कोलकाता के न्यू मार्किट के चाइनीज रेस्टोरेंट से चाउमीन लेते आइएगा.
'कैसा लगेगा अगर आपका बेटा आतंकवादी हो जाए?'
बांग्लादेश हमले में मारे गए आतंकी के पापा कुछ कह रहे हैं. बहुत कुछ कहे हैं. काम की बातें हैं. सुन लेओ.
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फोटो - thelallantop
रोहन इम्तियाज, ढाका के होली अर्टीसन बेकरी में अटैक करने वाले आतंकियों में से एक. रोहन घर से अचानक गायब हो गया था. 30 दिसम्बर को. उसके पापा का नाम है इम्तियाज खान बाबुल. जब उनसे बेटे के बारे में बात की गई तो वो पुरानी यादों में खो गए. बताने लगे कि वो किसी काम से कोलकाता जा रहे थे. उस वक्त रोहन ने जो बात आखिरी बार उनसे कही वो ये थी -
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21 साल के रोहन इम्तियाज के पापा कहते हैं, "आज भी मेरे कान में उसकी ये बात गूंजती रहती है." रोहन के पापा इम्तियाज खान बाबुल ने ऐसी ढेर सारी बातें इंडियन एक्सप्रेस से बातचीत के वक्त बताईं. इम्तियाज ढाका के लालमटिया इलाके में रहते हैं. इम्तियाज का कहना है, "मेरी यादों में जो रोहन बचा है, वो तो ऐसा है कि वो कॉकरोच भी नहीं मार सकता था. मैं सोच भी नहीं सकता कि उसने ऐसा किया. करीब एक हफ्ते पहले मैंने ISIS की सोशल मीडिया पर पोस्ट की गई पांच लड़कों की तस्वीर में अपने बेटे को पहचाना था." बाबुल इस बात पर कई बार अपने भाग्य को कोसते हैं. दुखी होते हैं. कहते हैं ये बात मुझे हमेशा कचोटती है. बातचीत के दौरान बाबुल ने अपनी फोटो खिंचवाने से भी मना किया. बाबुल बांग्लादेश में आवामी लीग के बड़े नेता हैं और अपने एरिया के जाने-माने आदमी. बाबुल ने बताया
पापा ने बताया, घर से भागने से पहले ऐसा था रोहन पापा ने ये बातें रोहन के बारे में बताईं- रोहन को घूमना बहुत पसंद था. कई बार परिवार के साथ इंडिया घूम चुका था. हम दिल्ली, जयपुर, आगरा, शिमला, कुल्लू, मनाली, अगरतला सब जगह घूम आए थे. समझ नहीं आता इतना अच्छा लड़का ऐसा कैसे कर सकता है? कोलकाता का वॉटरपार्क उसे बहुत पसंद था. हम सारे टूरिस्ट स्पॉट जैसे कोलकाता के विक्टोरिया मेमोरियल साथ-साथ गए थे. रोहन को फुटबॉल खेलना बहुत पसंद था. वो मैनचेस्टर यूनाइटेड का फैन था. यूरो कप देखा करता था. बाबुल भी आवामी लीग के यूथ एंड स्पोर्ट अफेयर्स सेक्रेट्री हैं. ढाका में. और बांग्लादेश ओलंपिक एसोसिएशन के डिप्टी सेक्रेट्री भी. रोहन ने स्कोलेस्टिका स्कूल से पढ़ाई की थी. जिसके बाद वो MBA की पढ़ाई BARC यूनिवर्सिटी से कर रहा था. BARC यूनिवर्सिटी बांग्लादेश की जानी-मानी यूनिवर्सिटी है. रोहन को इंग्लिश फ़िल्में देखने का शौक था. वो हिंदी और बांग्ला फ़िल्में नहीं देखा करता था. कई बार बांग्ला के डॉयलाग घरवाले उसे समझाते थे.
बाबुल और उनका परिवार एक चार मंजिला इमारत की सबसे ऊपरी मंजिल में रहते हैं. जिसके सामने मस्जिद है. रोहन उनका अकेला लड़का था. उनकी दो और लड़कियां हैं. जिसमें से बड़ी वाली डॉक्टर है. बाबुल बताते हैं रोहन पढ़ाई में बहुत अच्छा था. उसने 2012 में हुए बांग्लादेश के O-लेवल परीक्षा में टॉप किया था. बाबुल की बीवी स्कोलेस्टिका स्कूल में पढ़ाती हैं. जब उन्हें पता चला कि उनका बेटा आतंकी था तब से वो बीमार पड़ गई हैं. बाबुल कहते हैं, बस वो इतना धार्मिक था कि किसी तरह पांच वक़्त की नमाज पढ़ लेता था. पर मैंने कभी नहीं सोचा था कि उसे यूं कट्टर इस्लाम की ओर खींच लिया जायेगा. मैं दुआ करूंगा किसी का भी बेटा ऐसा न हो. बाबुल ने तनुषा को याद करते हुए कहा कि मैं उस यूपी की लड़की के परिवार के साथ ही उन सारे परिवारों के लिए बहुत दुखी हूं जिन्होंने अपने लोगों को इस अटैक में खोया.
