पूर्व क्रिकेटर और दिल्ली से एमपी गौतम गंभीर ने दिल्ली में कोरोना के हालातों को लेकर ट्विटर पर अरविंद केजरीवाल से इस्तीफा मांगा है. (फोटो-पीटीआई)
दिल्ली में कोरोना (Coronavirus In Delhi) के हालात खतरनाक स्तर पर पहुंच गए. राजधानी में पिछले 24 घंटे में 28 हजार 395 नए केस सामने आए है. वहीं पिछले 24 घंटे में संक्रमण से 277 लोगों की मौत हुई है. दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल राजधानी के अस्पतालों में ऑक्सीजन की कमी (Delhi Oxygen Shortage Crisis) की बात कर रहे हैं. वो लगातार केंद्र सरकार के इसे लेकर मदद की अपील कर रहे हैं. मंगलवार को सीएम केजरीवाल ने ट्वीट कर कहा था कि दिल्ली में अब बस कुछ घंटों तक की ही ऑक्सीजन बची है. केजरीवाल के इस ट्वीट के बाद देश की राजधानी में एक दहशत का माहौल पैदा हो गया. वहीं आज पूर्वी दिल्ली से सांसद गौतम गंभीर (Gautam Gambhir) ने सीएम केजरीवाल पर निशाना साधते हुए उनके इस्तीफे की मांग कर डाली. आपको बता दें कि गंभीर कोविड काल में अस्पतालों में बेड्स की कमी और दिल्ली सरकार के इंतजामों को लेकर पिछले कई दिनों से सीएम पर निशाना साध रहे है. बीजेपी सांसद ने 21 अप्रैल को इस फेहरिस्त में नया ट्वीट किया. जिसमे उन्होंने सीएम अरविंद केजरीवाल को टैग करते हुए लिखा,
'कोई विजन नहीं, कोई दिशा नहीं. दिल्ली मर रही है. यदि आपमें जरा भी शर्म है, तो इस्तीफा दें.'
इससे पहले 20 अप्रैल को गौतम गंभीर ने कुमार विश्वास के ट्वीट का जवाब देते हुए लिखा,
आज कल तो ज़माना ढिंढ़ोरा पीटने वालों का है जनाब, हमें सीखने में वक़्त लगेगा. बस आप जैसे लोगों की देश को ज़रूरत है, साथ #लड़ेंगे_जीतेंगे
दरअसल कुमार विश्वास ने अपने अपने ट्वीट के जरिए गौतम गंभीर द्वारा कोरोना मरीज के लिए दवाईयां भिजवाने के लिए धन्यवाद दिया था. अपने ट्वीट में भी गंभीर केजरीवाल पर ही तंज कस रहे थे. इसका अंदाजा उनके एक दिन पहले किए गए ट्वीट से लगाया जा सकता है. 19 अप्रैल को गौतम गंभीर ने केजरीवाल को विज्ञापन मंत्री कहते हुए कहा था वो हर बात में केंद्र को ही दोष देंगे. उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा,
मैं इस बात को दोहराना चाहता हूं कि यह समय यह सुनिश्चित करने का है कि सभी को इलाज मिले और हम जान न गंवाएं. यह भी हम सभी जानते हैं कि अंत तक हमारे "विज्ञापन मंत्री केजरीवाल" केंद्र को दोष देंगे!
हालांकि दिल्ली में लॉकडाउन लगाने को लेकर गंभीर ने केजरीवाल सरकार का समर्थन किया था, लेकिन बेड की कमी को लेकर उन्हें यहां भी नहीं बख्शा था. मंगलवार 20 अप्रैल को उन्होंने समाचार एजेंसी एएनआई से बातचीत में कहा था,
"मैं लॉकडाउन का समर्थन करता हूं और लगता है कि इससे निपटने का कोई अन्य तरीका नहीं था. आपने पिछले साल से अब तक कोई तैयारी नहीं की. आप सिर्फ आकर भाषण देते हैं. आज कहते हैं कि मेरे हाथ में कुछ नहीं है. आप 6 साल से मुख्यमंत्री हैं आपने क्या किया? आप तो दिल्ली में विश्व स्तरीय स्वास्थ्य सुविधाओं की बात करते थे? क्या दिल्ली में कोई अस्पताल है जहां बेड्स उपलब्ध हैं?"
हालांकि गौतम गंभीर के आरोपों को लेकर ट्विटर पर कुछ लोग उनसे भी तीखे सवाल पूछ रहे है. कुछ ट्विटर यूजर्स ने उनकी आईपीएल में कमेंट्री वाली फोटो शेयर कर पूछा है कि आप भी तो दिल्ली से सांसद है, आप अपनी क्या जिम्मेदारी निभा रहे हैं?