नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने पेपर लीक का मामला सामने आने के बाद NEET UG एग्जाम 2026 रद्द करने का फैसला किया है. एनटीए के इस फैसले से लगभग 23 लाख छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है. लेकिन केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इससे जुड़े सवाल पर जवाब देने से इनकार कर दिया. TOI की रिपोर्ट के मुताबिक, केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नीट पेपर लीक को लेकर सवाल पूछा गया लेकिन उन्होंने जवाब देने के बजाए चुप्पी साधे रखी और सवालों को नजरअंदाज करते हुए निकल गए. AIMIM नेता वारिस पठान ने इसको लेकर शिक्षा मंत्री पर निशाना भी साधा. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा,
NEET पेपर लीक के सवाल पर शिक्षा मंत्री ने मुंह फेर लिया, NTA का गोलमोल जवाब
NEET UG 2026 Paper leak: नीट यूजी एंट्रेस एग्जाम 2026 रद्द कर दिया गया है. पेपर लीक की शिकायतें सामने आने के बाद नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने ये फैसला किया है. नीट पेपर लीक को लेकर शिक्षा मंत्री ने कोई जवाब देने से इनकार कर दिया. वहीं NTA भी ढुलमुल जवाब देती नजर आ रही है.


जब जवाब देने की बारी आई तो मंत्री कैमरे से भागते नजर आ रहे हैं. लाखों छात्रों का भविष्य दांव पर है. लेकिन सरकार की कोई जवाबदेही नहीं है. केवल चुप्पी साधे रखना शर्मनाक है.
दूसरी तरफ NTA ने पेपर लीक को लेकर प्रेस ब्रीफिंग किया लेकिन इसमें पेपर लीक के बारे में कोई ठोस जानकारी नहीं मिली. इसके साथ ही दोबारा परीक्षा कराए जाने को लेकर भी NTA के जवाब में स्पष्टता नहीं थी. NTA के डायरेक्टर जनरल अभिषेक सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि दोबारा परीक्षा कराए जाने का शेड्यूल अगले 7 से 10 दिनों के भीतर जारी किया जाएगा. उन्होंने बताया कि एग्जाम से पहले छात्रों के बीच कुछ पीडीएफ सर्कुलेट हो रहे थे, इसमें से कुछ सवाल असली क्वेशचन पेपर से मेल खा रहे थे. 3 मई को आयोजित परीक्षा के चार कोड वर्जन थे. इनमें से कोई भी पेपर मार्केट में नहीं मिला और न ही इसके लीक की पुष्टि हुई है. उन्होंने आगे कहा,
जो पीडीएफ सर्कुलेट हुआ, उसमें कई सवाल थे. इनमें से कुछ एग्जाम के क्वेशचन पेपर से मिलते-जुलते थे. इसलिए मैं यह नहीं कहूंगा कि पूरा पेपर लीक हुआ है. लेकिन अगर एक भी क्वेश्चन हमारे क्वेश्चन पेपर से मेल खाता है तो ये 'जीरो टॉलरेंस' और 'जीरो एरर' के हमारे कमिटमेंट पर सवाल उठता है.
एनडीए डायरेक्टर से पेपर लीक में इंटरनल लोगों का हाथ होने को लेकर सवाल किया गया. इसके जवाब में उन्होंने कहा,
चाहे एजेंसी के अंदर का व्यक्ति हो या बाहर का. हम CBI से उनको गिरफ्तार करके कड़ी सजा देने का रिक्वेस्ट करते हैं, ताकि इस समस्या को जड़ से खत्म किया जा सके.
केंद्र सरकार ने पेपर लीक की जांच सीबीआई को सौंपी है. इस मामले में अब तक महाराष्ट्र के नासिक से एक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया है. वहीं बिहार पुलिस ने 3 लोगों को गिरफ्तार किया है.
क्या NEET UG पेपर लीक मामला?
3 मई को NEET (UG) 2026 की परीक्षा हुई थी. ये परीक्षा कराने वाली नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) को राजस्थान में NEET परीक्षा के दौरान कथित गड़बड़ी की शिकायत मिली. सूत्रों के मुताबिक, परीक्षा से पहले छात्रों के बीच एक कथित ‘गेस पेपर’ (Guess Paper) या ‘क्वेश्चन बैंक’ तेजी से वायरल हुआ. नीट परीक्षा में पूछे सवालों के उत्तर के ऑप्शन भी इस कथित ‘गेस पेपर’ के प्रश्नों के क्रमों में है.
नीट यूजी (NEET UG) के लिए केवल एक ही पेपर होता है. परीक्षा में कुल 180 सवाल हल करने होते हैं. यह पेपर 720 नंबरों का होता है. राजस्थान पुलिस के स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) की जांच में संकेत मिले कि परीक्षा के कुल 720 अंकों में से लगभग 600 अंकों के सवाल परीक्षा से दो दिन पहले ही राजस्थान के सीकर में छात्रों तक पहुंच गए थे.
वीडियो: Neet UG 2026 Exam Cancelled: वजह पेपर लीक या कुछ और, 22 लाख अभ्यर्थियों के लिए सरकार ने क्या ऐलान किया?



















