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रेहान वाड्रा की प्रदर्शनी से हटाई गई तस्वीरें, प्रियंका गांधी का पलटवार- 'ताकतवर डर गए हैं'

प्रियंका गांधी के बेटे रेहान वाड्रा की प्रदर्शनी से 75 तस्वीरें हटा दी गईं. रेहान ने आरोप लगाया है कि दिल्ली में हुए प्रदर्शन से जुड़ी तस्वीरों को हटाया गया है. उन्होंने इसे राजनीतिक वजहों से लिया फैसला बताया. कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी भी बेटे के सपोर्ट में उतर गईं.

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प्रियंका गांधी वाड्रा के बेटे रेहान वाड्रा की आर्ट एग्ज़िबिशन से फोटो हटा दी गई (Courtesy - ITGD/@priyankagandhi

कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा के बेटे रेहान वाड्रा की दिल्ली में लगी एक आर्ट एग्ज़िबिशन से 75 तस्वीरें हटा दी गई हैं. रेहान का आरोप है कि बीकानेर हाउस प्रशासन ने तस्वीरों के राजनीतिक संदर्भ का हवाला देते हुए उन्हें हटाने के लिए कहा. इस कार्रवाई पर प्रियंका गांधी ने भी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने इस फैसले की आलोचना करते हुए कहा कि उन्हें अपने बेटे की कला पर गर्व है. 

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रेहान वाड्रा की प्रदर्शनी का नाम ‘नो आइडिया इज फाइनल’ है. पिछले तीन सालों के दौरान उनकी फोटोग्राफी की प्रदर्शनी लगाई गई थी. इनमें स्ट्रीट फोटोग्राफी, युवा आंदोलनों और दिल्ली में हाल में हुए प्रदर्शनों की तस्वीरें भी शामिल हैं.

इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रदर्शनी में 100 से अधिक तस्वीरें और आर्टवर्क रखी गई थीं. इनमें से 75 तस्वीरों को लेकर बीकानेर हाउस प्रशासन ने आपत्ति जताई. ये तस्वीरें दो कमरों में लगी थीं, जिन्हें बाद में खाली करा दिया गया.

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रेहान वाड्रा की प्रदर्शनी का नाम ‘नो आइडिया इज फाइनल’ है. 
रेहान ने क्या कहा?

रेहान वाड्रा ने इंडिया टुडे से बातचीत में कहा कि, ‘कला को किसी भी तरह से सीमित करना गलत है.’ उनके मुताबिक, उन्होंने 15 अक्टूबर को प्रदर्शनी का लेआउट बीकानेर हाउस प्रशासन को भेज दिया था और प्रशासन ने इसकी रिसीविंग की पुष्टि भी की थी.

रेहान ने बताया कि, 20 अक्टूबर को, प्रदर्शनी शुरू होने से कुछ घंटे पहले, उन्हें बताया गया कि कुछ तस्वीरें परिसर की बुकिंग पॉलिसी का उल्लंघन कर सकती हैं.

उन्होंने कहा, 

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‘मैं इनमें से कोई भी तस्वीर हटाने के पक्ष में नहीं था. लेकिन अगर आपको वाकई कोई परेशानी है, तो मुझे लिखित में बताइए कि किन तस्वीरों से दिक्कत है और क्यों. फिर हम इस पर चर्चा कर सकते हैं. हो सकता है कि मैं कुछ तस्वीरों की जगह दूसरी तस्वीरें लगा दूं.’

रेहान बताते हैं कि, प्रशासन ने 21 अक्टूबर की दोपहर करीब 2 बजे तक कोई जवाब नहीं दिया. इसके बाद उन्हें बताया गया कि तस्वीरों को प्रदर्शनी से हटाना होगा. उन्होंने बताया कि बीकानेर हाउस के प्रिंसिपल रेजिडेंट कमिश्नर ने तस्वीरों के राजनीतिक संदर्भ का हवाला दिया. रेहान के मुताबिक, अधिकारी का कहना था कि भारत और दिल्ली में मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए इन तस्वीरों को राजनीतिक माना जा सकता है. इसलिए ये परिसर की तय नीतियों के मुताबिक नहीं हैं.

