The Lallantop

लखनऊ अग्निकांड: सस्पेंड अधिकारी ने CM योगी को खुली चिट्ठी लिख पूरी पोल खोल दी

लखनऊ अग्निकांड के बाद निलंबित किए गए खाद्य सुरक्षा अधिकारी कमलेंद्र सिंह ने अपने सस्पेंशन पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को खुला पत्र लिखा है. उन्होंने कहा कि फायर सेफ्टी और बिल्डिंग क्लियरेंस की जिम्मेदारी उनकी नहीं, बल्कि मुख्य अग्निशमन अधिकारी (CFO) की थी.

Advertisement
post-main-image
लखनऊ अग्निकांड में निलंबित अफसर ने सीएम योगी से गुहार लगाई है. (फोटो- India today)

Quick AI HighlightsClick here to view more

  • लखनऊ अग्निकांड में फायर सेफ्टी नियमों का उल्लंघन पाते हुए खाद्य सुरक्षा और मानक अधिकारी कमलेंद्र सिंह को निलंबित कर दिया गया, जिन्होंने इसे लेकर मुख्यमंत्री को चिट्ठी लिखी।
  • इस हादसे के पीछे अवैध कमर्शियल उपयोग वाली तीसरी मंजिल की बिल्डिंग और फायर क्लियरेंस की जिम्मेदारी मुख्य फायर ऑफिसर पर होने के कारण सुरक्षा मानकों का उल्लंघन हुआ।
  • निलंबन के विरोध के बाद कमलेंद्र सिंह ने मुख्यमंत्री से पुनर्विचार की मांग की है, जबकि सीएफओ के खिलाफ सख्त कार्रवाई की भी बात कही जा रही है।

लखनऊ अग्निकांड में सस्पेंड किए गए खाद्य सुरक्षा और मानक अधिकारी (FSSO) कमलेंद्र सिंह ने अपने सस्पेंशन का विरोध किया है. उन्होंने सीएम योगी आदित्यनाथ को एक खुली चिट्ठी लिखी है. कहा है कि इस हादसे में उन जैसे छोटे अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है जबकि उनकी जिम्मेदारी सीमित है. कमलेंद्र सिंह ने कहा कि उनके पास किसी भी बिल्डिंग को फायर क्लियरेंस देने या बड़े लेवल पर सुरक्षा मानकों को लागू करने का अधिकार नहीं है. 

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement

कमलेंद्र सिंह ने ये भी बताया कि इस संबंध में मुख्य जिम्मेदारी लखनऊ सीएफओ की है जो पूरे शहर की फायर सेफ्टी सिस्टम और बिल्डिंगों को फायर क्लियरेंस देने के लिए जिम्मेदार होते हैं. कमलेंद्र ने अपनी चिट्ठी में कहा कि जिस बिल्डिंग में आग लगी है, वो सालों से अवैध तरीके से कमर्शियल यूज में लाई जा रही थी. उसे एक रेजिडेंशियल बिल्डिंग के रूप में मंजूरी मिली थी. ये बात सीएफओ को पता होनी चाहिए थी. 

कमलेंद्र ने कहा कि आग लगने के बाद उसे बुझाने के काम में देरी सीएफओ की लापरवाही दिखाती है. ऐसे में इस हादसे के बाद उन जैसे छोटे अधिकारियों पर ऐक्शन लेने की बजाय सारी जिम्मेदारी सीएफओ की तय की जानी चाहिए. साथ ही सीएफओ के खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की जानी चाहिए. कमलेंद्र ने ये चिट्ठी लिखते हुए सीएम योगी आदित्यनाथ से उनके सस्पेंशन पर फिर से विचार करने का आग्रह किया.

Advertisement

ये भी पढ़ेंः 'पापा, मुझे बचा लो...' लखनऊ अग्निकांड में फंसे युवाओं के आखिरी शब्द ने सबको रुलाया

letter
कमलेंद्र ने सीएम योगी को लिखी चिट्ठी.
क्या हुआ था?

लखनऊ की एक तीन फ्लोर वाली बिल्डिंग में 22 जून को आग लगने से छात्रों समेत 15 लोगों की मौत हो गई. 9 लोग इस हादसे में घायल हुए. आग लगने की सही वजह का पता नहीं चल पाया है. अधिकारियों को शक है कि तहखाने में लगे एयर कंडीशनिंग यूनिट में शॉर्ट सर्किट होने से आग लगी होगी. इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, हादसे के बाद 4 लोगों को गिरफ्तार किया गया और चार सरकारी अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया. 

गिरफ्तार किए गए लोगों में राम कृष्ण उपाध्याय, वीरेंद्र प्रसाद शुक्ला और तुषार कृष्ण जायसवाल बिल्डिंग के मालिक बताए जा रहे हैं. वहीं, एक चौथे आरोपी सुरेश कुमार साहू को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया है. 

Advertisement

योगी सरकार ने घटना के लिए जिम्मेदारी तय करते हुए प्रशासनिक कार्रवाई में 4 सरकारी अधिकारियों को निलंबित करने का आदेश दिया. इनमें कार्यकारी अभियंता (कलेक्शन) गौरव कुमार, एफएसएसओ कमलेंद्र कुमार सिंह, असिस्टेंट इंजीनियर अनिल कुमार और जूनियर इंजीनियर प्रमोद पांडे शामिल हैं.

वीडियो: भरत तिवारी के परिवार से मिले भोजपुरी सुपरस्टार खेसारी लाल, अपना नंबर भी दिया

Advertisement