अक्षय कुमार इस बार एक प्रोग्राम में शामिल हुए. एक न्यूज़ चैनल की तरफ से ऑर्गनाइज़ किए गये इस शो का नाम था 'मिशन पानी वॉटरथॉन'. जिसमें अक्षय कुमार ने 21 किलोमीटर ट्रेडमिल पर चले. क्यों? बकौल उनके वो उन महिलाओं का दर्द महसूस करना चाहते थे, जो पानी लाने के लिए दर-दर भटकती हैं. अब अपने हिसाब से तो अक्षय ने ये काम बहुत अच्छा किया, मगर कई लोगों को ये तरीका कुछ हज़म नहीं हुआ. 'मसान' बनाने वाले नीरज घेवान ने भी सिम्बॉलिक ढंग से अक्षय को ताना मार दिया. # अक्षय कुमार का हाफ मैराथन दरअसल अक्षय कुमार 21 किलोमीटर ट्रेडमिल पर चलकर ये बताना चाहते थे कि देश में एक तबका ऐसा है, जो पानी की कमी से लगातार जूझ रहा है. ख़ास तौर से महिलाओं को रोज़ पानी के लिए मशक्कत करनी पड़ती है. रोज़ाना पैदल चलकर दूर गांव से पानी लाना पड़ता है. उन्हीं की तकलीफ की समझते हुए अक्षय ने ये 21 किलोमीटर की हाफ मैराथन की. ट्रेडमिल पर. ये अपील भी की कि जितना हो सके पानी को बचाना चाहिए. अक्षय ने पानी को बचाने के तीन तरीके भी सुझा डाले. अक्षय के हिसाब से वो तीन तरीके हैं-
1. घर में आने वाले मेहमानों को सिर्फ आधा गिलास पानी सर्व करना चाहिए. अगर उन्हें और प्यास लगती है, तो वो आपसे दोबारा पानी मांग लेंगे. ऐसा करने से पानी बचेगा.
2. यूरिनल्स में छोटे नल के उपयोग का अनुरोध किया.
3. अक्षय ने घरों में सेंसर वाले नल लगवाने की सलाह दी ताकी पानी के उपयोग को कंट्रोल किया जा सके. (हां ये बात और है कि एक साधारण आदमी के बजट से ये नल बहुत दूर है, क्योंकि इसकी कीमत की 1500 से शुरू होती है.)
उनके ये सुझाव बिना ट्रेडमिल के अच्छे हैं, लेकिन ट्रेडमिल का तड़का लगते ही गड़बड़ हो गई. # नीरज घेवान ने क्या ताना मार दिया? फिल्म मेकर नीरज घेवान ने भी इस प्रतीकात्मकता पर चुटकी ली. वैसे तो अपने ट्वीट में कहीं भी अक्षय कुमार का नाम नहीं लिया, मगर उन्होंने इस विषय पर दो ट्वीट किए और दोनों में 'ट्रेडमिल' शब्द का उपयोग किया. नीरज ने पहला ट्वीट किया. जिसमें 'रूरल इंडिया डॉट कॉम' की एक खबर शेयर की. जिसके साथ कैप्शन में लिखा,
''किसी फर्म में मजदूरी कीजिए. घर वापिस आकर खाना बनाइए, बच्चों को खिलाइए, साफ-सफाई कीजिए, बच्चों और जानवरों को खाना खिलाइए. अपने खीजे हुए शराबी पति संग रात को सोइए. फिर भोर में मीलों चलकर पानी भरने जाइए. यही काम बार-बार दोहराइए. 'ट्रेडमिल? ये बस एक रोलर कोस्टर की जॉली राइड जैसा है.''
नीरज ने एक और ट्वीट किया जिसमें 'स्क्रॉल डॉट इन'' की एक खबर शेयर की. ये खबर महाराष्ट्र के गांव में रहने वाले उन लोगों की हैं, जो सिर्फ इसलिए दूसरी शादी करते हैं क्योंकि उनकी पहली पत्नी बूढ़ी हो जाती है. वो दूर तक जाकर पानी नहीं भर सकती. नीरज ने इस खबर को शेयर करते हुए लिखा,
''उस आदमी के साथ शादी करना जिसकी पहले से एक पत्नी हो, सिर्फ इसलिए क्योंकि आपको दूर से पानी भरकर लाना है. क्योंकि दूसरी पत्नी अब बूढ़ी हो रही है और अकेले पूरे परिवार के इस्तेमाल कर सकने लायक पानी लाने की क्षमता उसमें नहीं बची है. आपके सपने, आपकी जवानी, आपके पूरे जीवन का मोल अब एक पानी के बर्तन जितना है. बिलकुल ट्रेडमिल पर होने जैसा.''
नीरज के ये पोस्ट खूब री-ट्वीट किए जा रहे हैं. उन्होंने बिना अक्षय का नाम लिए ये समझा दिया है कि एक महिला की ज़िंदगी के दर्द को एसी वाले हॉल में ट्रेडमिल पर चलकर महसूस नहीं किया जा सकता. सिर्फ नीरज ही नहीं बल्कि ट्विटर पर कई और यूज़र्स भी हैं, जो अक्षय के इस एक्ट पर उनकी हंसी उड़ा रहे हैं. कुछ का कहना है कि सिर्फ ट्रेडमिल पर चलने से ये समस्या सुलझने वाली नहीं है.






















