राहुल गांधी नरेंद्र मोदी को जवानों के खून का दलाल बता गए
राहुल गांधी ने उत्तर प्रदेश से लौटने के बाद आज दिल्ली में किसानों को संबोधित करते हुये कहा:"जो हमारे जवान हैं, जिन्होंने अपना खून दिया है, जम्मू कश्मीर में जिन्होंने अपना खून दिया है, जिन्होंने हिंदुस्तान के लिए सर्जिकल स्ट्राइक किया है, उनके खून के पीछे आप छुपे हुए हो, उनकी आप दलाली कर रहे हो, ये बिल्कुल गलत है. हिंदुस्तान की सेना ने हिंदुस्तान का काम किया है, आप अपना काम कीजिए, आप हिंदुस्तान के किसान की मदद कीजिए, आप हिंदुस्तान की सेना को सातवें पे कमीशन में पैसा बढ़ा कर दीजिए,ये आपका काम है, ये आपकी जिम्मेदारी है."राहुल के मुताबिक बीजेपी ने सर्जिकल स्ट्राइक को भुनाने की कोशिश की है. जबकि सोनिया गांधी ने खुद अपने बयान में कहा थ कि ये भारत का कड़ा संदेश है. जो बताता है कि हम घुसपैठ और जवानों पर हो रहे हमलों को रोक सकते हैं.
ये बोलकर राहुल गांधी ने खुद के पैरों पर कुल्हाड़ी मार ली
राहुल गांधी का ये बयान सोनिया गांधी के नरेंद्र मोदी को मौत का सौदागर कहे जाने की याद दिलाती है. हालांकि कांग्रेस को सोनिया के इस बयान की वजह से बहुत राजनैतिक नुकसान उठाना पड़ा था. अब माना जा रहा है कि सर्जिकल स्ट्राइक पर दिया राहुल का ये बयान भी ऐसा ही कुछ असर दिखाएगा. भारत में लोगों के अंदर पाकिस्तान को लेकर हमेशा से खुन्नस बनी हुई है. आज भी जब सबसे ताकतवर PM के लिए भारत में कोई सर्वे होता है तो हमेशा इंदिरा गांधी का नाम ही टॉप पर आता है. क्योंकि 1971 की लड़ाई आज भी लोगों के लिए मिसाल बनी हुई है. इसलिए ऐसे वक्त में राहुल गांधी का ये बयान देने खुद के पैरों पर कुल्हाड़ी मारने वाला बताया जा रहा है. कांग्रेस की हालत पहले ही ठीक नहीं है. हरियाणा में ही कांग्रेस प्रेसिडेंट अशोक तंवर और भूपेंद्र सिंह हुड्डा समर्थक आपस में ही भिड़ गए थे. ऐसे में क्या ही आशा की जा सकती है.BJP सर्जिकल स्ट्राइक का फुल पॉलिटिकल एडवांटेज उठाने के मूड में
BJP सर्जिकल स्ट्राइक का अपने इलेक्शन कैंपेन में पॉलिटिकल एडवांटेज लेना चाहती है. इसके पर्याप्त आसार भी नजर आ रहे हैं. शायद यही वजह है कि BJP की ओर से इलेक्शन कैंपेन डिफेंस मिनिस्टर मनोहर परिकर कर रहे हैं. परिकर ने आगरा और लखनऊ में रैली की. उनका जबर्दस्त वेलकम तो हुआ ही साथ ही जय-जय के नारे भी लगे. यहां जो भाषण परिकर ने दिया उसमें बोले, सबूत मांगने वाले लोग दरअसल इस बात से घबरा गए हैं कि इसके बाद से PM की पॉपुलैरिटी बहुत बढ़ गई है. सेना हमेशा से कैपेबल थी. पर इससे पहले की सरकारें विलपॉवर नहीं रखती थीं. नरेंद्र मोदी सरकार ने ये करके दिखा दिया है. परिकर ने अपने बारे में भी कहा, मेरी छवि सरल व्यक्ति की भले ही हो पर मंत्री के तौर पर मैं देश के दुश्मनों से निपटने में बिल्कुल भी ढील नहीं बरतता. फिर से ऐसा मुंहतोड़ जवाब देना पड़ा तो हम हिचकेंगे नहीं. https://twitter.com/ANI_news/status/784023872152547328ये भी पढ़ें -













