भारतीय रेसलिंग फेडरेशन (WFI) के लिए एक अच्छी खबर आई है. दुनियाभर में कुश्ती को संचालित करने वाली संस्था यूनाइटेड वर्ल्ड रेसलिंग (UWW) ने रेसलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (WFI) पर लगा बैन तत्काल प्रभाव से हटा लिया है. लेकिन कुछ शर्तों के साथ. भारतीय पहलवान अब इंटरनेशनल टूर्नामेंट में तिरंगे के साथ उतर सकेंगे. UWW ने बयान जारी कर इस बात की जानकारी दी है.
UWW ने इस निलंबन को लेकर 9 फरवरी को एक मीटिंग की थी. वर्ल्ड रेसलिंग ने पिछले साल अगस्त में WFI की सदस्यता को अनिश्चितकाल के लिए रद्द कर दिया था. WFI सदस्यता रद्द करने के पीछे अध्यक्ष पद के चुनाव ना होने को वजह बताया गया था. UWW ने WFI को 1 जुलाई 2024 तक फिर से फेडरेशन के लिए चुनाव कराने के निर्देश दिए गए हैं. साथ ही रेसलर्स के साथ किसी भी तरह का भेदभाव नहीं होने की लिखित गारंटी देनी होगी.
वर्ल्ड रेसलिंग ने कुश्ती संघ पर लगा प्रतिबंध हटाया, लेकिन क्या दो बड़ी शर्तें रख दीं?
कुश्ती को संचालित करने वाली संस्था UWW ने रेसलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (WFI) पर लगा बैन तत्काल प्रभाव से हटा लिया है. लेकिन इसके लिए दो बड़ी शर्तें हैं.


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यूनाइटेड वर्ल्ड रेसलिंग (UWW) ने बयान जारी कर कहा,
“UWW ब्यूरो ने 9 फरवरी को निलंबन की समीक्षा करने के लिए बैठक की. ब्यूरो ने सभी बातों और सूचनाओं पर विचार करते हुए कुछ शर्तों के साथ निलंबन हटाने का फैसला लिया. भारतीय कुश्ती संघ को अपने एथलीट कमीशन के चुनाव दोबारा कराने होंगे. इस कमीशन के लिए उम्मीदवार सक्रिय एथलीट होंगे या चार साल से अधिक समय से रिटायर नहीं होंगे. इसके वोटर भी एथलीट होने चाहिए. ये चुनाव 1 जुलाई, 2024 से पहले ट्रायल या किसी सीनियर नेशनल चैंपियनशिप के दौरान कराए जा सकते हैं.”
UWW ने बयान में आगे कहा,
“WFI को जल्द ही यूनाइटेड वर्ल्ड रेसलिंग को लिखित गारंटी देनी होगी कि सभी पहलवानों को बिना किसी भेदभाव के इवेंट्स में भाग लेने के लिए अनुमति होगी. विशेष रूप से ओलंपिक गेम्स और अन्य प्रमुख नेशनल और इंटरनेशनल इवेंट्स के लिए. इसमें वे तीन एथलीट्स भी शामिल हैं, जिन्होंने पूर्व अध्यक्ष के कामों का विरोध किया था. UWW लगातार रेसलर्स के संपर्क में रहेगा.”
बताते चलें कि UWW ने WFI से भले ही सस्पेंशन हटा दिया है, लेकिन भारतीय खेल मंत्रालय ने WFI को अब भी सस्पेंड कर रखा है. फिलहाल भारतीय ओलंपिक कमेटी (IOA) की एडहॉक बॉडी ही सारा कामकाज संभाल रही है.











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