The Lallantop

नेशनल हेराल्ड केस: ED सूत्रों ने बताया यंग इंडियन के दफ्तर को क्यों सील किया

कांग्रेस ने कहा कि नेशनल हेराल्ड ऑफिस को सील किया जाना सरकार की तानाशाही है.

Advertisement
post-main-image
हेराल्ड हाउस और यंग इंडियन प्राइवेट लिमिटेड के बाहर चिपका नोटिस (फोटो- ANI)

नेशनल हेराल्ड मामले की जांच के बीच प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने यंग इंडियन प्राइवेट लिमिटेड के ऑफिस को सील कर दिया है. ED ने यह कार्रवाई कंपनी के कई ठिकानों पर छापेमारी के एक दिन बाद की है. एजेंसी ने निर्देश दिया है कि उसकी अनुमति के बिना परिसर को ना खोला जाए. हेराल्ड हाउस नेशनल हेराल्ड अखबार का मुख्य दफ्तर है. एक दिन पहले ही ED ने हेराल्ड हाउस सहित देश भर में अखबार से जुड़े 12 ठिकानों पर छापेमारी की थी. 

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement
‘अस्थायी रूप से सील किया गया’

इंडिया टुडे से जुड़े मुनीष चंद्र पांडेय की रिपोर्ट के मुताबिक ED सूत्रों ने बताया, 

"यंग इंडियन ऑफिस को अस्थायी रूप से सील किया गया है क्योंकि उनकी (कांग्रेस) तरफ से सर्च के दौरान कोई मौजूद नहीं था. मल्लिकार्जुन खड़गे यहां आए, लेकिन सर्च के बिना ही वे परिसर छोड़कर चले गए. सर्च को लेकर उन्हें नोटिस दिया गया था. जब सर्च पूरा कराने के लिए उनकी तरफ से कोई आधिकारिक व्यक्ति मौजूदा होगा, तो सील हटा ली जाएगी."

Advertisement

हालांकि मल्लिकार्जुन खड़गे ने इस बात से इनकार किया है कि ED ने उनसे सर्च के लिए पूछा था, या उन्होंने किसी तरह से ED को सर्च के लिए मना किया. ED नेशनल हेराल्ड अखबार की स्वामित्व वाली कंपनी यंग इंडियन प्राइवेट लिमिटेड से जुड़े कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच कर रही है. ED इस मामले में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी से कई बार पूछताछ कर चुकी है. 

कांग्रेस मुख्यालय पहुंचे बड़े नेता

उधर, दिल्ली पुलिस ने 10 जनपथ स्थित सोनिया गांधी के घर के बाहर अतिरिक्त पुलिस बल को तैनात कर दिया. इसके अलावा कांग्रेस ऑफिस के बाहर भी सुरक्षा बढ़ाई गई है. मल्लिकार्जुन खड़गे, पी चिदंबरम, सलमान खुर्शीद, दिग्विजय सिंह और कई बड़े नेता कांग्रेस मुख्यालय पहुंचे हैं.

कांग्रेस ने कहा कि नेशनल हेराल्ड ऑफिस को सील किया जाना सरकार की तानाशाही है. जयराम रमेश ने ट्वीट किया, 

Advertisement

"कांग्रेस को सीज कर लिया गया है. दिल्ली पुलिस ने हमारे मुख्यालय और कांग्रेस अध्यक्ष और पूर्व अध्यक्ष के घरों को घेर लिया है. यह बदले की राजनीति का सबसे बुरा रूप है. हम हार नहीं मानेंगे! हम चुप नहीं होंगे. हम अन्याय के खिलाफ और मोदी सरकार की असफलताओं के खिलाफ अपनी आवाज उठाते रहेंगे." 

इससे पहले 2 अगस्त को ED की छापेमारी के बाद कांग्रेस नेताओं ने कहा था कि सरकार जांच एजेंसियों के जरिये उन्हें डराने की कोशिश कर रही है. कांग्रेस ने कहा था कि सरकार विपक्षी पार्टियों को बर्बाद करने के लिए ED को एक 'टूल' के तौर पर इस्तेमाल कर रही है. लोकसभा सांसद अधीर रंजन चौधरी ने आरोप लगाया था कि ED के 'दुरुपयोग' को लेकर उन्हें संसद में बोलने नहीं दिया गया था.

दी लल्लनटॉप शो: नेशनल हेराल्ड मामले में क्या राहुल और सोनिया गांधी को होगी जेल?

Advertisement