14 फ़रवरी को पुलवामा में हुए हमले में CRPF के जवान शहीद हो गए थे. इस हमले के बाद देश में बहुत कुछ हुआ. सर्जिकल स्ट्राइक हुई. पाकिस्तान ने भारतीय एयर स्पेस में अपने जहाज़ घुसाए. हिंदुस्तान ने उन्हें खदेड़ा. विंग कमांडर अभिनंदन पाकिस्तान आर्मी के द्वारा कैप्चर कर लिए गए. इसी दौरान ये सवाल भी खड़ा हुआ कि पाकिस्तान से इंडिया वर्ल्ड कप में मैच खेलेगा भी नहीं. देश में हर जगह सेना में काम करने वालों के लिए, शहीदों के लिए और उनके परिवारीजनों के लिए सम्मान की बातें हो रही थीं. अटैक में शहीद हुए जवानों के घर वालों के लिए लोगों ने डोनेशन दिए. उनकी हर संभव मदद करने के लिए लोगों ने कोई कसर नहीं छोड़ी. 8 मार्च को इंडिया और ऑस्ट्रेलिया के बीच होने वाले तीसरे वन-डे मैच में इंडिया ने भी शहीद हुए CRPF जवानों के सम्मान में एक शानदार काम किया. मैच में सभी भारतीय खिलाड़ी रेगुलर नीले रंग कि नहीं बल्कि केमोफ़्लाज वाली टोपियां पहन कर उतरे. ऐसी टोपियां सेना के जवान पहना करते हैं. कोहली ने मैच के पहले टॉस के वक़्त इसकी वजह बताई. उन्होंने कहा कि टीम देश के सैनिकों का सम्मान करती है और पुलवामा में हुए हमले में शहीद सैनिकों की याद और उनके सम्मान में उन्होंने ये कदम उठाया है. इसके साथ ही उन्होंने ये भी कहा कि टीम का हर सदस्य अपने इस मैच की रक़म जवानों की मदद के लिए बने ट्रस्ट को डोनेट कर रहा है.

मैच शुरू होने से पहले महेंद्र सिंह धोनी ने ये कैप सभी इंडियन प्लेयर्स को दी. ऐसा इसलिए हुआ क्यूंकि धोनी को सम्मानित करने के लिए टेरीटोरियल सेना में लेफ्टिनेंट कर्नल का मानद पद दिया गया था. उन्हें ये सम्मान साल 2011 में मिला था. अपनी इस हैसियत के कारण धोनी ने ये कैप सभी खिलाड़ियों को दी. इसके बाद सबसे अंत में धोनी को उनकी कैप टीम के कप्तान विराट कोहली ने दी.