तब मैं कोलकाता में ही था, जब रोहन अचानक गायब हो गया. मेरी बेटियों ने ये बात मुझे फोन पर बताई तो मैं तुरंत एक जनवरी को वापस ढाका भागा. मैंने जहां-जहां हो सकता था रोहन को खोजा. पुलिस से लेकर नेताओं तक के सब कांटेक्ट यूज किए पर रोहन का कुछ पता नहीं चला.मैं अपने बेटे के लिए बहुत रोया हूं. पर वो वापस नहीं आया. आई तो बस तस्वीर जिसमें मुझे पहचानना था कि मरा हुआ आतंकी मेरा बेटा है या नहीं. और वो मेरा बेटा ही था.
पापा ने बताया, घर से भागने से पहले ऐसा था रोहन पापा ने ये बातें रोहन के बारे में बताईं- रोहन को घूमना बहुत पसंद था. कई बार परिवार के साथ इंडिया घूम चुका था. हम दिल्ली, जयपुर, आगरा, शिमला, कुल्लू, मनाली, अगरतला सब जगह घूम आए थे. समझ नहीं आता इतना अच्छा लड़का ऐसा कैसे कर सकता है? कोलकाता का वॉटरपार्क उसे बहुत पसंद था. हम सारे टूरिस्ट स्पॉट जैसे कोलकाता के विक्टोरिया मेमोरियल साथ-साथ गए थे. रोहन को फुटबॉल खेलना बहुत पसंद था. वो मैनचेस्टर यूनाइटेड का फैन था. यूरो कप देखा करता था. बाबुल भी आवामी लीग के यूथ एंड स्पोर्ट अफेयर्स सेक्रेट्री हैं. ढाका में. और बांग्लादेश ओलंपिक एसोसिएशन के डिप्टी सेक्रेट्री भी. रोहन ने स्कोलेस्टिका स्कूल से पढ़ाई की थी. जिसके बाद वो MBA की पढ़ाई BARC यूनिवर्सिटी से कर रहा था. BARC यूनिवर्सिटी बांग्लादेश की जानी-मानी यूनिवर्सिटी है. रोहन को इंग्लिश फ़िल्में देखने का शौक था. वो हिंदी और बांग्ला फ़िल्में नहीं देखा करता था. कई बार बांग्ला के डॉयलाग घरवाले उसे समझाते थे.
बाबुल और उनका परिवार एक चार मंजिला इमारत की सबसे ऊपरी मंजिल में रहते हैं. जिसके सामने मस्जिद है. रोहन उनका अकेला लड़का था. उनकी दो और लड़कियां हैं. जिसमें से बड़ी वाली डॉक्टर है. बाबुल बताते हैं रोहन पढ़ाई में बहुत अच्छा था. उसने 2012 में हुए बांग्लादेश के O-लेवल परीक्षा में टॉप किया था. बाबुल की बीवी स्कोलेस्टिका स्कूल में पढ़ाती हैं. जब उन्हें पता चला कि उनका बेटा आतंकी था तब से वो बीमार पड़ गई हैं. बाबुल कहते हैं, बस वो इतना धार्मिक था कि किसी तरह पांच वक़्त की नमाज पढ़ लेता था. पर मैंने कभी नहीं सोचा था कि उसे यूं कट्टर इस्लाम की ओर खींच लिया जायेगा. मैं दुआ करूंगा किसी का भी बेटा ऐसा न हो. बाबुल ने तनुषा को याद करते हुए कहा कि मैं उस यूपी की लड़की के परिवार के साथ ही उन सारे परिवारों के लिए बहुत दुखी हूं जिन्होंने अपने लोगों को इस अटैक में खोया.
अटैक के लिए धमकाने वाला आतंकी है इलेक्शन कमिश्नर का बेटा
तहमीद वो आतंकी है जिसने वीडियो बनाकर बांग्लादेश को धमकी दी कि अभी और अटैक करेगा. वो सिंगर है. मगर अब शांति का नहीं हिंसा का राग अलापता है. ये एक नए वीडियो में दिख रहा है जिसके बारे में कहा जा रहा है कि सीरिया में शूट किया गया है. इसमें उसके साथ कुछ बांग्ला में बात करने वाले लड़के भी हैं. तहमीद बांग्लादेश के इलेक्शन कमिश्नर रहे शफ़ीउर रहमान का लड़का है. ISIS के वीडियो में दिख रहे इस लड़के की पहचान सोर्सेज़ और उसके रिश्तेदारोंAdvertisement
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