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'जोरम': 'बंदा' के बाद मनोज बाजपेयी की एक और धांसू फिल्म आ रही है

दुनियाभर के फिल्म फेस्टिवल्स में घूमने के बाद 'जोरम' सिनेमाघरों में रिलीज़ हो रही है. 'भोंसले' और 'अज्जी' जैसी मज़बूत फिल्में बना चुके देवाशीष मखीजा इसके डायरेक्टर हैं.

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'जोरम' 08 दिसम्बर 2023 को सिनेमाघरों में रिलीज़ हो रही है.

Manoj Bajpayee की नई फिल्म Joram का ट्रेलर आया है. ‘बंदा’ के बाद ये उनकी अगली फिल्म है. ज़ी5 पर रिलीज़ हुई ‘बंदा’ को काफी पसंद किया गया था. ‘जोरम’ में भी उनकी ऐसी ही तगड़ी परफॉरमेंस दिखने वाली है. ‘जोरम’ नई फिल्म नहीं. ये बस आम पब्लिक के लिए अब रिलीज़ हो रही है. उससे पहले दुनियाभर के पॉपुलर फिल्म फेस्टिवल्स में घूम चुकी है. अपने हिस्से स्टैंडिंग ओवेशन दर्ज करवा चुकी है. ‘जोरम’ सिर्फ मनोज बाजपेयी की फिल्म नहीं. इसे देवाशीष मखीजा ने बनाया है. डायरेक्टर-एक्टर की ये जोड़ी इससे पहले ‘भोंसले’ भी बना चुकी है. फिल्म में अपने काम के लिए मनोज बाजपेयी को नैशनल अवॉर्ड से भी सांनीत किया गया था. ‘भोंसले’ को आप सोनी लिव पर देख सकते हैं. 

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‘जोरम’ एक तीन महीने की बच्ची है. वो बच्ची जिसे एक पिता ने साड़ी में लपेट रखा है. उसे अपनी छाती से चिपकाए भटक रहा है. पुलिस की गोली से भाग रहा है. बच रहा है अनजान दुश्मन की तलवार से. आदिवासी समुदाय से आने वाला दसरू मुंबई शहर में अपनी पत्नी और छोटी बच्ची के साथ रहता है. जीवन किसी तरह मज़दूरी कर के चल रहा है. एक रोज़ काम से घर लौटता है. पाता है कि किसी ने पत्नी की हत्या कर दी है. इससे पहले दसरू कुछ समझ पाता अचानक ही उस पर हमला हो जाता है. दुनिया, मीडिया और ये इंटरनेट मान लेता है कि दसरू ने ही अपनी पत्नी को मारा है. उसे सच तक पहुंचना है. पुलिस से बचना है. उन लोगों तक पहुंचने हैं जिन्होंने उसकी दुनिया तबाह कर डाली. 

इतना सुनने या पढ़ने पर ये रिवेंज ड्रामा किस्म की कहानी नहीं. लेकिन ‘जोरम’ उससे कई गुना गहरी फिल्म है. देवशीष मखीजा की लिखी फिल्म एक मज़बूत पॉलिटिकल कमेंट्री है. उनकी फिल्मों की सबसे अच्छी बात है कि वो आपका चेहरा पकड़कर अपनी पॉलिटिक्स से नहीं रगड़ते. बल्कि आपके बाल खींचकर आसपास की दुनिया और अपने प्रिविलेज के प्रति अवगत करवाते हैं. ‘जोरम’ में दर्शक खुद को मोहम्मद ज़ीशान अय्यूब के कैरेक्टर के ज़रिए ढूंढ पाएंगे. उनका किरदार एक ईमानदार पुलिसवाले का है जो बस अपनी ड्यूटी कर रहा है. उसे दसरू को पकड़ना है. दसरू की खोज उसे गांव तक लेकर जाती है. ज़मीनी हकीकत के करीब लेकर जाती है. उसका नज़रिया पूरी तरह घूम जाता है. सही और गलत की सीखी-सिखाई धारणा से सवाल कर उससे लड़ने की कोशिश करने लगता है. फिल्म में उनके और मनोज बाजपेयी के अलावा तनिष्ठा चैटर्जी और स्मिता तांबे ने भी बढ़िया काम किया है. 

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‘जोरम’ 08 दिसम्बर 2023 को सिनेमाघरों में रिलीज़ हो रही है. आधुनिकता, जातीय भेदभाव पर चोट करती ये फिल्म देखी जानी चाहिए. 
 

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