The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • News
  • prayagraj 5 policemen including inspector suspended in Atiq-Ashraf murder case

अतीक-अशरफ हत्याकांड में इंस्पेक्टर सहित 5 पुलिस वाले सस्पेंड

अतीक-अशरफ हत्याकांड में बड़ा एक्शन

Advertisement
pic
19 अप्रैल 2023 (अपडेटेड: 19 अप्रैल 2023, 01:46 PM IST)
prayagraj 5 policemen including inspector suspended in Atiq-Ashraf murder case
अतीक अहमद हत्या मामले में बड़ा एक्शन लिया गया है | फोटो: आजतक
Quick AI Highlights
Click here to view more

अतीक और अशरफ अहमद मर्डर केस में प्रयागराज के 5 पुलिसवालों को संस्पेंड किया गया है ( Atiq and Ashraf ahmed murder case 5 policemen suspended). आजतक से जुड़े अरविंद ओझा के मुताबिक इनमें एक थाना इंचार्ज भी शामिल हैं. ये सभी प्रयागराज के शाहगंज थाने में तैनात थे. इसी थाने के अंतर्गत कॉल्विन अस्पताल आता है, जहां अतीक और अशरफ अहमद की हत्या हुई थी. शाहगंज पुलिस स्टेशन हत्याकांड वाली जगह से तकरीबन 100-150 मीटर की दूरी पर ही स्थित है.

इससे पहले बुधवार, 19 अप्रैल को अतीक और अशरफ अहमद की हत्या के तीनों आरोपियों की पुलिस रिमांड की मांग स्वीकार कर ली गई. पुलिस बुधवार सुबह तीनों शूटरों सनी सिंह उर्फ मोहित, लवलेश तिवारी और अरुण मौर्य को लेकर प्रतापगढ़ जेल से प्रयागराज कोर्ट पहुंची. जहां से आरोपियों को चार दिन की रिमांड पर भेज दिया गया.

100 से ज्यादा सवालों की लिस्ट

आजतक से जुड़े संतोष शर्मा की रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस सूत्रों का कहना है कि तीनों आरोपियों से पूछताछ के लिए 100 से अधिक सवालों की लिस्ट तैयार की गई है. अतीक और अशरफ को मारने के लिए आरोपियों ने अत्याधुनिक और लाखों रुपये की जिगाना पिस्टल का इस्तेमाल किया था. आरोपियों के घरवालों ने सवाल उठाए थे कि जिनके पास पैसे नहीं थे, उन्हें ये महंगे हथियार किसने दिए? यही सवाल पुलिस भी पूछेगी.

तीनों के पास मोबाइल नहीं थे

एक अहम सवाल मोबाइल फोन से जुड़ा हुआ है. पुलिस को इन तीनों आरोपियों के पास से मोबाइल फोन नहीं मिला है. पुलिस यह जानना चाहेगी कि आखिर इन तीनों के मोबाइल फोन कहां हैं? ये तीनों मोबाइल लेकर वारदात करने क्यों नहीं गए थे? अगर इनके पास मोबाइल नहीं थे, तो ये तीनों आपस में संपर्क में कैसे आए थे? पुलिस के मुताबिक अगर इन आरोपियों के मोबाइल बरामद होते हैं, तो ये भी पता लगाया जा सकता है कि ये किसके संपर्क में थे. अगर इस हत्याकांड के पीछे का मास्टरमाइंड कोई और है, तो उस तक पहुंचने का जरिया मोबाइल फोन बन सकते हैं.

एक बड़ा सवाल ये भी है कि पुलिस अतीक अहमद और अशरफ को अस्पताल लेकर जा रही थी, इसकी जानकारी शूटर्स को कैसे मिली? आरोपियों ने हत्याकांड के बाद धार्मिक नारे भी लगाए थे. पुलिस जानना चाहेगी कि आखिर आरोपियों ने ऐसा क्यों किया था?

वीडियो: अतीक और अशरफ की आख़िरी मेडिकल रिपोर्ट लल्लनटॉप के हाथ लगी, सारी स्थिति क्लीयर हो गई!

Advertisement

Advertisement

()