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बंगाल विधानसभा चुनाव: भाजपा के दिलीप घोष वाली खड़गपुर सदर सीट पर कौन जीत रहा?

कांग्रेस ने इस सीट से पापिया चक्रवर्ती को मैदान में उतारा है. वहीं टीएमसी ने इस बार प्रदीप सरकार पर दांव खेला है. सीपीएम की ओर से इस बार मधुसूदन राय मैदान में हैं.

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खड़गपुर सदर विधानसभा

बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए वोटों की गिनती जारी है. बीजेपी के कद्दावर नेता दिलीप घोष खड़गपुर सदर सीट से अपनी किस्मत आजमा रहे हैं. ये सीट पश्चिमी मेदिनीपुर जिले के हिस्सा है. एक समय इसे कांग्रेस का गढ़ माना जाता था. लेकिन अब यहां भाजपा और टीएमसी में कड़ी टक्कर देखने को मिल रही है. खड़गपुर, दक्षिण पूर्व रेलवे जोन का एक प्रमुख डिवीजनल मुख्यालय है. यहां बड़ी संख्या में रेलवे के कर्मचारी भी रहते हैं. इस वजह से यहां बंगाली और नॉन-बंगाली, दोनों तरह की आबादी है. 

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कांग्रेस ने इस सीट से पापिया चक्रवर्ती को मैदान में उतारा है. वहीं टीएमसी ने इस बार प्रदीप सरकार पर दांव खेला है. सीपीएम की ओर से मधुसूदन राय मैदान में हैं. इस सीट से फिलहाल दिलीप घोष ने अपनी बढ़त बनाई हुई है. बंगाल में 1 बजे तक के रुझानों से स्पष्ट हो गया है कि प्रदेश में बीजेपी बहुमत का जादुई आंकड़ा छू लेगी. 

2021 चुनाव के नतीजे

2021 की विधानसभा चुनाव के नतीजों के देखें तो इस सीट पर भाजपा के हिरणमय चट्टोपाध्याय ने जीत हासिल की थी. उन्होंने टीएमसी के कैंडिडेट प्रदीप सरकार को 3771 वोटों के अंतर से हराया था. ऐसे में इस बार बीजेपी उम्मीदवार दिलीप घोष की साख दांव पर है. वोटों की गिनती शुरू हो चुकी है और नजर इस हाई-प्रोफाइल सीट पर टिकी हुई है. 

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दिलीप घोष की साख दांव पर

दिलीप घोष पश्चिम बंगाल से भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं. उन्होंने पश्चिम बंगाल में BJP के प्रदेश अध्यक्ष और मेदिनीपुर से सांसद के तौर पर काम किया है. पूरे राज्य में पार्टी के संगठन को विस्तार देने में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है. बंगाल में बीजेपी को बूथ से लेकर संगठन स्तर तक मजबूत करने वाले नेताओं में दिलीप घोष को भी शुमार किया जाता है. दिलीप घोष अपनी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के साथ लंबे जुड़ाव के लिए जाने जाने जाते हैं. 2014 के बाद से पश्चिम बंगाल की राजनीति में BJP के उभार में उनका बड़ा रोल रहा है. भाजपा के टॉप चेहरों की बात करें तो दिलीप घोष और शुभेंदु अधिकारी ही ऐसे दो नेता हैं जिन पर भाजपा की नैया पार कराने की जिम्मेदारी है. 

वीडियो: पश्चिम बंगाल में किन 15 बूथों पर री-वोटिंग होगी?

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