दिल्ली में एक फॉरेस्ट गार्ड को एंटी करप्शन ब्रांच ने 40 हजार घूस लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया है. एक तरफ दिल्ली वाले पॉल्युशन कम करने, एनवायरमेंट बचाने के लिए ऑड इवेन फॉर्मूले पर गाड़ी चला रहे हैं. वहीं ये गार्ड स्साब 2 पेड़ कटवाने के 2 लाख रूपए मांग रहे थे. जिससे मांगा था उस बंदे ने शिकायत कर दी और ACB ने प्लान बनाकर उनको धर लिया. दिनेश कुमार फॉरेस्ट कंसर्वेटर्स ऑफिस में गार्ड की पोस्ट पर हैं. उनके पास सुनील तोमर मोती बाग में दो पेड़ काटने की परमिशन लेने आए थे. सुनील तोमर लैंडस्केपिंग कंसल्टेंट हैं. मोती बाग में कार कंपनी को अपना नया शोरूम खोलना था. लेकिन साइट पर दो पेड़ लगे थे जिसकी वजह से रास्ता रुक रहा था. इन्हीं दो पेड़ को कटवाने की परमिशन लेने के लिये तोमर दिनेश के पास आए थे. दिनेश ने उनसे इसके लिए 2 लाख रुपए मांगे. बदले में ऑफिशियल परमिशन दिलाने का वादा किया. तोमर ने इस बात की शिकायत एंटी क्राइम ब्रांच से कर दी. फिर क्या ACB ने दिनेश को रंगे हाथों पकड़ने का धांसू प्लान बनाया. एक टीम बनाई और तोमर की तरफ से एक कस्टमर बनकर दिनेश से बात की. डील को दो लाख से एक लाख पर फाइनल भी किया. 40 हजार रूपए टोकन मनी देना था. उसे लेने के लिए दिनेश को वेस्ट दिल्ली में एक जगह बुलाया. इन सबसे अनजान दिनेश पैसे लेने पहुंच गया. जैसे ही उसने पैसे लिए, उसके साथ कांड हो गया. पकड़ गए गार्ड साहब.
स्टोरी दी लल्लनटॉप के साथ इंटर्नशिप कर रही आकांक्षा ने एडिट की है.
फॉरेस्ट गार्ड ने लगाई कुदरत की बोली, दो पेड़ के दो लाख
एंटी करप्शन ब्रांच के ऑफिसर्स ने कस्टमर बन के बात की, पैसे लेने के लिए बुलाया औऱ पकड़ लिया.
Advertisement

160937623
Add Lallantop as a Trusted Source

Advertisement
Advertisement
Advertisement












.webp?width=275)





