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‘F-35 के पास फटकने नहीं देते, बेचने की बात करते हैं’, अमेरिकी जनरल के सामने एयर चीफ ने मौज ले ली

Tarang Shakti-2026 के दौरान भारतीय वायुसेना प्रमुख Air Chief Marshal AP Singh ने अमेरिकी F-35 फाइटर जेट पर मजाकिया अंदाज में टिप्पणी की. उन्होंने साफ किया कि अमेरिका की ओर से भारत को F-35 बेचने का कोई औपचारिक प्रस्ताव नहीं मिला है. वहीं, रूस के Su-57 पर भी अभी कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है.

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तरंग शक्ति की प्रेस कांफ्रेंस के दौरान एयर चीफ मार्शल एपी सिंह

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  • एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने 10 अक्टूबर को तरंग शक्ति युद्धाभ्यास के दौरान प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि अमेरिकी अधिकारी भारत को F-35 फाइटर जेट के पास भी नहीं आने देते, जो मजाकिया टिप्पणी थी।
  • भारत के पास फाइटर जेट्स की कमी के कारण F-35 और रूसी Su-57 खरीदने की संभावनाएं चर्चा में हैं, जबकि सरकार विदेशी और स्वदेशी दोनों हथियारों पर विचार कर रही है।
  • आगे भारत Su-57 की जांच करेगा और अपने आवश्यकतानुसार निर्णय लेगा; इसके साथ ही देश की रक्षा क्षमताओं में वृद्धि के लिए कई विकल्पों पर काम जारी रहेगा।

इंडियन एयरफोर्स के प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह (ACM AP Singh) 10 अक्टूबर को तरंग शक्ति युद्धाभ्यास (Exercise Tarang Shakti) में आए. इस दौरान उन्होंने एक प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित किया. प्रेस कांफ्रेंस के दौरान एयर चीफ ने F-35 पर एक बात कही जो इंटरनेट पर वायरल हो रही है. दरअसल एयर चीफ ने F-35 फाइटर जेट की सुरक्षा पर मजाकिया अंदाज में टिप्पणी की. उन्होंने कहा कि भले ही ऐसी खबरें हैं कि अमेरिका इसे भारत को बेचना चाहता है, लेकिन अमेरिकी अधिकारी हमें इस विमान के पास भी नहीं आने देते. 

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एयर चीफ जब ये बोल रहे थे तब उनके ठीक बगल में अमेरिकी एयरफोर्स के पैसिफिक कमांडर जनरल केविन श्नाइडर (General Kevin Schneider) बैठे थे. एयर चीफ का ये अंदाज देखकर जनरल केविन भी हंस पड़े.

क्या भारत F-35 खरीदेगा?

दरअसल ये वाकया तब हुआ, जब ACM एपी सिंह से F-35 को लेकर सवाल किया गया. एक पत्रकार ने उनसे पूछा कि क्या अमेरिका ने F-35 फाइटर जेट भारत को बेचने का कोई आधिकारिक प्रस्ताव दिया है? इस पर एयर चीफ ने मजाक में कहा,

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आपके लोग तो हमें विमान के पास भी नहीं जाने देते, और आप इसे हमें बेचने की बात कर रहे हैं.

चीफ के इतना कहते ही वहां मौजूद सभी लोग हंस पड़े. हालांकि बाद में IAF चीफ ने कहा कि उनकी यह टिप्पणी मजाक थी और इसे गंभीरता से नहीं लिया जाना चाहिए. क्योंकि ऐसी कई चीजें हैं जिन्हें भारत भी अमेरिका के साथ शेयर नहीं करता. जनरल श्नाइडर ने भी पूछा गया कि तरंग शक्ति जैसी एक्सरसाइज में लाने के बाद आप कब तक F-35 की क्षमताओं पर पर्दा डाल कर रखेंगे. इस पर उन्होंने कहा कि हमने आपको पूरा एयरक्राफ्ट दिखाया है. उन्होंने कहा,

हम आपके साथ ऐसी बहुत सी बातें शेयर करते हैं जो हम आमतौर पर शेयर नहीं करते. हमने आपको पूरा एयरक्राफ्ट दिखाया है.

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इस पर एयर चीफ ने फिर से मजाकिया अंदाज में कहा,

हां आपने हमें पूरा एयरक्राफ्ट दिखाया, पर कॉकपिट नहीं.

(यह भी पढ़ें: भारत के लिए क्यों घाटे का सौदा है अमेरिका वाला F-35 Fighter Jet?)

क्या रूस का Su-57 लेगा भारत?

भारत के पास इस समय फाइटर जेट्स की कमी है. लिहाजा ये चर्चाएं चलती हैं कि भारत अमेरिकी F-35 या Su-57 में से कोई एक स्टेल्थ जेट खरीद सकता है. एयर चीफ ने Su-57 पर भी जानकारी दी. उन्होंने कहा, 

जहां तक Su-57 की बात है, हमें ऐसी खबरें मिली हैं कि एक ऑफर दिया गया है, लेकिन अभी तक इस बारे में कोई फैसला नहीं लिया गया है कि हमें इसकी जांच करनी चाहिए या नहीं. जब हमें फैसले के बारे में बताया जाएगा, तो हम देखेंगे कि यह हमारी जरूरतों को कितना पूरा करता है. इसकी क्षमताओं के बारे में सारी जानकारी ओपन-सोर्स डेटा में उपलब्ध है, इसलिए अभी तक हमें बस इतना ही पता है.

बता दें कि ताकत के लिहाज से भारत की सशस्त्र सेनाएं दुनिया में चौथे स्थान पर हैं. आने वाले समय में इस ताकत में और भी इजाफा होगा. ऐसे में पूरी दुनिया की डिफेंस कंपनियों के लिए भारत एक बहुत ही महत्वपूर्ण मार्केट है. भारत की सामरिक जरूरतों को पूरा करने के लिए सरकार न सिर्फ अपने देश में बने हथियार और सैन्य उपकरण खरीदती है, बल्कि जरूरत के हिसाब से दूसरे देशों से इंपोर्ट भी करती है. इसलिए पूरी दुनिया की नजर इस पर है कि क्या भारत इन दोनों में से कोई जेट लेगा, या अपने खुद के स्वदेशी AMCA पर फोकस करेगा.

वीडियो: इंडियन एयरफोर्स को हर साल 40 फाइटर जेट्स क्यों चाहिए?

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