रेहान ने इस तर्क पर सवाल उठाया. उन्होंने कहा कि किसी आर्टवर्क के राजनीतिक संदर्भ हों, तो भी उसे प्रदर्शित करने से रोकने का आधार यह नहीं होना चाहिए.

तस्वीरें हटाने के लिए दिया गया समय

रेहान के मुताबिक, 21 अक्टूबर को दोपहर करीब साढ़े तीन बजे प्रशासन ने चेतावनी दी थी. प्रशासन ने कहा कि अगर शाम चार बजे तक तस्वीरें नहीं हटाई गईं, तो प्रदर्शनी रद्द की जा सकती है. इमारत को सील भी किया जा सकता है. उन्होंने बताया कि शुरुआत में उन्होंने और उनकी टीम ने तस्वीरों को पलट दिया, ताकि दर्शकों को वो दिखाई न दें. लेकिन अधिकारियों ने तस्वीरों को पूरी तरह हटाकर स्टोर में रखने को कहा.

उन्होंने कहा, ‘अगर आप अभिव्यक्ति की आजादी पर रोक लगाते हैं, तो आप खुद को सांस्कृतिक संस्था या कला के क्षेत्र में काम करने वाले भागीदार नहीं कह सकते.’

बीकानेर हाउस से पुराना संबंध

रेहान वाड्रा बताते हैं कि, बीकानेर हाउस में उनकी पहली प्रदर्शनी 2021 में लगी थी. इसके बाद भी वह लगभग हर साल यहां अपना काम प्रदर्शित करते रहे हैं. उन्होंने कहा कि वह इस जगह को ऐसा मंच मानते थे, जहां कलाकार अपने काम और विचारों को आज़ादी के साथ सामने रख सकते हैं.

इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, तस्वीरें हटाए जाने के बाद बीकानेर हाउस की सीसीए बिल्डिंग में प्रदर्शनी की जगह खाली-खाली दिख रही है. पहली मंजिल के दो कमरे लगभग खाली पड़े हैं. लाल दीवारों पर अब भी कीलें लगी हैं, जहां पहले तस्वीरें टंगी थीं. इन खाली दीवारों पर संविधान की प्रस्तावना की कॉपियां रखी गई हैं. इस मामले पर बीकानेर हाउस के अधिकारी ने कुछ भी कहने से इनकार किया है. उन्होंने कहा कि उन्हें इस बारे में बयान देने का अधिकार नहीं है. 

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 प्रियंका गांधी ने साधा सरकार पर निशाना

इस विवाद पर प्रियंका गांधी वाड्रा ने अपने बेटे का समर्थन किया है. उन्होंने कहा कि तस्वीरों में कुछ भी अपमानजनक नहीं था और वे केवल घटनाओं को दर्ज करती हैं. समाचार एजेंसी पीटीआई से बातचीत में प्रियंका गांधी ने कहा, 

‘अब लोकतंत्र नहीं रह गया है. आज उसके साथ ऐसा हुआ है, कल किसी दूसरे कलाकार के साथ होगा.’

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भी प्रियंका गांधी ने इस मामले पर प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने लिखा, 

‘जब किसी ताकतवर व्यक्ति को दूसरे की अभिव्यक्ति से डर लगने लगता है, तो उसे एहसास नहीं होता कि जिस ताकत को बचाने के लिए वह सब कुछ कर रहा है, असल में उसे खो चुका है.’ इस पोस्ट में कांग्रेस सांसद ने रेहान का हौसला बढ़ाते हुए कहा कि उन्हें बेटे पर गर्व है.

Priyanka Gandhi Tweet
प्रियंका गांधी वाड्रा  का पोस्ट.

खैर, इस पूरे मसले पर रेहान ने कहा है कि, वह दिल्ली में किसी दूसरी जगह की तलाश कर रहे हैं, जहां हटाई गई तस्वीरों को अगले महीने प्रदर्शित किया जा सके. 

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