उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के आगरा (Agra) में एक शख्स ने कथित रूप से सरकारी नौकरी ना मिलने के चलते आत्महत्या (Suicide) कर ली. ऐसा करने से पहले उसने अपने वॉट्सएप (Whatsapp Status) पर एक स्टेटस भी पोस्ट किया था. फिर रविवार 31 जुलाई की रात युवक ने यमुना नदी में छलांग लगा दी. खबर लिखे जाने तक युवक की मौत की पुष्टि नहीं की गई थी.
'सॉरी मां-पापा सरकारी नौकरी नहीं मिली', अग्निपथ योजना से निराश युवक नदी में कूद गया
कर्मवीर की मौत की पुष्टि अभी तक नहीं हुई है. उसका मोबाइल और चप्पल एक नाव में मिले हैं.


पीड़ित का नाम कर्मवीर सिंह पौनिया बताया जा रहा है. पुलिस और गोताखोर नदी में उसकी तलाश में लगे हुए हैं. इस दौरान उसका मोबाइल और चप्पल मिलने की जानकारी आई है. रिपोर्टों के मुताबिक कर्मवीर फौज में जाने की तैयारी कर रहा था. बताया गया है कि केंद्र सरकार की अग्निपथ योजना के बाद उसे नौकरी मिलने की उम्मीद खत्म हो गई थी.
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दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के मुताबिक रविवार देर रात पुलिस को पोइया घाट पर एक युवक के यमुना में कूदने की सूचना मिली. मौके पर पहुंची पुलिस को घाट पर लगी नाव से एक मोबाइल और चप्पल मिले हैं. उन्हीं से युवक की पहचान कर्मवीर के रूप में हुई है.
डिप्रेशन में था Karmaveer Singh Pauniyaमरने से पहले कर्मवीर ने वॉट्सएप स्टेटस में लिखा था-
मेरे मम्मी पापा बहुत अच्छे इंसान हैं. पर मैं उनके लिए कुछ नहीं कर पाया. वे मुझे बहुत प्यार करते हैं. उनके लिए एक सरकारी नौकरी नहीं ले पाया. उन्होंने मेरे लिए बहुत कुछ किया है… लव यू मम्मी-पापा.
कर्मवीर न्यू आगरा के नगला तलफी गांव का रहने वाला था. 20 साल के कर्मवीर का बचपन से फौज में नौकरी करने का सपना था. परिजनों ने बताया कि वो इसके लिए पिछले 1 साल से भी ज्यादा समय से जी तोड़ तैयारी कर रहा था. लेकिन, अचानक सरकार की अग्निपथ योजना आ गई. सेना में परमानेंट जॉइनिंग खत्म होने के बाद से कर्मवीर डिप्रेशन में था.
परिवार अपने बेटे की हालत से पहले ही दुखी था कि अब उसकी आत्महत्या की सूचना ने सबको गहरे सदमे में डाल दिया है. हालांकि उन्हें अब भी कर्मवीर के जिंदा मिलने की उम्मीद है. वे उसके जीवित लौटने का इंतजार कर रहे हैं.
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