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मेलोनी ने सिगरेट छोड़ दी, मैक्रों की घड़ी हुई गुम, G7 समिट में माइक्रोफोन ने किया ये सब रिकॉर्ड

G-7 summit: जी-7 समिट पर दुनिया भर की नजर है. इस दौरान दुनिया के शीर्ष नेताओं के कुछ मजेदार बातचीत जरूर माइक्रोफोन में रिकॉर्ड हो गया. इटली की पीएम मेलोनी ने सिगरेट छोड़ने की बात कबूल की है.

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पीएम मोदी-मेलोनी से लेकर मैक्रों-ट्रंप तक की बातचीत का ऑडियो रिकॉर्ड हो गया (PHOTO-X)

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  • एफिवियन-ले-बैंस शहर में चल रहे G7 समिट में दुनिया के सात सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के नेता युद्ध, व्यापार, महंगाई और ऊर्जा संकट जैसे मुद्दों पर चर्चा कर रहे हैं।
  • G7 समिट में नेताओं की बातचीत कई माइक्रोफोन द्वारा रिकॉर्ड हुई, जिसमें इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने बताया कि उन्होंने 1 मई से सिगरेट छोड़ दी है, जिससे माहौल में बदलाव आया।
  • कैमरे बंद रहने के बावजूद रिकॉर्ड हुई बातचीत में अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप का शब्द 'ग्रीनलैंड' चर्चा का विषय बना, जो उनके ग्रीनलैंड खरीदने की रुचि से जुड़ा हो सकता है।

एक सीन इमैजि‍न करिए; दुनिया के सबसे ताकतवर नेता एक कमरे में बैठे हैं. एक तरफ रूस-यूक्रेन युद्ध पर चर्चा हो रही है. दूसरी तरफ वैश्विक अर्थव्यवस्था के भविष्य पर फैसले लिए जा रहे हैं. लेकिन तभी किसी नेता की घड़ी गायब हो जाती है. एक प्रधानमंत्री बताती हैं कि उन्होंने सिगरेट छोड़ दी है और पूरा कमरा तालियां बजाने लगता है. अमेरिकी राष्ट्रपति अचानक सिर्फ एक शब्द बोलते हैं ‘ग्रीनलैंड’. और भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी फिर से सोशल मीडिया वाले मेलोडी मोमेंट को जिंदा कर देते हैं. G7 समिट के ऑफि‍श‍ियल स्टेटमेंट तो आपने बहुत देखे होंगे लेकिन कुछ ऐसी बातों हैं जो कैमरे पर नहीं होती. और G7 समिट में कैमरे बंद थे, लेकिन फिर भी दुनिया के टॉप लीडर्स की बातें माइक्रोफोन में रिकॉर्ड हो गईं.  

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जॉर्जिया मेलोनी ने सिगरेट छोड़ दी

फ्रांस के एवियन-ले-बैंस शहर में G7 समिट चल रही है. ज‍िसमें दुनिया की सात सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के लीडर्स पहुंचे हैं. एजेंडा गंभीर था. युद्ध, व्यापार, महंगाई, ऊर्जा संकट. लेकिन इसी बीच कुछ माइक्रोफोन ऐसे भी थे जो नेताओं की ऑफ-द-रिकॉर्ड बातचीत रिकॉर्ड कर रहे थे. यही बातचीत अब पूरी दुनिया में चर्चा का विषय बन गई है.

पहला किस्सा इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी का है. सुबह का वक्त था. तमाम लीडर्स मीट‍िंग के लिए अपनी सीटों पर पहुंच रहे थे. तभी जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज ने इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी से एक बेहद निजी सवाल पूछा कि क्या उन्होंने आज सुबह सिगरेट पी? 

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इस पर पीएम मेलोनी ने मुस्कुराकर जवाब दिया, नहीं... मैंने 1 मई से सिगरेट नहीं पी है.

बस इतना सुनना था कि पूरा माहौल बदल गया. कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी, ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर और यूरोपीय संघ के ऑफ‍िश‍ियल्स सबने तालियां बजानी शुरू कर दीं.  जैसे कोई बड़ा चुनाव जीत लिया हो. मेलोनी ने भी दोनों हाथ हवा में उठाकर जीत का जश्न मनाया. और तभी कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने मजाक किया,

निकोटीन पैच लगाया है क्या? 

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ट्रंप ने फुटबॉल का जिक्र किया

इसके बाद पूरा कमरा हंसी से गूंज उठा. दूसरा किस्सा ट्रंप और फुटबॉल से जुड़ा हुआ है. कहते हैं राजनीति और फुटबॉल दुनिया की दो सबसे बड़ी लैंग्वेज हैं और G7 में ये बात सच साबित हो गई. लेक जिनेवा के किनारे नेताओं का लंच चल रहा था. बातचीत पहुंच गई फुटबॉल तक.

इस बीच किसी ने जोर से कहा, अले ले ब्लू. यानी...चलो फ्रांस. किसी ने PSG की चैंपियंस लीग जीत की तारीफ की. ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर स्पेन और केप वर्डे के मैच की चर्चा करने लगे. फिर, अमेरि‍का के राष्ट्रप‍त‍ि डॉनल्ड ट्रंप ने पूरा विषय ही बदल दिया. फुटबॉल से सीधा UFC पर पहुंच गए. ट्रंप उत्साह के साथ UFC अध्यक्ष डाना व्हाइट की बातें करने लगे. यानी दुनिया की राजनीति कुछ देर के लिए स्पोर्ट्स जर्नल‍िज्म़ में बदल गई.

