Submit your post

Follow Us

श्रद्धा कपूर के बारे में 16 क्विक बातेंः कुछ वो भी जो आप नहीं जानते होंगे

क्या आप जानते हैं कि सबसे पहले सलमान खान ने उनको एक फिल्म ऑफर दिया था?

14.22 K
शेयर्स

1. उनका जन्म 3 मार्च 1989 का है. पिता शक्ति कपूर, मां शिवांगी कोल्हापुरे. भाई सिद्धांत कपूर जिन्होंने ‘शूटआउट एट लोखंडवाला’ से डेब्यू किया.

2. जमनाबाई नरसी स्कूल और अमेरिकन स्कूल ऑफ बॉम्बे से पढ़ीं.

3. 12वीं में 95 परसेंट नंबर आए थे. पेरेंट्स चाहते थे कि वे अध्यापन क्षेत्र में जाएं. लेकिन श्रद्धा को एक्टिंग करनी थी.

4. अपने पिता की फिल्में उन्हें बहुत पसंद हैं. जैसे – ‘अंदाज अपना अपना’ जिसमें शक्ति कपूर क्राइम मास्टर गोगो बने थे. इसमें उनका फेमस डायलॉग था – “क्राइम मास्टर गोगो नाम है मेरा, आंखें निकाल के गोटियां खेलता हूं.” श्रद्धा उनको ‘बापू’ कहकर बुलाती हैं.

5. उनकी नानी और मां क्लासिकल सिंगर हैं. लता मंगेशकर उनकी ग्रैंड मासी हैं. श्रद्धा ने सिंगिंग का कोई खास प्रशिक्षण नहीं लिया लेकिन ‘एक विलेन’ फिल्म में उन्होंने ‘गलियां’ गाना गाया था. पद्मिनी कोल्हापुरे उनकी सगी मौसी हैं. सबसे छोटी मौसी हैं तेजस्विनी कोल्हापुरे जिन्होंने अनुराग कश्यप की पहली और अप्रदर्शित फिल्म ‘पांच’ में काम किया था. फिर ‘अग्ली’ में.

अपनी दोनों मौसियों, मां शिवांगी, भाई सिद्धांत, लता मंगेशकर और दूसरे बुजुर्गों के साथ श्रद्धा.
अपनी दोनों मौसियों, मां शिवांगी, भाई सिद्धांत, लता मंगेशकर और दूसरे बुजुर्गों के साथ श्रद्धा.

6. बचपन में श्रद्धा को लगता था कि उनके पिता के पास सुपरपावर्स हैं. ऐसा इसलिए क्योंकि शक्ति कपूर अकसर अपने किरदारों के या फिल्मी गेटअप में घर लौटते थे.

7. उनकी पहली फिल्म थी अमिताभ बच्चन स्टारर ‘तीन पत्ती’. दूसरी, ‘लव का दी एंड’. दोनों फ्लॉप रहीं. श्रद्धा को इनके फ्लॉप होने से भी बड़ा दुख तब हुआ जब उन्होंने उसके बाद एक फिल्म के लिए ऑडिशन दिया और फाइनल हो गई थीं लेकिन फिर एकाएक डायरेक्टर-प्रोड्यूसर ने कहा हम जानते हैं कि आपको हां कह चुके हैं लेकिन अब आपको इसमें नहीं रख पाएंगे. इस घटना ने उन्हें काफी निराश किया. वे घर आईं और रोने लगीं. उनकी मां ने संभाला. कहा कि यूं बेड में क्यों रोकर टाइम खराब कर रही हो. अपना काम करो. डांस क्लास जाओ, डिक्शन क्लास जाओ. फिर पेरेंट्स की हौसला अफज़ाई की वजह से फिर से काम में जुट गईं. उसके बाद उनकी अगली फिल्म थी ‘आशिकी-2’ और वो बहुत सफल रही.

'तीन पत्ती' (2010) और 'आशिकी-2' (2013) में श्रद्धा.
‘तीन पत्ती’ (2010) और ‘आशिकी-2’ (2013) में श्रद्धा.

8. ऐसा कहा जाता है कि जब वे 16 साल की थीं तो सलमान ने बोस्टन यूनिवर्सिटी में उनका एक प्ले (थियेटर स्टडीज़ कर रही थीं) देखा था और उनको एक फिल्म ऑफर की थी. लेकिन पूरा सच ये है कि श्रद्धा बोस्टन में पढ़ाई कर रही थीं और मुंबई लौट आई थीं. तब सलमान खान स्टारर फिल्म ‘लकीः नो टाइम फॉर लव’ के लिए फीमेल लीड की तलाश हो रही थी. इसी दौरान डायरेक्टर राधिका राव और विनय सप्रू श्रद्धा से मिले और उनको ये रोल ऑफर किया. तब वे बमुश्किल 15 साल की थीं. उन्हें आगे की पढ़ाई पूरी करनी थी. इसलिए उन्होंने और उनके परिवार ने सलमान खान की फिल्म का ये ऑफर स्वीकार नहीं किया. बाद में ये रोल स्नेहा उल्लाल ने किया.

9. स्कूबा डाइविंग करती हैं. सर्टिफाइड डाइवर बताई जाती हैं.

