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किसानों और सरकार के बीच चौथी मीटिंग आज, इससे पहले किसान नेताओं ने बता दी सबसे बड़ी मांग?

Punjab और Haryana के Shambhu Border पर प्रदर्शन कर रहे किसान नेताओं ने चौथी मीटिंग से पहले बड़ी मांगें सरकार के सामने रख दी हैं. क्या कहा है?

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चौथी मीटिंग से पहले किसान नेताओं की सरकार से मांग(फोटो: आजतक)

शंभू बॉर्डर पर प्रदर्शन कर रहे किसान नेताओं और सरकार के बीच चौथी मीटिंग रविवार 18 फरवरी को होने वाली है. मीटिंग से एक दिन पहले किसान नेता सरवन सिंह पंधेर (Sarwan Singh Pandher) ने बताया कि वो सरकार के सामने MSP पर अध्यादेश लाने की मांग रखेंगे. एक और किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल (Jagjit Singh Dallewal) ने उनकी इस बात पर सहमति जताई है.

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मीटिंग से पहले की मांग! 

इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक सरकार और किसानों की मांग को लेकर नेताओं के साथ तीन बार मीटिंग हो चुकी है. शनिवार 17 फरवरी को चौथे राउंड की मीटिंग से पहले किसान नेताओं ने मीडिया से बातचीत के दौरान कहा,

'अगर सरकार चाहे तो रातों-रात अध्यादेश ला सकती है. अगर वो किसानों के विरोध का समाधान चाहते हैं तो उन्हें इस पर अध्यादेश लाना ही चाहिए.'

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बातचीत के दौरान उन्होंने बताया कि इससे अलग-अलग फसल उगाने में भी मदद मिलेगी. कहा,

'हम दाल और तिलहन भी उगा सकते हैं. लेकिन हमें गेहूं और धान ही उगाना पड़ता है. क्योंकि उन पर (दाल और तिलहन पर) कोई सुनिश्चित खरीद नहीं है. अगर हमें उन पर गारंटी मिलती है तो हमें ये उगाने से किसी ने रोका नहीं है.'

वहीं किसानों की कर्ज माफी को लेकर सरवन सिंह पंधेर ने बताया,

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'केंद्र कह रहा कि लोन की राशि का आकलन किया जाना चाहिए. सरकार को बैंकों से डाटा जमा करने से किसने रोका है. ये सिर्फ राजनीतिक इच्छा का मामला है.'

भारतीय किसान यूनियन (सिद्धूपुर) के नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल ने पंधेर की बात पर सहमति जताते हुए कहा,

'सरकार जब भी अध्यादेश लाना चाहे वो ला सकती है. तो अभी क्यों नहीं? और छह महीने के अंदर इसे कानून भी बना सकते हैं. '

ये भी पढ़ें: कृषि कानूनों पर 11वें दौर की वार्ता के बाद सरकार ने किसानों से क्या कहा?

किसान आंदोलन 2.0

सरकार से अपनी मांगों को लेकर किसानों ने ‘दिल्ली चलो’ मार्च निकाला था. 13 फरवरी को किसान पंजाब-हरियाणा के शंभू बॉर्डर पहुंच गए थे. जहां हरियाणा सरकार की तरफ से उन्हें रोक दिया गया था.  सरकार ने उन्हें रोकने के लिए हरियाणा बॉर्डर पर भारी सुरक्षाबल तैनात कर दिया.

बॉर्डर पर तैनात सुरक्षाबल(फोटो: दी लल्लनटॉप)

 

इस दौरान सुरक्षाबलों द्वारा कई बार किसानों पर आंसू गैस के गोले भी बरसाए गए. अब आज किसानों के मार्च का पांचवा दिन है और सरकार और किसानों के बीच चौथी मीटिंग भी आज होनी है. देखते हैं इस मीटिंग का क्या नतीजा निकलता है?

वीडियो: किसान आंदोलन में तैनात 'Black Mamba' ऐसे जवाबी हमला करता है!

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