डॉनल्ड ट्रंप का Greenland Obsession

तीसरा किस्सा उस मोमेंट से जुड़ा हुआ है जिसने सबसे ज्यादा रहस्य पैदा किया. हुआ ये क‍ि ट्रंप यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा से बात कर रहे थे. अचानक माइक्रोफोन में उनकी आवाज सुनाई देती है. यू अंडरस्टैंड? इसके बाद कुछ सेकंड की चुप्पी छा जाती है. फिर ट्रंप कहते हैं - ग्रीनलैंड.

बस, एक शब्द. और फिर बाकी बातचीत सुनाई नहीं देती. लेकिन यही एक शब्द दुनिया भर में सुर्खियां बन गया. क्योंकि ट्रंप कई सालों से ग्रीनलैंड खरीदने की इच्छा जताते रहे हैं. क्या वो फिर उसी मुद्दे की बात कर रहे थे? या सिर्फ मजाक? इसका जवाब अभी किसी के पास नहीं है.

फ्रेंच प्रेसिडेंट मैक्रों की घड़ी गायब

चौथा किस्सा फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों से जुड़ा है. लंच से पहले कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने देखा कि फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों अपनी घड़ी वहीं भूल गए हैं. इस पर कार्नी ने कहा कि मैक्रों अपनी घड़ी छोड़ गए हैं. इसके बाद तुरंत ट्रंप की आवाज आई. अगर छोड़ गए हैं तो मुझे दे दो. ये सुनते ही वहां मौजूद नेताओं के बीच ठहाके गूंज उठे.

ट्रंप को गिफ्ट मिला

पांचवां किस्सा अमेरिकी ट्रंप को मिले एक गिफ्ट से जुड़ा है. G7 में गिफ्ट एक्सचेंज भी चल रहा था. मैक्रों ने सभी नेताओं को एक-एक साइकिल दी. क्योंक‍ि फ्रांस अगले साल साइक्लिंग वर्ल्ड चैंपियनशिप को होस्ट करेगा. लेकिन लोगों का ध्यान ट्रंप पर था. क्योंकि ट्रंप सार्वजनिक तौर पर कई बार कह चुके हैं कि उन्हें गोल्फ के अलावा ज्यादा एक्सरसाइज पसंद नहीं. लोग सोच रहे थे क्या ट्रंप इस साइकिल को कभी चलाएंगे? हालांकि इस सवाल का जवाब कैमरों को नहीं मिला.

लेकिन जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज का गिफ्ट जरूर कैमरे में कैद हो गया. उन्होंने ट्रंप को जर्मनी की फुटबॉल टीम की जर्सी दी. पीछे लिखा था- TRUMP, और नंबर था- 47, यानी अमेरिका के 47वें राष्ट्रपति. फि‍र ट्रंप मुस्कुराए, जर्सी उठाई और कैमरों के सामने पोज भी दिया.

मोदी-मेलोनी का Melodi मोमेंट

भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी इंस्टाग्राम पर काफी वायरल हैं. जैसे ही दोनों नेता आमने-सामने आए, मेलोनी मुस्कुराते हुए बोलीं- आपसे फिर मिलकर अच्छा लगा.
बताया जाता है कि बातचीत में पीएम मोदी ने इंस्टाग्राम का जिक्र किया. शायद दोनों की वायरल तस्वीरों और वीडियो की ओर इशारा करते हुए. इस पर मेलोनी ने तुरंत जवाब दिया, 

हां... हम इंस्टाग्राम पर सबसे ज्यादा मशहूर हैं. 

इसके बाद आसपास मौजूद लोग हंस पड़े और सोशल मीडिया को एक नया मेलोडी मोमेंट मिल गया.

कुल म‍िलाकर G7 समिट के ऑफ‍िश‍ियल डॉक्यूमेंट्स में तो आपको युद्ध, व्यापार और कूटनीति की बातें मिलेंगी. लेकिन वहां लगे माइक्रोफोन ने जो रिकॉर्ड किया उससे इस सम‍िट का एक दूसरा चेहरा भी देखने को म‍िलता है. जहां, एक प्रधानमंत्री हैं जो सिगरेट छोड़ने पर खुश है. एक राष्ट्रपति  घड़ी पर मजाक कर रहे हैं. एक प्रधानमंत्री जो फुटबॉल पर बहस कर रहे हैं. एक शब्द- ग्रीनलैंड जो पूरी दुनिया को सोचने पर मजबूर कर देता है. कुल म‍िलाकर इससे ये जाह‍िर होता है क‍ि दुनिया के सबसे ताकतवर लोग भी आखिरकार इंसान ही हैं.

क्या है G7?

यहां ये जानना भी जरूरी है कि आखिर ये G7 क्या है जिसमें दुनिया के सभी बड़े देशों के नेता एक छत के नीचे जुटे हैं. G7 दुनिया की सात बड़ी अर्थव्यवस्थाओं वाले देशों का समूह है. इसमें फ्रांस, अमेरिका, कनाडा, जर्मनी, इटली, जापान और ब्रिटेन शामिल हैं. इसके अलावा यूरोपीय संघ भी इस समूह की बैठकों में हिस्सा लेता है, हालांकि उसे आधिकारिक सदस्य नहीं माना जाता. फ्रांस के एवियन-ले-बैंस में हो रहे इस साल के G7 सम्मेलन में मुख्य सदस्य देशों के अलावा कई साझेदार देशों को भी बुलाया गया है. इनमें भारत, ब्राजील, केन्या, दक्षिण कोरिया, यूक्रेन समेत कई अन्य देश शामिल हैं.

वीडियो: G7 Summit 2026 में PM मोदी, मेलोनी और ट्रंप की बातचीत लीक? माइक ने क्या रिकॉर्ड किया?

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