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अमित शाह को धमकी देने के बाद बोला अमृतपाल- 'खालिस्तान की मांग कभी खत्म नहीं होगी'

"कितनों को भी मार दो, खालिस्तान की मांग नहीं मरेगी"

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24 फ़रवरी 2023 (अपडेटेड: 24 फ़रवरी 2023, 03:21 PM IST)
amritpal singh khalistan amit shah news
हमारी मांग कभी खत्म नहीं होने वाली- बोला अमृतपाल | फोटो :ANI/आजतक
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'वारिस पंजाब दे' संगठन के प्रमुख और खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह ने एक और बड़ा बयान दिया है. ऐसा बयान जिससे उसके इरादों का अंदाजा लगता है. अमृतपाल ने कहा है कि खालिस्तान बनाने का मकसद अभी भी जिंदा है, और इसे कभी भी खत्म नहीं किया जा सकता. न्यूज़ एजेंसी ANI से बातचीत में अमृतपाल सिंह ने कहा,

'खालिस्तान के हमारे उद्देश्य को एक बुराई के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए. इसे बौद्धिक दृष्टिकोण से देखा जाना चाहिए, इस पर बैठकर बातचीत होनी चाहिए. दुनियाभर के स्कॉलर्स को बुलाइये और इस मुद्दे पर बहस कीजिए. डिस्कस कीजिए कि इसके भू-राजनीतिक लाभ क्या हो सकते हैं. ये सिखों के अस्तित्व का सवाल है. ये एक विचारधारा है और विचारधारा कभी मरती नहीं है. आप कितने भी लोगों को मार दो, आप पूरी कौम को खत्म कर दो, लेकिन ये मांग हमेशा जिंदा रहेगी. हम दिल्ली नहीं मांग रहे हैं, हम अलग खालिस्तान मांग रहे हैं, इसमें बुराई क्या है?'

इस बयान से कुछ घंटे पहले ही अमृतपाल सिंह ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को सीधे तौर पर धमकी दी थी. उसने कहा था,

'अमित शाह ने कहा था कि वह खालिस्तान आंदोलन को आगे बढ़ने नहीं देंगे. मैंने कहा था कि इंदिरा गांधी ने भी ऐसा ही किया था. अगर आप भी ऐसा ही करेंगे तो आपको उसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा.'

अमृतसर में जमकर हुआ बवाल

इससे पहले गुरुवार, 23 फरवरी को अमृतपाल सिंह के समर्थकों ने अमृतसर में जमकर हंगामा किया था. अमृतपाल और उसके समर्थकों ने यहां के अजनाला पुलिस स्टेशन पर धावा बोल दिया था. समर्थकों के हाथ में तलवार, बंदूक और लाठी-डंडे थे. इन हथियारबंद उपद्रवियों के सामने पुलिस भी नाकाम दिखी. देखते ही देखते अमृतपाल सिंह और उसके समर्थकों ने पुलिस स्टेशन को कब्जे में ले लिया. पुलिसवालों पर भी हमला बोल दिया. इस घटना में छह पुलिसकर्मी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया. दरअसल, अमृतपाल सिंह अपने करीबी लवप्रीत तूफान की रिहाई की मांग कर रहा था. लवप्रीत को पुलिस ने अपहरण और मारपीट के एक मामले में हिरासत में लिया था.

इसके बाद शाम साढ़े पांच बजे अमृतपाल सिंह और अजनाला पुलिस के बीच बैठक हुई. पुलिस अमृतपाल सिंह द्वारा दिए गए सबूतों के आधार पर लवप्रीत तूफान को रिहा करने के लिए सहमत हो गई. शाम 6 बजे पुलिस के आश्वासन के बाद प्रदर्शनकारी थाने से चले गए.

वीडियो: दी लल्लनटॉप शो: खालिस्तान के लिए मोदी-शाह को इंदिरा की याद दिलाने वाले अमृतपाल सिंह का पूरा चिट्ठा!

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