The Lallantop

साइबर ठगों का पूरा पैसा मैनेज करते थे बैंक वाले, 1.75 करोड़ की ठगी का केस खुला

पुलिस के मुताबिक दो बैंक कर्मचारियों ने 1.75 करोड़ रुपये की साइबर धोखाधड़ी में आरोपियों की पूरी मदद की. दोनों को 8 अप्रैल को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें सात दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया.

Advertisement
post-main-image
इस मामले में आरोपियों की कुल संख्या बढ़कर 14 हो गई है. (सांकेतिक फोटो: आजतक)

हरियाणा पुलिस ने अहमदाबाद के दो बैंक कर्मचारियों को गिरफ्तार किया है. आरोप है कि उन्होंने 1.75 करोड़ रुपये की साइबर धोखाधड़ी में आरोपियों की मदद की. बैंक कर्मचारियों की पहचान कृष्ण प्रताप और बादल गुरनाम सिंह के तौर पर हुई है. पुलिस ने बताया कि दोनों को 8 अप्रैल को कोर्ट में पेश किया गया और सात दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया.

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement
ठगी का पूरा जाल कैसे बनाया?

इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, मामला जुलाई 2024 का है. हरियाणा के पंचकूला के रहने वाले एक शख्स ने साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई थी. शिकायत में बताया कि 5 जुलाई को उन्हें फेसबुक पर एक विज्ञापन दिखा, जिसमें स्टॉक मार्केट में इन्वेस्ट करने से ज्यादा रिटर्न का वादा किया गया था. उन्होंने व्हाट्सएप पर संपर्क किया और उन्हें अच्छे मुनाफे का भरोसा देकर बड़ी रकम इन्वेस्ट करने का लालच दिया गया.

समय के साथ, जालसाजों ने उनका भरोसा जीत लिया और कई लेन-देन के जरिए उनसे 1.75 करोड़ रुपये ठग लिए. शिकायत के बाद, BNS की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया. जांच में पता चला कि दो बैंक कर्मचारियों ने इस नेटवर्क में अहम भूमिका निभाई थी. उन्होंने साइबर अपराधियों को बैंक अकाउंट खोलने, डॉक्यूमेंट्स इकट्ठा करने और धोखाधड़ी के पैसे को अलग-अलग अकाउंट्स के जरिए भेजने में मदद की.

Advertisement

पुलिस ने कहा कि इन गिरफ्तारियों के साथ, इस मामले में आरोपियों की कुल संख्या बढ़कर 14 हो गई है. इनमें 12 लोग ऐसे लोग शामिल हैं जिन्हें दिसंबर 2024 और अप्रैल 2026 के बीच गिरफ्तार किया गया था.

ये भी पढ़ें: नोएडा में साइबर ठगों का बड़ा कांड, पूरे परिवार को डिजिटल अरेस्ट कर लूटे 1.10 करोड़ रुपये

DCP (क्राइम और ट्रैफिक) अमरिंदर सिंह ने लोगों से फेसबुक, इंस्टाग्राम, टेलीग्राम और व्हाट्सएप जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर चल रही फ्रॉड इन्वेस्टमेंट स्कीम से सावधान रहने की अपील की. उन्होंने लोगों को सलाह दी कि वे बैंकिंग डिटेल्स, OTP या पर्सनल जानकारी अनजान सोर्स के साथ शेयर न करें और किसी भी साइबर फ्रॉड की तुरंत रिपोर्ट करें.

Advertisement

वीडियो: पॉर्न से डराने वाले साइबर ठगों को कानपुर पुलिस ने कैसे पकड़ा?

Advertisement