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अमेरिका में एक और भारतीय की हत्या, PhD कर रहे छात्र को कार में मारी गोली

आदित्य अदलखा अमेरिका में 'मॉलिक्यूलर एंड डेवलपमेंटल बायोलॉजी' में पीएचडी के छात्र थे. बीती 9 नवंबर को सिनसिनाटी में पुलिस को एक कार में आदित्य घायल हालत में मिले थे. उन्हें गोली लगी थी.

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भारतीय छात्र आदित्य को 3 गोलियां मारी गईं. (फोटो- इंडिया टुडे/लिंक्डइन)

अमेरिका में एक और भारतीय शख्स की हत्या कर दी गई. घटना कुछ दिनों पहले की है जिसकी जानकारी अब सामने आई है. 26 साल के आदित्य अदलखा पीएचडी स्कॉलर थे. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक बीती 9 नवंबर को उन्हें गोली मार दी गई थी. पुलिस ने छात्र को अस्पताल में भर्ती कराया था. 18 नवंबर को आदित्य ने दम तोड़ दिया. पुलिस ने इस मामले में अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं की है.

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क्या है पूरा मामला?

इंडिया टुडे ने अमेरिकी मीडिया संस्थान ‘फॉक्स 9’ के हवाले से बताया कि आदित्य अदलखा अमेरिका में 'मॉलिक्यूलर एंड डेवलपमेंटल बायोलॉजी' में पीएचडी के छात्र थे. अमेरिका के सिनसिनाटी में पुलिस को 9 नवंबर को एक कार में आदित्य घायल हालत में मिले थे. कार एक दीवार से टकराकर क्रैश हो चुकी थी.

बताया गया कि कार को देखकर लगता था कि उसे कई बार टक्कर मारी गई है. कार की ड्राइवर सीट की तरफ गोलियों के 3 निशान भी मिले थे. पुलिस ने आदित्य को हॉस्पिटल में भर्ती कराया. कई दिनों तक अस्पताल में रहने के बाद 18 नवंबर को आदित्य की मौत हो गई.

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आदित्य पर हमले से उनके साथी और जानने वाले हैरान हैं. सिनसिनाटी कॉलेज ऑफ मेडिसिन के डीन एंड्रू फिलक ने स्थानीय मीडिया से बात करते हुए कहा, 

“आदित्य बहुत अच्छा लड़का था. सब उसे पसंद करते थे. वो काफी बुद्धिमान, हंसमुख और तेज लड़का था. उसके रिसर्च को बहुत ही परिवर्तनकारी और आधुनिक कहा जाता है.”

इंस्टिट्यूट के अनुसार आदित्य ने पिछले साल 2022 में दाखिला लिया था. उन्हें यूनिवर्सिटी रिसर्च कॉउन्सिल (URC) की तरफ से 'ग्रेजुएट स्टूडेंट स्टाइपेंड एंड रिसर्च कॉस्ट' प्रोग्राम का अवार्ड मिला था. आदित्य को ये अवार्ड बड़ी आंतों में सूजन पर किए गए एक रिसर्च के लिए मिला था. 

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आदित्य ने 2018 में दिल्ली यूनिवर्सिटी के रामजस कॉलेज से जियोलॉजी में ग्रेजुएशन किया था. फिर उन्होंने एम्स से फिजियोलॉजी में मास्टर्स किया. पीएचडी के लिए वो अमेरिका चले गए. 2025 तक आदित्य की डॉक्टरेट की पढ़ाई पूरी होने वाली थी. लेकिन किसी ने उनके और उनके परिवार के सपनों को गोली मार दी.

सिनसिनाटी पुलिस को अब तक हमले का कारण और आरोपी का पता नहीं चल पाया है. मामले में अभी तक कोई भी गिरफ्तारी नहीं हुई है.

अमेरिका में भारतीयों पर हमले की ये पहली घटना नहीं है. इसी महीने 1 नवंबर को एक भारतीय छात्र वरुण की हत्या की खबर सामने आई थी. जिम में एक्सरसाइज करने के दौरान एक अमेरिकी ने वरुण को चाकुओं से गोद दिया था. कई दिन इलाज चलने के बाद वरुण की मौत हो गई थी.

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