आयुष मलिक से ‘मोहम्मद अली’ बनने के बाद यूपी के शामली के एक युवक ने दोबारा सनातन धर्म अपना लिया है. अब वो फिर से ‘आयुष’ बन गया है. इस मामले की जांच में कई अहम खुलासे हुए हैं. जब पुलिस को धर्म परिवर्तन की जानकारी मिली थी तब पुलिस ने उसके घर की तलाशी ली थी. वहां मिली एक डायरी में आयुष ने लिखा था 'I Am on a mission'. मामले में अब तक और क्या-क्या पता लगा है, जानते हैं.
मुस्लिम से फिर हिंदू बने आयुष का '2047' कनेक्शन क्या है?
तलाशी के दौरान आयुष के घर से पुलिस टीम ने एक बड़ा चाकू बरामद किया था. वहां एक डायरी भी मिली थी. जिसमें लिखा था... 'I Am on a mission'. यानी मैं एक मिशन पर हूं.


इंडिया टुडे से जुड़े अरविंद ओझा की रिपोर्ट के मुताबिक, तलाशी के दौरान आयुष के घर से पुलिस टीम ने एक बड़ा चाकू बरामद किया था. वहां एक डायरी भी मिली थी. जिसमें लिखा था... 'I Am on a mission'. यानी मैं एक मिशन पर हूं.

धर्मांतरण के बाद आयुष पूरी तरह बदल गया था. धर्म बदलने के बाद उसका निकाह भी हुआ था. इसी साल बकरीद पर उसने मस्जिद जाकर नमाज भी पढ़ी थी. लेकिन अब उसका मन बदल गया है. आयुष ने बताया कि उसका 'ब्रेनवॉश' कर दिया गया था. वो पाकिस्तान के एक मौलवी की बात सुनकर प्रभावित हुआ था. लेकिन बाद में परिवार का प्रेम देखकर उसने दोबारा हिंदू धर्म अपना लिया है.
आयुष के पिता देवराज मलिक अपने बेटे के धर्मांतरण के बाद से काफी परेशान थे. उन्होंने कई बार अपने बेटे के फैसले का विरोध किया था. उसके धर्मांतरण के खिलाफ FIR भी दर्ज कराई थी. इसके आधार पर पुलिस ने दो गिरफ्तारियां की थीं. एक उस लड़की की जिसके कथित प्रेम में आयुष ने ये कदम उठाया था. दूसरा उसके पिता.
इस केस में फिलहाल पुलिस एक मौलवी की तलाश में है. ऐसी रिपोर्ट्स हैं कि वो शामली से फरार हो गया है. उसके अंडमान या चेन्नई में कहीं छिपे रहने की आशंका है.
परिवार की संपत्ति पर नजर?मलिक परिवार की 100 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति है. उनका एक मेडिसिन स्टोर भी है. इस पूरी संपत्ति का इकलौता वारिस आयुष मलिक है. ऐसा दावा है कि जिस मौलवी ने आयुष का धर्मांतरण करवाया वो इस संपत्ति को हड़पने की साजिश कर रहा था.
धर्मांतरण के बाद आयुष को समझाने की कई कोशिशें की गईं. पुलिस ने भी इसकी पहल की. लेकिन पहले आयुष यही कह रहा था कि उस पर किसी ने दबाव नहीं बनाया. लेकिन अब उसने अपना फैसला बदल लिया है. आयुष मलिक के लौटने से पिता काफी भावुक हैं.
PFI कनेक्शन?इस केस में एक और खुलासा हुआ है. आजतक की रिपोर्ट के मुताबिक, आयुष मलिक ने धर्मांतरण के बाद एक मेल आईडी बनाई थी. इसके पासवर्ड में '2047' भी शामिल था. अब इस पासवर्ड को भी जांच के एक अलग एंगल से देखा जा रहा है. दरअसल, ‘2047’ PFI का कोडवर्ड भी है. आजतक के मुताबिक NIA समेत देश के तमाम राज्यों की पुलिस ने PFI के दस्तावेज बरामद किए थे जिसमें ‘2047’ का जिक्र था. PFI ने 2047 नाम से एक किताब तक छपवाई थी. इस संगठन का कथित मिशन है साल 2047 में भारत को इस्लामिक राज्य बनाना.
फिलहाल PFI पर बैन है. गृह मंत्रालय ने सितंबर 2022 में PFI को 5 साल के लिए प्रतिबंधित करने का फैसला किया था.
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