बचपन और अब. दो अलग-अलग टाइम की फोटो में पिता शक्ति कपूर, मां शिवांगी और भाई सिद्धांत के साथ श्रद्धा.
बचपन और अब. दो अलग-अलग टाइम की फोटो में पिता शक्ति कपूर, मां शिवांगी और भाई सिद्धांत के साथ श्रद्धा.

10. कंपल्सिव राइटर हैं. 7-8 साल की थीं तब से लिख रही हैं. अमेरिका से लौटने के बाद चार साल तो हर दिन की सुबह से शाम तक की एक-एक बात लिखती थी. उनके पास आज भी अपने सारे जर्नल हैं.

11. बात करने में डिप्लोमैटिक हैं. खुद स्वीकार करती हैं.

12. चाहती हैं एक दिन उनका खेत हो जिसमें पशु पालें. बकरी, भेड़, गाय, खरगोश. खुद की सब्जियां उगाएं. लेकिन फुल टाइम फार्म में नहीं रह सकती. वीकेंड टाइप.

13. उन्हें कैचअप (टमाटर का, व अन्य) से घृणा है. उनका मानना है कि ईश्वर या इंसान की बनाई हुई सबसे निंदनीय चीज़ है कैचअप.

14. वो रशियन, अमेरिकन और ब्रिटिश जैसे कई एक्सेंट बोल सकती हैं.

15. उनकी प्रमुख फिल्में हैं – ‘आशिकी-2’, ‘हैदर’, ‘एक विलेन’, ‘एबीसीडी-2’, ‘बाग़ी’, ‘ओके जानू’.

16. उनकी आने वाली फिल्में –

श्रद्धा ‘साहो’ में भी काम कर रही हैं जो ‘बाहुबली-2’ के बाद प्रभास की अगली फिल्म है. ये हिंदी और तेलुगु दो भाषाओं में है.

इनके अलावा उनका लेटेस्ट प्रोजेक्ट है ‘छिछोरे’. ‘दंगल’ के बाद डायरेक्टर नितेश तिवारी की ये अगली फिल्म है. इसमें मेल लीड हैं सुशांत सिंह राजपूत. फिल्म की शूटिंग शुरू होनी है.

वे सायना नेहवाल की बायोपिक में भी काम कर रही हैं जिसकी शूटिंग सितंबर से शुरू होगी. इसे डायरेक्ट कर रहे हैं अमोल गुप्ते जिन्होंने ‘तारे जमीं पर’ (2007) लिखी थी और ‘स्टैनली का डब्बा’ (2011) और ‘हवा हवाई’ (2014) डायरेक्ट की हैं.

उनकी फिल्म 'बत्ती गुल मीटर चालू' और 'साहो' के पोस्टर. तीसरी झलक सायना नेहवाल के साथ जिनकी बायोपिक की तैयारी में ट्रेनिंग श्रद्धा ने उन्हीं से ली.
उनकी फिल्म ‘बत्ती गुल मीटर चालू’ और ‘साहो’ के पोस्टर. तीसरी झलक सायना नेहवाल के साथ जिनकी बायोपिक की तैयारी में ट्रेनिंग श्रद्धा ने उन्हीं से ली.
लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें
Shraddha Kapoor unknown facts about personal life, father Shakti Kapoor, family, upcoming films and more

पोस्टमॉर्टम हाउस

फिल्म रिव्यू: इंडियाज़ मोस्ट वॉन्टेड

फिल्म असलियत से कितनी मेल खाती है, ये तो हमें नहीं पता. लेकिन इतना ज़रूर पता चलता है कि जो कुछ भी घटा होगा, इसके काफी करीब रहा होगा.

गेम ऑफ़ थ्रोन्स S8E6- नौ साल लंबे सफर की मंज़िल कितना सेटिस्फाई करती है?

गेम ऑफ़ थ्रोन्स के चाहने वालों के लिए आगे ताउम्र की तन्हाई है!

पड़ताल: पीएम मोदी ने हर साल दो करोड़ युवाओं को रोजगार देने की बात कहां कही थी?

जानिए ये बात आखिर शुरू कहां से हुई.

मूवी रिव्यू: दे दे प्यार दे

ट्रेलर देखा, फिल्म देखी, एक ही बात है.

क्या वाकई सलमान खान कन्हैया कुमार की बायोपिक में काम करने जा रहे हैं?

बताया जा रहा है कि सलमान इसके लिए वजन कम करेंगे और बिहारी हिंदी बोलना सीखेंगे.

गेम ऑफ़ थ्रोन्स S8E5- कौन गिरा है कौन मरा है, किस मातम है कौन कहे

सबसे बड़ी लड़ाई और एक अंत की शुरुआत.

मूवी रिव्यू: स्टूडेंट ऑफ द ईयर 2

छोटे स्कूल वालों को मूर्ख बताने वाली फिल्म.

मेड इन हैवन: रईसों की शादियों के कौन से घिनौने सच दिखा रही है ये सीरीज़?

क्यों ये वेब सीरीज़ सबसे बेस्ट मानी जाने वाली सीरीज़ 'सेक्रेड गेम्स' से भी बेस्ट है.

गेम ऑफ़ थ्रोन्स सीज़न 8 एपिसोड 4 - रिव्यू

सब कुछ तो पिछले एपिसोड में हो चुका, अब बचा क्या?

मूवी रिव्यू: सेटर्स

नकल माफिया कितना हाईटेक हो सकता है, ये बताने वाली थ्रिलर फिल्म.