The Lallantop

RRB NTPC रिजल्ट के खिलाफ छात्रों को भड़काने के आरोप पर क्या बोले खान सर?

"RRB अगर पहले ही ये स्टेप ले लेता, तो ये आंदोलन ना होता."

Advertisement
post-main-image
छात्रों को आंदोलन के लिए भड़काने के आरोपों का खान सर ने किया खंडन. (साभार: ट्विटर)
बिहार में RRB NTPC रिजल्ट और ग्रुप डी में CBT-2 की परीक्षा के खिलाफ छात्र प्रदर्शन कर रहे हैं, जिसके चलते रेलवे ने RRB की NTPC CBT-1 और ग्रुप डी CBT-2 की परीक्षा रद्द कर दी है. वहीं सोमवार, 24 जनवरी को पटना के राजेन्द्रनगर टर्मिनल से शुरू हुआ आंदोलन अब बिहार और यूपी के कई जिलों में पहुंच गया है. छात्रों का प्रदर्शन अब उग्र हो चला है. कई जगहों पर पुलिस और छात्रों के बीच झड़प हुई है. ऐसे में आरोप लग रहे हैं कि कोचिंग सेंटर वाले छात्रों को प्रदर्शन करने के लिए उकसा रहे हैं. इनमें खान सर का भी नाम शामिल है. इसी बीच खान सर ने ANI से बात कर खुद पर लगे आरोपों का खंडन किया है. खान सर ने क्या कहा? मीडिया से हुई बातचीत में खान सर ने छात्रों के आंदोलन को भड़काने वाले आरोपों को नकारा है. इसके साथ ही उन्होंने इस प्रदर्शन को उग्र करने का जिम्मेदार RRB को बताया है. खान सर कहते हैं, RRB ने जो अब स्टेप लिया है, वो 18 तारीख को ले लेता तो शायद ये आंदोलन होता ही नहीं. उन्होंने ट्विटर पर 8 मिलियन ट्वीट करवाए लेकिन RRB ने इसपर ध्यान नहीं दिया. लड़कों ने जो आरा में किया वो गलत है, हिंसा बिल्कुल भी स्वीकार नहीं है. एक टीचर के नाते वो इसकी निंदा करते हैं.   RRB के फैसले के बारे में उन्होंने कहा,
"RRB ने एक स्टेप अच्छा लिया है, वो ये कि उन्होंने सारे छात्रों से 16 फरवरी तक उनके सुझाव मांगे हैं. और हर जोन से ये कहा है कि वो लोग अपनी रिपोर्ट 4 मार्च तक दें. इसके बाद क्या होगा ये तभी कह सकते हैं, अभी 5 लोगों की एक कमेटी बैठ गई है. रेलवे को ये काम पहले ही कर लेना चाहिए था. ऐसा विवाद नहीं होता. 2019 की वेकैंसी की नोटिफिकेशन को आप 15 दिन पहले बताएंगे तो लोगों में मिस अन्डरस्टैन्डिंग होगी ही.
आंदोलन को भड़काने के आरोप पर खान सर ने कहा
"ये गलत बात है, ये कुछ ऐसे स्वतंत्र यूट्यूबर घूमते हैं. ये कुछ भी बोलते हैं. हम लोग आंदोलन को रोक कर रखे हैं. आप हमारे यूट्यूब चैनल को देखिए. एक हफ्ते से उसे फ्रीज़ कर दिया गया है. जो वीडियो डाल रहे हैं अगर उसमें RRB लिख रहे हैं तो वो डिलीट कर दिया जा रहा है. जयपुर के लड़के बोल रहे थे कि 26 जनवरी को आंदोलन करेंगे, लेकिन हमने सबको मना किया की 26 जनवरी को आंदोलन नहीं करना." "अगर हम आंदोलन भड़का रहे हैं तो हम चुप हो जाते हैं, फिर तो आंदोलन भी चुप हो जाना चाहिए. छात्रों से बात करने राजेंद्र नगर के डीएम भी गए थे, उनका खुद का ये स्टेटमेंट है कि ये आंदोलन बिना किसी लीडर के चल रहा है."
आंदोलन के भड़कने के कारण के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा,
"आंदोलन के उग्र होने के पीछे RRB का दूसरा फैसला है. एनटीपीसी के तीन बजे 500 से 100 लड़के लड़के राजेंद्र नगर स्टेशन पर इंतजार कर रहे थे कि RRB उनके लिए कोई अच्छा नोटीफिकेशन जारी करेगा. लेकिन उस नोटीफिकेशन में कहा गया कि ग्रुप डी का फरवरी में मैंस का एग्ज़ैम लिया जाएगा. डेढ़ करोड़ लड़कों ने ग्रुप डी का एग्ज़ैम दिया है, इस खबर के मिलते ही वो डेढ़ करोड़ लड़के अचानक से बिना किसी प्लानिंग के स्टेशन पर आ गए. 2019 में फॉर्म भरा था, फरवरी में एग्ज़ैम है और आप 15 दिन पहले बता रहे हैं. हम खुद लड़कों को समझाने में लगे हैं."
दरअसल, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाला हर युवा खान सर के नाम से परिचित है. पटना के निवासी खान सर का एक यूट्यूब चैनल है, जिस पर वे जीएस के टॉपिक्स को आसान भाषा में समझाते हैं. यूट्यूब पर उनके करीब 144 लाख सबस्क्राइबर्स हैं.

Advertisement
Advertisement