Israel और Iran के बीच तनाव लगातार जारी है. दोनों तरफ से लगातार हमले हो रहे हैं. इस बीच ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि Israel के हमले अब तक 224 लोगों की जान जा चुकी है. मंत्रालय के प्रवक्ता होसैन करमनपुर ने सोशल मीडिया पर कहा कि 1,277 घायल लोगों का अस्पताल में इलाज चल रहा है. उनका कहना है कि हमले की ज़द में आने वाले 90 फीसदी नागरिक थे. वहीं Israel का कहना है कि उनके 14 लोगों की जान गई है. 390 लोग घायल हैं.
ईरान में 224 की जान गई, इज़रायल में 14 मौतें, ट्रंप ने बोला- हम कराएंगे समझौता
Iran Israel: ईरान ने इज़रायल पर 270 से ज़्यादा मिसाइलें दागी हैं. एयर डिफेंस सिस्टम होने के बावजूद इनमें से कुछ मिसाइलें बिल्डिंगों पर गिरीं. इज़रायल ने हथियार की फैक्ट्री वाली जगहों पर रहने वाले ईरानियों को वहां से तुरंत हटने की चेतावनी जारी की है.


मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान ने इज़रायल पर 270 से ज़्यादा मिसाइलें दागी हैं. एयर डिफेंस सिस्टम होने के बावजूद इनमें से कुछ मिसाइलें इमारतों पर गिरीं. इज़रायल ने हथियार की फैक्टरी वाली जगहों पर रहने वाले ईरानियों को वहां से तुरंत हटने की चेतावनी जारी है. दूसरी तरफ, ईरान की सेना ने इज़रायलियों को कब्जे वाले इलाकों के पास न रहने की चेतावनी दी.
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान ने इज़रायल पर दोबारा हमले शुरू कर दिए हैं. इज़रायली सेना का कहना है कि ईरान उन पर मिसाइलें दाग रहा है. देश के कई इलाकों में हवाई हमले के सायरन सुनाई पड़ रहे हैं. एयरफोर्स खतरे इन हमलों को नाकाम करने में जुट गई है. ईरानी बैलिस्टिक मिसाइलों की वजह से सैकड़ों इज़रायली अपने घर छोड़ने को मजबूर हैं. हमलों में कई लोगों के हताहत होने की भी ख़बर है.
इज़रायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने बैट याम शहर के दौरे पर थे. वहां से उन्होंने कहा,
यहां मिसाइल हमले में 6 लोगों की मौत हो गई. ईरान नागरिकों, महिलाओं और बच्चों की हत्या की भारी कीमत चुकाएगा.
ट्रंप ने कहा कि जैसे उन्होंने मई में भारत और पाकिस्तान के बीच सीज़फायर कराया था, वैसे ही अब ईरान और इजरायल के बीच भी वह समझौता करा सकते हैं. ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर लिखा,
ईरान और इज़रायल को समझौता करना चाहिए. वे समझौता करेंगे, जैसे मैंने भारत और पाकिस्तान को समझौते के लिए तैयार किया था. उस समय अमेरिका के साथ ट्रेड का इस्तेमाल करके मैंने दोनों देशों को बातचीत के लिए तैयार किया. दोनों नेताओं ने जल्दी और समझदारी से फैसला लिया और रुक गए.
वहीं, कई मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि इज़रायल ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामनेई की हत्या की साज़िश रच रहा था. इसके लिए वह अमेरिका का ग्रीन सिग्नल चाहता था. लेकिन राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप इस पर वीटो कर दिया.
वीडियो: Iran और Israel ने एक-दूसरे पर किए ताबड़तोड़ हमले, कहां-कहां हुए अटैक?














.webp?width=275)

.webp?width=120)





