देवांगना कलिता (Devangana Kalita), नताशा नरवाल (Natasha Narwal) और आसिफ इक़बाल तन्हा (Asif Iqbal Tanha). देवांगना और नताशा JNU की स्टू़डेंट हैं. जबकि आसिफ जामिया मिल्लिया इस्लामिया के छात्र हैं. ये तीनों दिल्ली दंगों (Delhi Riots) से जुड़े मामले में कई महीने से जेल में थे. इन पर अनलॉफुल ऐक्टिविटीज़ प्रिवेन्शन ऐक्ट (UAPA) के तहत भी आरोप हैं. 15 जून को दिल्ली हाईकोर्ट ने इन्हें जमानत दे दी. दो दिन बाद तिहाड़ से इन्हें रिहा कर दिया गया. दिल्ली हाईकोर्ट के फैसले के बाद से ही सवाल उठ रहे हैं कि क्या सरकारें UAPA जैसे कड़े कानून का इस्तेमाल सिर्फ विरोध को दबाने के लिए कर रही हैं? देखिए वीडियो.
क्या सरकारें UAPA जैसे कड़े कानून का इस्तेमाल सिर्फ विरोध को दबाने के लिए कर रही हैं?
देवांगना कलिता, नताशा नरवाल और आसिफ इक़बाल तन्हा को कोर्ट ने जमानत दी.
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