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अब हवाईजहाज वाली कंपनियां आपसे मनमाना भाड़ा लेंगी, सरकार ने रोक हटा दी है!

कोरोना महामारी के दौरान ये कैप लगाई गई थी ताकि एयरलाइंस कंपनियां मनमानी कीमत ना वसूल पातीं.

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नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और एयर इंडिया. (फोटो: पीटीआई)

केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्रालय (Civil Aviation ministry) ने 31 अगस्त से हवाई किराए पर लगी 'सीमा' हटाने का फैसला लिया है. यानी कि अब से हवाई यात्रा के किराए में कोई ऊपरी या निचली सीमा नहीं होगी. कोविड-19 महामारी के चलते दो से अधिक साल पहले साल 2020 में ये सीमा लगाई गई थी क्योंकि उस समय संक्रमण को रोने के लिए कम फ्लाइट्स चलाई जा रही थीं.

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मंत्रालय ने एक बयान जारी कर कहा, 

'हवाई यात्रा की बढ़ती मांगों को देखते हुए और शेड्यूल्ड घरेलू ऑपरेशंस की वर्तमान स्थिति की समीक्षा के बाद यह फैसला लिया गया है कि 21.05.2020 को जारी आदेश के तहत लगाई गई किराया सीमा 31 (अगस्त) तारीख से लागू नहीं होगी.'

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मंत्रालय ने आगे कहा, 

'हालांकि एयरलाइन्स/एयरपोर्ट ऑपरेटर्स को ये सुनिश्चित करना होगी कि कोविड-19 वायरस को रोकने के लिए कोरोना नियमों का सख्ती से पालन किया जाए और यात्रा के दौरान इसका ध्यान रखा जाए.'

केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि काफी सोच विचार के बाद ये फैसला लिया गया है. 

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उन्होंने ट्वीट कर कहा,

'मांग (हवाई यात्रा के लिए) और एयर टर्बाइन ईंधन की कीमतों का सावधानीपूर्वक विश्लेषण करने के बाद हवाई किराया कैप (सीमा) हटाने का निर्णय लिया गया है. अब हालात स्थिर होने लगे हैं और हमें यकीन है कि आने वाले समय में यह क्षेत्र घरेलू यातायात में काफी वृद्धि करेगा.'

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मालूम हो कि कोरोना लॉकडाउन के चलते दो महीने तक बंदे रहे घरेलू फ्लाइट्स ऑपरेशन को 25 मई 2020 से फिर से चालू किया गया था. हालांकि इसके साथ ही सरकार ने किराये पर एक सीमा निर्धारित करते हुए आदेश जारी किया था. इसका मकसद ये था कि मांग में बढ़ोतरी होने के चलते यात्रियों से ज्यादा किराया न वसूला जाए.

Air Fare बढ़ सकते हैं!

हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, सेंटर फॉर एशिया पैसिफिक एविएशन (सीएपीए इंडिया) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी कपिल कौल ने सरकार के इस निर्णय का स्वागत किया है. कौल ने कहा, 

'सीएपीए इंडिया किराया सीमा खत्म करने के फैसले का स्वागत करता है. ये बहुत पहले हो जाना चाहिए था. हम आशा करते हैं कि एयरलाइन्स एक उचित किराया वसूलेंगे और इसमें मनमाना वृद्धि का सहारा नहीं लेंगे.'

Yatra.com की फ्लाइट्स यूनिट के वाइस प्रेसिडेंट भरत मलिक ने कहा कि अब बाजार के आधार पर किराया तय किया जाएगा और उपभोक्ताओं को कई विकल्प मिलेंगे, जिसमें से वे अपनी सुविधानुसार उचित किराये वाली फ्लाइट चुन सकेंगे.

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