमसन के साथ मिलकर रन गति को बढ़ाना जारी रखा. राजस्थान को आखिरी आठ ओवर्स में जीत के लिए 70 रन की जरूरत थी.
फिर मैच में मजेदार मोड़ आया. पारी का 13वां ओवर लेकर आए अल्जारी जोसेफ. सामने थे मैन इन फॉर्म जॉस बटलर. बटलर ने इस ओवर में हर गेंद को बाउंड्री से बाहर भेज कुल 28 रन बना डाले. इसमें दो छक्के और चार चौके शामिल थे. उन्होंने सैमसन के साथ मिलकर दूसरे विकेट के लिए 87 रन जोड़े. इसके बाद श्रेयस गोपाल ने आखिरी के ओवर्स में तेजी से बल्लेबाज़ी कर टीम को तीन गेंद शेष रहते लक्ष्य तक पहुंचा दिया. बटलर ने 43 गेंदों पर 89 रन की धुआंधार पारी खेली. राजस्थान ने ये मुकाबला 4 विकेट से अपने नाम किया था.
विराट कोहली की बैटिंग का बुरा दौर खत्म होने ही वाला है!






















