अमिताभ बच्चन ने कुमार विश्वास पर मुकदमा ठोंकने की बात कही है. मामला है कुमार विश्वास के अपने टीवी शो में अमिताभ बच्चन के बाबू जी हरिवंश राय बच्चन की कविता इस्तेमाल करने का. इंजीनियरिंग कॉलेज, जहां लिट्रेचर के नाम पर कान्ति शाह के अंगूर और गुंडा ही पहुंच पाई हैं. उन इंजीनियरिंग कॉलेजों तक हिंदी की कविताएं पहुंचाने वाला एक आदमी आया. नाम था कुमार विश्वास. तब जब स्मार्टफ़ोन्स बस आये ही थे और फ़ोन्स में मेमोरी कार्ड लगने की प्रथा बस शुरू ही हुई थी, गानों के साथ-साथ एक ऑडियो क्लिप भी सेव की जाने लगी. ये ऑडियो क्लिप न कोई 'हॉट चैट ऑन फ़ोन' थी और न ही किसी अफ़सर के किसी नेता से गाली खाते हुए रिकॉर्डिंग. ये क्लिप थी कुमार विश्वास की. कुमार विश्वास की ही बदौलत आईआईटी में टेक्निकल सभाओं के अलावा कवि सम्मेलन जैसा माहौल भी होने लगा. ऐसा भी होने लगा कि एक कवि किसी मेले में आने के लाखों रुपये मांगने लगा. वरना कवियों की बड़ी टुच्ची हालत हो रक्खी थी. कुमार विश्वास ने कविता 2.0 शुरू की. कविता में चुटकुले का मिश्रण और जनता गिल्ल हो जाती थी. महाचिरकुट चुटकुलों और जुमलों के साथ बेहद औसत दर्जे की कविता गाते कुमार विश्वास दुनिया घूम आए. वो पॉपुलर हो गए. 'कोई दीवाना कहता है, कोई पागल समझता है...' कविता ने वो मुकाम हासिल कर लिया जो 'ऐ मेरे वतन के लोगों...' ने हासिल कर लिया था. इसी बीच कुमार विश्वास ने आम आदमी पार्टी ज्वाइन की और वो कवि से राजनीतिक कवि हो गए. अमेठी में बुरी तरह चुनाव हारे और बैक-टु-स्क्वेर-वन. अब वो कविता पाठ भी करते हैं, आम आदमी पार्टी की बात भी करते हैं और साथ ही एक टीवी शो 'तर्पण' होस्ट करते हैं. इस शो में वो हिंदी के कवियों के बारे में बात करते हैं, उनकी कविताएं सुनाते हैं. इसी शो के एक एपिसोड में कुमार विश्वास ने हरिवंश राय बच्चन के बारे में बात की और उनकी लिखी कविता 'नीड़ का निर्माण' सुनाई. अमिताभ बच्चन ने ट्विटर पर कुमार विश्वास को एक बात बताई. उन्होंने बताया कि वो जो कर रहे हैं उसे कॉपीराइट उल्लंघन कहते हैं. और इसके लिए उनकी (अमिताभ बच्चन की) लीगल टीम ऐक्शन लेगी.
इस पर कुमार विश्वास ने जवाब दिया कि उन्होंने जितने भी कवियों पर एपिसोड किये उनके परिवारों ने उन्हें शाबाशी दी जबकि यहां उन्हें लीगल ऐक्शन की धमकी मिल रही है. वो वीडियो डिलीट कर रहे हैं और उस वीडियो पर यूट्यूब ऐड से मिलने वाले 32 रुपये वो उन्हें भेज रहे हैं.
कुमार विश्वास ने तंज़ भरे अंदाज़ में अमिताभ बच्चन को जवाब दिया. लेकिन चूंकि अपनी जगह पर अमिताभ बच्चन भी सही थे इसीलिए कुमार विश्वास इससे इतर और कोई जवाब दे भी नहीं सकते थे. 140 कैरेक्टर में जितना बन पाया, उन्होंने अपनी खार निकाल ली. अमिताभ बच्चन के पास एक अच्छी लीगल टीम है और उन्हें इन सभी बातों की जानकारी है इसलिए अपने पिता की लिखी कविताओं के कहीं और इस्तेमाल किये जाने पर वो लीगल ऐक्शन करवा सकते हैं. वहीं बाकी कवियों के परिवार शायद इस हद तक अवेयर नहीं हैं और इसीलिए उनके दिमाग में ये बातें नहीं आईं. ट्विटर पर अमिताभ बच्चन को अपनी इस बात के लिए काफी गरम बातें सुनने को मिल रही हैं. उन्हें लालची और अहंकारी बताया जा रहा है. लोगों का ये मानना है कि अगर कुमार विश्वास किसी कवि की बातों को लोगों तक पहुंचा रहे हैं तो इसमें ग़लत क्या है. और अमिताभ की कॉपीराइट की बात उन्हें नापसंद आ रही है. उनके हिसाब से कुमार विश्वास एक महान काम कर रहे हैं और अमिताभ पैसा कमाने में लगे हुए हैं. जबकि लीगली अमिताभ बच्चन अपनी जगह एकदम सही हैं. अमिताभ को सुनाये गए कुछ 'कड़वे बोल बच्चन' इधर हैं:
ये भी पढ़ें:
चुम्मी और गालियों के बाद पहलाज अब 'हिंदू', 'गुजरात' और 'गाय' पर बीप लगवा रहे हैं