होमगार्ड इंचार्ज सचिन मिश्रा के मुताबिक इमरजेंसी विभाग में तैनात डॉक्टर ने मिथिलेश को इसलिए एडमिट नहीं किया क्योंकि मिथिलेश के पास कोविड की RT-PCR रिपोर्ट नहीं थी. इसके बाद मिथिलेश को इलाज के लिए लोकबंधु अस्पताल भेजा दिया गया. लगभग 15 किलोमीटर दूर.

लखनऊ का PGI अस्पताल
फिर मिथिलेश को लोकबंधु ले जाया गया, लेकिन लोकबंधु अस्पताल के डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. ख़बरों के मुताबिक़, पोस्टमार्टम में मौत की वजह ठंड लगना बताई गई है. जब अस्पताल प्रशासन की लापरवाही का ये मामला सामने आया तब पीजीआई के डायरेक्टर ने पूरे मामले पर जांच के आदेश दिए हैं. मिथिलेश की मौत पर होमगार्ड के जिला कमांडेंट कपिल कुमार दुख जताया. साथ ही मृतक के बेटे को नौकरी दिए जाने की बात भी कही.