उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में चबूतरे और पार्किंग से जुड़े विवाद में दिनदहाड़े तीन लोगों की हत्या हुई थी. अब सआदतगंज इलाके में हुए इस ट्रिपल मर्डर का दिल दहलाने देने वाला वीडियो सामने आया है. इस वीडियो में आरोपी बेखौफ तीन लोगों पर गोलियां बरसा रहा है. इस वारदात के बाद से इलाके में दहशत फैला हुई है.
लखनऊ ट्रिपल मर्डर का वीडियो आया, आरोपी ने पिस्टल में मैगजीन भरकर तीनों को गोलियां मारीं
वीडियो में साफ दिख रहा है कि आरोपी ऋषभ पर खून सवार था. उसने मृतकों को बार-बार गोलियां मारीं. जब पिस्टल खाली हो गई तो दूसरी मैगजीन फिल कर फिर गोलियां मारीं.

ट्रिपल मर्डर की ये घटना 26 अक्टूबर को हुई थी. मृतकों में RSS के पूर्व जिला सरकार्यवाह शिवाजी तिवारी, उनके छोटे भाई शिवेंद्र तिवारी उर्फ शंभू और कारोबारी बेटा सुयश शामिल हैं. शिवाजी और सुयश की मौके पर मौत हो गई थी. शिवेंद्र को ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया. अस्पताल में उन्होंने दम तोड़ दिया. हत्या का आरोप पड़ोसी ऋषभ शुक्ला पर लगा. जिसका वीडियो अब सामने आया है.
वीडियो में साफ दिख रहा है कि आरोपी ऋषभ पर खून सवार था. उसने मृतकों को बार-बार गोलियां मारीं. जब पिस्टल खाली हो गई तो दूसरी मैगजीन फिल कर फिर गोलियां मारीं.
वीडियो में दिख रहा है कि एक कार के पास आरोपी ऋषभ और पीड़ित परिवार का एक सदस्य जमीन पर लेटे हैं. शायद उनके बीच हाथापाई हुई थी. इतने में गोली चलने की आवाज आती है. ऋषभ ने पहले कार के पास वाले शख्स को गोली मारी. उसके बाद एक बुजुर्ग पर पीछे से फायर किया. पहली गोली लगते ही उनकी मौत हो गई. लेकिन ऋषभ ने उन्हें दो और गोलियां मारीं. इसके बाद वो तीसरे शख्स की तरफ गया. उसे परिवार की महिलाओं ने संभाल रखा था. वे बुरी तरह चीख रही थीं. ऋषभ उनके पास गया और तीसरे पुरुष सदस्य की भी गोली मारकर हत्या कर दी.
इसके बाद आरोपी वीडियो बना रहे शख्स के पास आता है. वो दावा करता है कि उसे भी पीटा गया था जिसके बाद उसने गोली चला दी.
एक दूसरे वीडियो में सआदतगंज थाने के सब इंस्पेक्टर आरोपी को पकड़े हुए नजर आ रहे हैं. पूरे घटनाक्रम के दौरान मौके पर दहला देने वाला शोर था. ये सब इतना भयावह है कि पूरा वीडियो यहां शेयर नहीं किया जा सकता.
आरोपी ऋषभ शुक्ला मर्चेंट नेवी में नेविगेशन अफसर था. उसे नौकरी से निकाल दिया गया था. इंडिया टुडे से जुड़े अंकित मिश्रा की रिपोर्ट के मुताबिक, घटना सआदतगंज थाना क्षेत्र के नौबस्ता के ब्राह्मण टोला की है. मामला घर के सामने बरगद के पेड़ के नीचे चबूतरा बनाने से जुड़ा है. इसी बात को लेकर पीड़ित परिवार का पड़ोसी ऋषभ शुक्ला से विवाद चल रहा था. डेढ़ महीने पहले मामला थाने पहुंचा था. जिसके बाद काम रुक गया.
बीते सोमवार, 26 अक्टूबर को सुयश ने चबूतरे के पास अपनी गाड़ी पार्क कर दी. सुयश के चाचा शिवेंद्र तिवारी बाहर निकले तो इस बात को लेकर उनका ऋषभ से विवाद हो गया. इतने में शिवाजी तिवारी भी घर के बाहर आ गए.
घटना वाले दिन प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई और तैश में आकर ऋषभ ने दोनों को गोली मार दी. सुयश गोलियों की आवाज सुन बाहर भागा. ऋषभ ने उसे भी घर के पास सीढ़ियों पर गोली मार दी. एक प्रत्यक्षदर्शी ने मीडिया से बताया था कि दोनों परिवारों में अक्सर बहस होती रहती थी. घटना वाले दिन कई राउंड फायरिंग की आवाज आई थी.
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